फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Over 9 lakh BPL ration cards canceled in Haryana

Haryana: विधानसभा में डिप्टी सीएम बोले- 9.6 लाख BPL राशन कार्ड रद्द, पांच से 10 लाख आय वाले लेते रहे लाभ

Tue, 27 Dec 2022 07:00 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Tue, 27 Dec 2022 07:00 PM IST
सार

दुष्यंत चौटाला ने कहा कि 43 लाख लोगों परिवार पहचान पत्र में गड़बड़ी की शिकायत की थी, उनमें से तीन लाख शिकायतें ही लंबित हैं। तकनीकी गलतियों को दुरुस्त किया जा रहा है।

विज्ञापन
Over 9 lakh BPL ration cards canceled in Haryana
मनोहर लाल और दुष्यंत चौटाला - फोटो : पीटीआई (फाइल फोटो)

विस्तार

हरियाणा सरकार ने बीते दस महीने में 9 लाख 62 हजार 742 बीपीएल राशन कार्ड रद्द किए हैं। पांच से दस लाख आय वाले परिवार भी खुद को गरीब दिखाकर लाभ उठाते रहे। परिवार पहचान पत्र के जरिये सरकार ने बीपीएल सूची में फर्जीवाड़ा पकड़ा। उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन सदन में यह खुलासा किया। उन्होंने पंचकूला, करनाल और सोनीपत में गलत तरीके से बीपीएल सूची में शामिल कुछ लोगों के नाम भी सार्वजनिक किए।

विज्ञापन


चौटाला प्रश्नकाल में कांग्रेस विधायक शीशपाल केहरवाला और अमित सिहाग के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोई भी पात्र व्यक्ति बीपीएल का कार्ड बनवाने से वंचित नहीं रहेगा। अगर किसी वाजिब व्यक्ति को अपनी पात्रता में परिवर्तन करवाना है तो जिला के अतिरिक्त उपायुक्त को शपथ पत्र देकर दुरुस्त करवा सकता है। 20 दिसंबर 2022 तक परिवार पहचान संख्या के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में 30,38,942 परिवारों (1,21,57,298 सदस्य) की आय 1.80 लाख से कम सत्यापित की गई है। 
विज्ञापन


केहरवाला ने कहा कि परिवार पहचान पत्र में एससी को एसटी दिखाया है, कई सरकारी कर्मचारी भी बीपीएल में शामिल हैं। इन्होंने गलत आय दिखाई है। उन पर कार्रवाई हो, पात्रों को सूची में शामिल कर लाभ दें। पहचान पत्र की त्रुटियां सुधारी जाएं। अमित सिहाग ने कहा कि चौटाला गांव में धरना दे रहे लोगों ने उन्हें लगभग 250 परिवारों की सूची दी थी, जिसका उन्होंने सत्यापन भी कराया। परिवार पहचान में उनमें से अनेक के शहर में प्लॉट दिखा दिए हैं, जबकि वे गांव से बाहर कभी गए ही नहीं। आय का सत्यापन नए सिरे से होना चाहिए, कोविड के बाद कई लोगों की आय घटी है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

दुष्यंत चौटाला ने कहा कि 43 लाख लोगों परिवार पहचान पत्र में गड़बड़ी की शिकायत की थी, उनमें से तीन लाख शिकायतें ही लंबित हैं। तकनीकी गलतियों को दुरुस्त किया जा रहा है।

12.46 लाख नए बीपीएल राशन कार्ड जारी
एक मार्च 2022 के बाद 12 लाख 46 हजार 507 नए बीपीएल राशन कार्ड जारी किए गए हैं। परिवार पहचान संख्या के साथ मिलान से पहले राज्य में एएवाई परिवारों की संख्या 2 लाख 47 हजार 227, बीपीएल (प्राथमिक परिवार) 8 लाख 90 हजार 69 और अन्य प्राथमिक परिवारों की संख्या 15 लाख 57 हजार 299 थी। अब एएवाई परिवारों की संख्या 3 लाख 2,000 और बीपीएल (प्राथमिक परिवार) 27 लाख 36 हजार 942 परिवार हैं। 

दो विभागों ने बनाए मानदंड
बीपीएल कार्ड जारी व रद्द करने का मानदंड ग्रामीण विकास विभाग और शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने बनाया है। 1.80 लाख रुपये तक की सत्यापित वार्षिक आय के मानदंड को प्राथमिक परिवार अथवा बीपीएल राशन कार्ड के योग्य माना जाता है। बीपीएल लाभार्थियों को नागरिक संसाधन सूचना विभाग परिवार पहचान पत्र में दर्शाई गई वार्षिक आय के आधार पर सूची में शामिल और बाहर कर रहा है। 

दुष्यंत ने सदन में गिनाए ये नाम 

  • विधानसभा क्षेत्र पंचकूला के कृष्ण सैनी बीपीएल श्रेणी में थे। वह सेक्टर-19 में रहते हैं, बिजनेसमैन हैं। उनकी पत्नी नीरू निजी नौकरी में है। बेटी स्वीटी भी प्राइवेट नौकरी करती है। उन्हें आय के आधार पर सूची से बाहर किया गया है। 
  • गुरबचन कालरा और उनकी पत्नी की करनाल में दुकान है। वह अच्छी कमाई करते हैं। आय के आधार पर उन्हें बीपीएल से बाहर किया है।
  • सोनीपत में सुधीर पाल और उनके बेटे प्राइवेट नौकरी करते हैं। इनकी कमाई लाखों में है। इन्हें भी आय सत्यापन के बाद बीपीएल से बाहर कर दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed