{"_id":"697a199f728da5b4b0035398","slug":"paramjit-singh-murder-case-arsh-dallas-father-approaches-high-court-chandigarh-news-c-16-1-pkl1098-935052-2026-01-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"परमजीत सिंह हत्याकांड: अर्श डल्ला के पिता ने हाईकोर्ट से मांगी जमानत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
परमजीत सिंह हत्याकांड: अर्श डल्ला के पिता ने हाईकोर्ट से मांगी जमानत
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
-गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम की धाराओं के तहत आरोप, ट्रायल में देरी पर हाईकोर्ट ने मांगा रिकॉर्ड
-- -
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। जनवरी 2023 में हुए परमजीत सिंह हत्याकांड से जुड़े मामले में गैंगस्टर अर्श डल्ला के पिता चरणजीत सिंह ने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत की गुहार लगाई है। हाईकोर्ट ने ट्रायल में देरी का कारण जानने के लिए ट्रायल कोर्ट का रिकॉर्ड पंजाब सरकार से तलब किया है। चरणजीत सिंह ने याचिका में कहा कि हत्या के समय वह जेल में मौजूद थे, इसलिए उन पर साजिश रचने का आरोप बेबुनियाद है। उन्होंने बताया कि उनके बेटे अर्श डल्ला को गैंगस्टर के तौर पर जाना जाता है और इसी कारण कई आपराधिक मामलों में उन्हें फंसाया जा रहा है।
अभियोजन ने इस मामले में 42 गवाहों की सूची प्रस्तुत की है, जिनमें 27 सरकारी गवाह शामिल हैं। राज्य सरकार ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि हत्या विदेश में बैठे हैंडलरों के साथ मिलकर रची गई साजिश का परिणाम है। अर्श डल्ला, जो ऑस्ट्रेलिया में है और सरकार द्वारा आतंकवादी घोषित किया गया है, ने सोशल मीडिया पर हत्या की जिम्मेदारी भी ली। याची ने कहा कि वह इस मामले में फंसा हुआ है और उसकी कोई सक्रिय भूमिका नहीं है। हाईकोर्ट ने ट्रायल में देरी की वजह जानने के लिए ट्रायल कोर्ट का रिकॉर्ड मांगा और सुनवाई स्थगित कर दी।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। जनवरी 2023 में हुए परमजीत सिंह हत्याकांड से जुड़े मामले में गैंगस्टर अर्श डल्ला के पिता चरणजीत सिंह ने पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट से जमानत की गुहार लगाई है। हाईकोर्ट ने ट्रायल में देरी का कारण जानने के लिए ट्रायल कोर्ट का रिकॉर्ड पंजाब सरकार से तलब किया है। चरणजीत सिंह ने याचिका में कहा कि हत्या के समय वह जेल में मौजूद थे, इसलिए उन पर साजिश रचने का आरोप बेबुनियाद है। उन्होंने बताया कि उनके बेटे अर्श डल्ला को गैंगस्टर के तौर पर जाना जाता है और इसी कारण कई आपराधिक मामलों में उन्हें फंसाया जा रहा है।
अभियोजन ने इस मामले में 42 गवाहों की सूची प्रस्तुत की है, जिनमें 27 सरकारी गवाह शामिल हैं। राज्य सरकार ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि हत्या विदेश में बैठे हैंडलरों के साथ मिलकर रची गई साजिश का परिणाम है। अर्श डल्ला, जो ऑस्ट्रेलिया में है और सरकार द्वारा आतंकवादी घोषित किया गया है, ने सोशल मीडिया पर हत्या की जिम्मेदारी भी ली। याची ने कहा कि वह इस मामले में फंसा हुआ है और उसकी कोई सक्रिय भूमिका नहीं है। हाईकोर्ट ने ट्रायल में देरी की वजह जानने के लिए ट्रायल कोर्ट का रिकॉर्ड मांगा और सुनवाई स्थगित कर दी।
विज्ञापन