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Paris Olympic: चंडीगढ़ से सबसे ज्यादा शूटर्स दिखाएंगे अपनी प्रतिभा, ओपनिंग सेरेमनी से शुरू होगा अभियान
Fri, 26 Jul 2024 01:44 PM IST
निवेदिता वर्मा
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Fri, 26 Jul 2024 01:44 PM IST
सार
पेरिस ओलंपिक में शहर से सबसे अधिक खिलाड़ी शूटिंग के खेल में हाथ अजमाने शूटिंग रेंज पर उतरेंगे। इसके अलावा शहर के खिलाड़ी हॉकी और गोल्फ में दम दिखाएंगे।
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अर्जुन बबूता
- फोटो : फाइल
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विस्तार
चंडीगढ़ के खिलाड़ी शुक्रवार से शुरू होने जा रहे पेरिस ओलंपिक 2024 में पदकों के लिए अपना अभियान शुरू करेंगे। ओलंपिक में शहर से इस बार सबसे अधिक शूटिंग के खेल के खिलाड़ियों की भागीदारी रहने वाली है। इनमें अधिकतर खिलाड़ी सेक्टर 10 स्थित डीएवी कॉलेज के छात्र है। इन सभी ने अपनी बेहतर परफॉर्मेस के जरिए पेरिस ओलंपिक का टिकट हासिल किया है।
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अर्जुन बबूता
डीएवी कॉलेज के पूर्व छात्र और मोहाली में रहने वाले और पंजाब से खेलने वाले अर्जुन बबूता शूटिंग के खेल में 10 मीटर एयर राइफल के बेहतरीन खिलाड़ी है। देश और विदेशों में होने वाली शूटिंग प्रतियोगिताओं में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए मेडल जीत रहे हैं। इन्होंने नेशनल शूटिंग कोच दीपाली देशपांडे के पास शूटिंग की कोचिंग ली है। वह अपनी कैटेगरी के बेहतरीन शूटर हैं। यह सब अर्जुन की वर्षों की मेहनत का नतीजा है जिसकी वजह से वह पेरिस ओलंपिक में का टिकट हासिल करने में कामयाब रहे हैं।
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सर्बजोत सिंह
डीएवी कॉलेज-10 में एमए लोक प्रशासन (द्वितीय वर्ष) में पढ़ाई करने वाले शूटर सरबजोत सिंह ने इससे पहले पेरिस ओलंपिक के लिए 10 मीटर एयर पिस्टल में भारत को ओलंपिक कोटा हासिल किया था। सर्बजोत ने पिछले वर्ष कोरिया में आयोजित एशियन शूटिंग चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतकर भारत के लिए ओलंपिक कोटा हासिल किया था। सरबजोत सिंह मूल रूप से अंबाला के धीन गांव के रहने वाले हैं। एशियाई खेलों 2022 में 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक हासिल कर चुके है। इसके साथ कई अंत्तराष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट में खेलते हुए भारत का नाम रौशन करते आ रहे हैं।
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अंजुम मोदगिल
ने सेक्रेड हार्ट सीनियर सेकेंडरी स्कूल में पढ़ाई के दौरान पढ़ाई की यहीं से एनसीसी में शूटिंग का अभ्यास शुरू कर दिया था।इसके बाद डीएवी कॉलेज, चंडीगढ़ से आर्ट्स में ग्रेजुएशन और स्पोर्ट्स साइकोलॉजी में मास्टर्स की डिग्री हासिल की। अंजुम की मां शुभ मोदगिल जब एनसीसी की ऑफिसर और शूटर थी ।चपन में उनके साथ जाते हुए अंजुम को भी इस खेल के प्रति लगाव हो गया। शूटिंग के मां ने निशाना लगाना सिखाया। दक्षिण एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीत चुकी है। वर्ष 2019 को अंजुम ने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल आईएसएसएफ रैंकिंग में दुनिया में नंबर 2 स्थान का प्राप्त कर वह महिलाओं की 50 मीटर 3पी में भारत की नंबर 1 शूटर के रूप में सामने आईं। वर्ष 2019 में अर्जुन पुरस्कार मिला।
