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शर्मनाक: ये कैसी पाठशाला, हाथों में किताबों की जगह बर्तनों की टोकरी

Wed, 18 Jan 2017 09:57 AM IST
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला
दीपक शाही/अमर उजाला, पंचकूला Updated Wed, 18 Jan 2017 09:57 AM IST
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Panchkula Government schools, reality check of schools, Shameful
स्कूल में ठंड में बच्चों से रोज धुलवाते हैं बर्तन - फोटो : अमर उजाला
पंचकूला के कई सरकारी स्कूलों में रोजाना बच्चों से मिड्डे मिल का काम कराया जाता है। शिक्षा के मंदिर में शिक्षा की जगह बच्चों से बर्तनों की टोकरी पकड़े इन बच्चों को देखकर हर कोई हैरान है। जहां बर्तन धोने से लेकर इसे ढोने का काम कराया जा रहा है। ये सब देखकर भी शिक्षा विभाग सोया है।
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एक तरफ कड़ाके की ठंड और मौसम की मार से लोग परेशान हैं। वहीं इन मासूमों से ठंड में मिड-डे मिल का काम कराया जा रहा है। यह खुलास अमर उजाला के पिछले एक सप्ताह के रिएलिटी चेक में हुआ है। मंगलवार को पाया गया कि बच्चों से उनके वजन से ज्यादा बर्तनों की टोकरी उठवाई जा रही थी। 
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शिक्षकों के इशारों पर होता है सारा काम
मिड डे मिल का काम शिक्षकों की नजरों के सामने कराया जाता है। जब इस संबंध में बच्चों से पूछा तो बच्चे शिक्षकों के डर से चुप हो गए। अमर उजाला के संवाददाता ने जब शिक्षकों से बच्चों पर हो रहे इस अत्याचार पर पूछा तो वह पल्ला झाड़ते हुए बात टाल गए और स्कूल की जर्जर स्थिति और स्टाफ की कमी गिनाने लगे।
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इन स्कूलों में कराया जाता है काम 

Panchkula Government schools, reality check of schools, Shameful
स्कूल में ठंड में बच्चों से रोज धुलवाते हैं बर्तन - फोटो : अमर उजाला
इन स्कूलों में कराया जाता है काम 

- बूढ़नपुर राजकीय प्राथमिक पाठशाला 

- पंचकूला सेक्टर 25 स्थिति राजकीय प्राथमिक विद्यालय 

- पंचकूला सेक्टर-15 स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय
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