{"_id":"419a1df291c2c52d2d0779a418e70619","slug":"police-security-give-on-brave-sister-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस के सुरक्षा घेरे में रहेंगी 'बहादुर' बहनें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पुलिस के सुरक्षा घेरे में रहेंगी 'बहादुर' बहनें
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Thu, 11 Dec 2014 12:41 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चलती रोडवेज बस में छेड़छाड़ और मारपीट की घटना के बाद खतरे का अंदेशा जता रहीं दोनों बहनों को रोहतक के एसपी शशांक आनंद ने पुलिस सुरक्षा मुहैया करवा दी है। मंगलवार को दोनों बहनों ने रोहतक के एसपी से मिलकर सुरक्षा की गुहार लगाई थी। इस पर अमल करते हुए बुधवार को दोनों लड़कियों के आवास पर तीन महिला पुलिसकर्मियों को तैनात कर दिया है।
विज्ञापन
लड़कियों का कहना है कि वे बेकसूर हैं और पूरी उम्मीद है कि उन्हें इंसाफ जरूर मिलेगा। वहीं जिन लड़कों ने उनके साथ छेड़खानी की है उन्हें उनके किए की सजा जरूर मिलेगी।
विज्ञापन
रोहतक बस प्रकरण में शामिल बहनों आरती और पूजा ने बताया कि सामाजिक संगठनों व न्यायप्रिय ताकतों के सहयोग से ही वे इस मुश्किल घड़ी से निकल पाई हैं। उन्होंने बताया कि उनके सहयोग से उन्हें काफी बल मिला।
विज्ञापन
बुधवार को मानवाधिकार दिवस पर हिम्मत एवं जनवादी महिला समिति के संयुक्त तत्वावधान में जसबीर कॉलोनी स्थित कार्यालय में हुए सेमिनार में उन्होंने ये बातें कही। मुख्यवक्ता चिंतक व कवयित्री शुभा ने कहा कि आज लड़कियों के अधिकारों पर अंकुश लगाने के प्रयास हो रहे है। उन पर तरह-तरह से नियम कायदे लागू किए जा रहे है।
आज महिलाओं के अधिकार खतरे में है। औरतों के लिए नियम कायदे लागू करने के लिए सभी तैयार बैठें हैं। यहां तक कि लड़कियों के मोबाइल इस्तेमाल करने, जींस पहनने और पार्कों में घूमने आदि पर रोक लगाने का शोर हो रहा है। छेड़खानी का विरोध करने वाली लड़कियों को ही दबाने के प्रयास हो रहें हैं। ऐसे में महिलाओं द्वारा लंबे समय के संघर्षों से हासिल किए गए मानवाधिकार खतरे में हैं।
वहीं, छेड़खानी से परेशान होकर आत्महत्या करने वाली छात्रा के पिता सुभाष ने भी अपने विचार रखें। इस अवसर पर शिक्षाविद् डीआर चौधरी, महावीर नरवाल, डॉ. आरएस दहिया, संतोष मुद्गिल, प्राचार्य वेदप्रकाश श्योराण, पूर्व प्राचार्य महावीर शर्मा, डॉ. संतोष, प्रो. रणसिंह, निपुण सिकरी, धर्मपाल मलिक, आरडी सिवाच, सीएस राठी, स्वामी सुरेश खत्री, जयवंती सिवाच, निर्मला, राकेश, डॉ. सुमन, सुदेश, मधु, आरती, सुरेखा, ब्रह्मलता, मुकेश यादव, डॉ. मनजीत राठी, रामधारी खटकड़, रश्मि, अविनाश सैनी, डॉ. सुनील, करमिंद्र कौर, वीना मलिक, सविता, सोनिया मौजूद रहे।