सिफत कौर सामरा
मूल रूप से मूल रूप से पंजाब के फरीदकोट की रहने वाली सिफत कौर ने हांगझोऊ एशियाई खेलों 2023 में 50 मीटर थ्री पोजिशन राइफल व्यक्तिगत स्पर्धा (महिला) में गोल्ड मेडल जीत कर इतिहास रच दिया था। बता दें कि डॉक्टर बनने का सपना देखने वाली सिफत कौर ने स्कूल में पढ़ते समय शौकिया तौर पर राइफल शूटिंग शुरू की थी। सिफत कौर ने फरीदकोट के बाबा फरीद पब्लिक स्कूल में दसवीं कक्षा में पढ़ते हुए अपनी शिक्षिका के कहने पर स्कूल में शूटिंग सीखना शुरू किया और प्रतियोगिताओं में भाग लेने लगी। हालांकि बाद में ऐसा शौक जगा कि वह धीरे-धीरे जुनून में बदल गया। इसके बाद सिफत ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा।
मनु भाकर
डीएवी कॉलेज -10 में पढ़ने वाली मनु भाकर ने पेरिस ओलंपिक 2024 में अपना बेस्ट देते हुए नजर आएंगी।। भोपाल में आयोजित ओलंपिक चयन ट्रायल में बेहतर प्रदर्शन करते हुए मनु भाकर ने शूटिंग टीम इंडिया में अपनी जगह बनाई। मनु भाकर 25 मीटर पिस्टल में चयनित हुई हैं। देश की महिला सीनियर शूटिंग टीम की अहम शूटिंग खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल है। भारत की सीनियर महिला टीम में नंबर 1 पोजाीशन पर पिछले कुछ समय से लगातार अपना स्थान बनाते आ रही है। देश और विदेशों में मेडल जीतकर आने देश का नाम रौशन करती आ रही है। शीर्ष पोजीशन पर
संजय
सेक्टर 42 स्थित चंडीगढ़ हॉकी ट्रेंनी खिलाड़ी में पेरिस ओलंपिक 2024 के लिए भारतीय सीनियर हॉकी टीम से खेलते हुए नजर आएंगे। संजय के लिए यह उनका पहला ओलंपिक हैं । पिछले वर्ष 2023 में चीन के हांगक्षोऊ में अक्टूबर माह में एशियन गेम्स में भारत की सीनियर हॉकी टीम ने गोल्ड मेडल जीता था। गोल्ड मेडल विजेता टीम में संजय शामिल रहे। यह खिलाड़ी मूल रूप से हरियाणा के हिसार के पास अपने गांव डाबरा का रहने वाला है। उसके पिता किसान है और वर्ष 2011 में सेक्टर 42 स्थित हॉकी अकादमी में ट्रेनिंग की शुरूआत की थी।
गुरजंट सिंह
सेक्टर 42 स्थित चंडीगढ़ हॉकी ट्रेंनी खिलाड़ी में गुरजंट सिंह ने पेरिस ओलंपिक 2024 के लिए भारतीय सीनियर हॉकी टीम में हरमनप्रीत सिंह की कप्तानी में खेलते हुए नजर आएंगे। गुरजंट सिंह पिछले ओलंपिक में ब्रोंज मेडल जीतने वाली भारतीय हॉकी टीम में शामिल रह चुके हैं। पिछले वर्ष 2023 में चीन के हांगक्षोऊ में अक्बूतर माह में एशियन गेम्स में भारत की सीनियर हॉकी टीम ने गोल्ड मेडल जीता था। गोल्ड मेडल विजेता टीम में गुरजंट सिंह शामिल रहे। सेक्टर 42 स्थित हॉकी अकादमी में 2005 - 2012 तक ट्रेनिंग ली हैं, और इसके बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हॉकी टीम में जगह बनाई
शुभांकर शर्मा
शहर के गोल्फर शुभांकर शर्मा पेरिस ओलंपिक 2024 में मेडल जीतने के लिए पूरी तैयारियों के साथ गए है। यह ओलंपिक उनका पहला डेब्यू ओलंपिक होने जा रहा है। देश के नंबर 1 गोल्फर और दो बार यूरोपियन टूर खिताब जीत चुके शुभांकर का यह पहला ओलंपिक होगा जिसमें वह डेब्यू करेंगे। गोल्फ के खेल में वह शहर के व पहले गोल्फर है जिन्होंने पेरिस ओलंपिक का टिकट हासिल किया है। शुभांकर शर्मा चंडीगढ़ गोल्फ क्लब में टूर्नामेंट में हिस्सा लेते हैं वहीं चंडीगढ़ गोल्फ रेंज में अभ्यास भी करते है। शुभांकर वर्ष 2018 में देश के नंबर-1 गोल्फर भी बन चुके हैं।