चंडीगढ़ में बड़ी कामयाबी: बैंक का चपरासी निकला हथियारों का सौदागर, दो साथियों समेत दबोचा गया
पुलिस ने अभिषेक के जरिए सक्षम वर्मा से हथियारों की डीलिंग की। सक्षम जब हथियार लेकर चंडीगढ़ आया तो पुलिस ने उसे मनीमाजरा स्थित फन रिपब्लिक की पार्किंग से दबोचकर एक पिस्टल और छह कारतूस बरामद किए। पुलिस का कहना है इस गिरोह के सरगना की भी पहचान कर ली गई है। फिलहाल सरगना समेत कुछ आरोपी फरार हैं, उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। इनकी गिरफ्तारी के बाद ही खुलासा होगा कि आखिर ये हथियार कहां बनाए जाते हैं।
विस्तार
पंजाब और उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव में माहौल बिगाड़ने की साजिश रची जा रही है। अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले गिरोह के तीन बदमाशों को दबोचकर चंडीगढ़ पुलिस ने इस बात का खुलासा किया है। पुलिस के मुताबिक, यह गिरोह यूपी के सहारनपुर और मुजफ्फरनगर से अवैध हथियार खरीदकर उन लोगों को मुहैया करा रहा था, जो दोनों प्रदेशों के आगामी चुनाव में माहौल बिगाड़ना चाहते हैं। गिरफ्तार आरोपियों में से एक चंडीगढ़ जबकि दो उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। इनसे दो कट्टा, दो पिस्टल, एक रिवॉल्वर और आठ कारतूस बरामद हुए हैं। पुलिस ने तीनों आरोपियों को जिला अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
आरोपियों की पहचान हल्लोमाजरा निवासी रोहन कुमार (21), सहारनपुर के गांव शीतला केहरा निवासी अभिषेक (18) और सहारनुपर रेलवे रोड स्थित गांव नंगल निवासी सक्षम वर्मा (19) के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि रोहन दसवीं पास है और एलांते मॉल स्थित एक निजी बैंक में चपरासी की नौकरी करता है जबकि अभिषेक अपने गांव स्थित शुगर मिल में काम करता हैै। वहीं, सक्षम अपने गांव में चाचा की मिठाई की दुकान पर काम करता है। अभिषेक और सक्षम दोनों बारहवीं पास हैं। आरोपियों से पूछताछ में इस गिरोह के सरगना की पहचान हो गई है, जिसकी तलाश में पुलिस सहारनपुर और मुजफ्फरनगर में दबिश दे रही है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी सहारनपुर और मुजफ्फरनगर से मांग के मुताबिक हथियार खरीदकर उसे दूसरे राज्यों में सप्लाई करते थे। आरोपी 8 से 15 हजार में कट्टा और 50 हजार रुपये में पिस्टल बेचते थे। पुलिस के मुताबिक, उत्तर प्रदेश और पंजाब के आगामी विधानसभा चुनाव में इन अवैध हथियारों का इस्तेमाल होना था।
सेक्टर-24 स्थित जिला अपराध प्रकोष्ठ के प्रभारी नरेंद्र पटियाल को बीते 31 दिसंबर को सूचना मिली थी कि पोल्ट्री फार्म चौक से रामदरबार की ओर जाने वाली सड़क पर हथियारों की सप्लाई होने वाली है। पटियाल ने एक टीम का गठन किया और सड़क पर नाका लगवा दिया। इस दौरान पुलिस ने आरोपी रोहन कुमार को कट्टा और एक कारतूस के साथ दबोच लिया। रोहन के खिलाफ सेक्टर-31 थाने में केस दर्ज कर उसे जिला अदालत में पेश कर रिमांड हासिल किया। रिमांड के दौरान आरोपी ने खुलासा किया कि उसके घर पर एक रिवॉल्वर/सिक्सर रखी है। पुलिस ने घर पर दबिश देकर रिवॉल्वर बरामद कर ली।
पुलिस ने आरोपी रोहन के जरिए डील कर मंगवाए हथियार
रिमांड के दौरान रोहन ने खुलासा किया कि वह अभिषेक से हथियार खरीदकर दूसरे राज्यों में महंगे दाम पर बेचता है। पुलिस ने रोहन के जरिए अभिषेक से डील की और जब वह हथियारों की सप्लाई देने चंडीगढ़ आया तो पुलिस ने उसे हल्लोमाजरा से मौलीजागरां जाने वाली सड़क पर दबोच लिया। अभिषेक से एक कट्टा, पिस्टल और एक कारतूस बरामद हुआ। पुलिस ने उससे पूछताछ की तो पता चला वह सक्षम वर्मा से हथियारों की सप्लाई लेता है।