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लोग यूज नहीं करना चाहते ई-बटुआ, इसके पीछे बड़ा कारण आया सामने
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 28 Nov 2016 12:08 PM IST
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सरकार जहां देश को कैशलैस बनाने की बात कर रही है। वहीं अगर आम आदमी से बात करें तो उसको आनलाइन ट्रैडिंग से डर लगता है। आए दिन आनलाइन फ्रॉड के मामले आते है ऐसे में लोग आन लाइन ट्रैडिंग करना नहीं चाहते।
लोगों का कहना है कि ऑन लाइन शॉपिंग से पहले सरकार देश में ऑन लाइन ठगी रोकने के सख्त कानून लाए। लोगों का कहना है कि आनलाइन ठगी होने पर न तो जल्दी आरोपी पकड़े जाते है और न ही उनके ठगे पैसे वापस नहीं मिलते।
सेक्टर 30 के रहने वाले वरूण का कहना है कि वो आनलाइन की बजाए कैश देने पर ज्यादा विश्वास रखते है। क्योंकि अक्सर अखबारों में खातों से आनलाइन पैसे निकलने की खबरें पढ़ते तो डर लगा रहता है कि आनलाइन कहीं कोई ठगी न हो जाए।
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वहीं सेक्टर 15 के विश्वास मित्रा बताते है कि आन लाइन ठगी होने के बाद बैंक वाले तो कभी साथ ही नहीं देते है। बैंक के पास जाओ तो वो कहते है पुलिस के पास जाओ। पुलिस में भी शिकायत दर्ज करवाने के बाद भी जल्दी कोई कार्रवाई नहीं होती।
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लोगों का कहना है कि ऑन लाइन शॉपिंग से पहले सरकार देश में ऑन लाइन ठगी रोकने के सख्त कानून लाए। लोगों का कहना है कि आनलाइन ठगी होने पर न तो जल्दी आरोपी पकड़े जाते है और न ही उनके ठगे पैसे वापस नहीं मिलते।
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सेक्टर 30 के रहने वाले वरूण का कहना है कि वो आनलाइन की बजाए कैश देने पर ज्यादा विश्वास रखते है। क्योंकि अक्सर अखबारों में खातों से आनलाइन पैसे निकलने की खबरें पढ़ते तो डर लगा रहता है कि आनलाइन कहीं कोई ठगी न हो जाए।
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वहीं सेक्टर 15 के विश्वास मित्रा बताते है कि आन लाइन ठगी होने के बाद बैंक वाले तो कभी साथ ही नहीं देते है। बैंक के पास जाओ तो वो कहते है पुलिस के पास जाओ। पुलिस में भी शिकायत दर्ज करवाने के बाद भी जल्दी कोई कार्रवाई नहीं होती।
आनलाइन ट्रैडिंग से बढ़ेंगी आनलाइन ठगी
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जानकार भी मानते है कि अगर लोग आन लाइन ट्रैडिंग देश में बढ़ेगी तो इससे आनलाइन ठगी के मामले भी बढ़ेंगे। इन ठगी से सिर्फ सावधानी बरतकर ही बचा जा सकता है। शहर में भी हर साल सैकड़ों आन लाइन ठगी के मामले सामने आते है। यूटी पुलिस साइबर सैल के पास 2015 में कुल 1438 आन लाइन से जुड़ी शिकायतें मिली थी। जिसके बाद जांच पड़ताल करने के बाद पुलिस ने 100 मामलों में केस दर्ज किए थे।
जानकार कहते है कि क्योंकि अभी लोग ज्यादा आन लाइन पेमेंट नहीं करते है। लोगों में आन लाइन ठगी के बारे में जागरूकता भी कम है। ऐसे में आन लाइन ट्रैडिंग से आन लाइन फ्राड के केस जरूर बढ़ेंगे। साइबर एक्सपर्ट राजेश राना बताते है कि कुछ बातों को ध्यान में रख कर आप सेफ आनलाइन ट्रैडिंग कर सकते है। जानकार बताते है कि अगर आपका क्रेडिट कार्ड चोरी हो जाए तो सबसे पहले बैंक को कहकर अपना कार्ड ब्लॉक करवा दे।
क्रेडिट कार्ड के लिए दो लेवल की सिक्योरिटी आप्शन रखे। एक तो कार्ड का पासवर्ड होता ही है। साथ ही शापिंग के समय वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) का भी आप्शन रखे। ओटीपी नंबर हमेशा कार्ड इस्तेमाल करने वाले के मोबाइल पर ही आता है। ऐसे में अगर आपका क्रेडिट कार्ड चोरी भी हो जाता है तब भी उसको चोर इस्तेमाल नहीं कर पाएगा।
जानकार कहते है कि क्योंकि अभी लोग ज्यादा आन लाइन पेमेंट नहीं करते है। लोगों में आन लाइन ठगी के बारे में जागरूकता भी कम है। ऐसे में आन लाइन ट्रैडिंग से आन लाइन फ्राड के केस जरूर बढ़ेंगे। साइबर एक्सपर्ट राजेश राना बताते है कि कुछ बातों को ध्यान में रख कर आप सेफ आनलाइन ट्रैडिंग कर सकते है। जानकार बताते है कि अगर आपका क्रेडिट कार्ड चोरी हो जाए तो सबसे पहले बैंक को कहकर अपना कार्ड ब्लॉक करवा दे।
क्रेडिट कार्ड के लिए दो लेवल की सिक्योरिटी आप्शन रखे। एक तो कार्ड का पासवर्ड होता ही है। साथ ही शापिंग के समय वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) का भी आप्शन रखे। ओटीपी नंबर हमेशा कार्ड इस्तेमाल करने वाले के मोबाइल पर ही आता है। ऐसे में अगर आपका क्रेडिट कार्ड चोरी भी हो जाता है तब भी उसको चोर इस्तेमाल नहीं कर पाएगा।