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ग्राउंड रिपोर्ट: चंडीगढ़ में इन मकानों में रहते हैं सरकारी कर्मचारी, दहशत में गुजर रहे दिन-रात

Sun, 15 Aug 2021 02:42 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Sun, 15 Aug 2021 02:42 PM IST
सार

सेक्टर-20 के रहने वाले रजिंदर कुमार का कहना है कि 
मरम्मत करने के लिए कर्मचारी कीचन तोड़कर गए थे। कहा था कि जल्द बना देंगे लेकिन हर रोज इंतजार करते हैं। जैसे-तैसे इधर-उधर खाना बना रहे हैं। इसे जल्द से जल्द ठीक किया जाए। ऐसे ही तमाम लोगों की इन सरकारी आवास को लेकर शिकायतें हैं, आइए जानते हैं उन्हीं की जुबानी।

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Poor condition of government houses in Chandigarh
चंडीगढ़ में कुछ ऐसा है सरकारी मकानों का हाल। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

चंडीगढ़ के सरकारी कर्मचारियों के परिवार दहशत में जी रहे हैं। ये परिवार जिन सरकारी मकानों में रह रहे हैं, उनकी हालत बदतर है। किसी की छत का प्लास्टर टूटकर गिर रहा है तो किसी मकान की खिड़की गायब है। इतना ही नहीं कई मकानों की दीवारों पर पेड़ तक उग आए हैं। कई मकानों में सीलन के कारण पेंट पपड़ी बनकर गिर रहा है। सही तरीके से मरम्मत न होने के कारण बहुत से मकान खाली भी पड़े हुए हैं। सीढ़ियां भी खराब हो गई हैं। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी कोई सुनवाई नहीं होती। ऐसा लगता है ये मकान कभी भी गिर सकते हैं। लोग दहशत में हैं।

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दीवारों में सीलन से आती है बदबू
घर की दीवारों में सीलन आ गई है। शिकायत के बावजूद कोई नहीं सुनता। वर्षों से परेशानी झेल रही हूं। इन घरों में टाइल्स भी नहीं लगी है। सीलन के कारण घर में बदबू भी आती है। - मीरा देवी, निवासी सेक्टर-38
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टपकती है बाथरूम की छत 

बाथरूम की छत टपकती है। कई बार शिकायत की लेकिन सुनवाई नहीं हुई। पाइप भी टूटी पड़ी है। इसे ठीक नहीं किया जाता। प्रशासन के अधिकारी ध्यान रखें तो हम सभी की समस्याएं हल हो सकती हैं। -धन सिंह, सेक्टर-38

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पुराने जमाने की वायरिंग बदली जाए
कमरे में बहुत पुरानी बिजली की वायरिंग है। इनमें करंट नहीं है। इसे बदलने के लिए कई बार कहा गया लेकिन कुछ भी नहीं हुआ। इसका केबल कई जगह से खुल गया है। -सरस्वती, सेक्टर-38

छत का प्लास्टर गिर गया है
बेडरूम की छत का प्लास्टर गिर गया है। इसका सरिया तक दिख रहा है। रेत न गिरे, इसलिए कागज लगाकर रखती हूं। टूटे छत के कारण रात में नींद नहीं आती। पता नहीं कब क्या हो जाए। -रजनी शर्मा, निवासी-38

दरवाजे पर दीवार में पड़ गई है दरार
घर के दरवाजे पर दीवार में दरार पड़ गई है। दरवाजा भी टूटा हुआ है। मेरे घर के लोगों ने संबंधित विभाग में कई बार शिकायत दी, लेकिन अब तक सुनवाई नहीं हुई। हर रोज यह देखकर मन में बहुत दुख होता है। -सुमन निवासी, सेक्टर 38

दीवार की पपड़ी उतर रही है
घर की दीवार की पपड़ी उतर रही है। घर में खिड़की तक नहीं है। बहुत मुश्किल में जिंदगी गुजर रही है। छह साल से मरम्मत नहीं हुई है। किसको बताएं जो ठीक कर दे। कोई नहीं सुनता। -नीना, निवासी-38

घरों की मरम्मत होनी चाहिए
सभी घरों की सही तरीके से मरम्मत होनी चाहिए। मेरे घर की दीवारों से पपड़ी गिर रही है। इसे ठीक करने वाला कोई नहीं है। आखिरी किससे शिकायत करें कुछ समझ नहीं आ रहा। -गंगादेवी, सेक्टर-38

सरकारी मकानों की मरम्मत के लिए एक कमेटी बनाई गई है। जहां भी जरूरत पड़ती है, कमेटी इसको देखती है। मकानों का रेनोवेशन का काम होना है। इसको समयबद्ध तरीके से कराया जाएगा। इससे कर्मचारियों की परेशानी समाप्त हो जाएगी। -सीबी ओझा, मुख्य अभियंता सह विशेष सचिव इंजीनियरिंग चंडीगढ़ प्रशासन

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