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चंडीगढ़ के भयावह जंगल: सात महीने में मिले दस से ज्यादा शव, सुरक्षा न होने से लगातार हो रही आत्महत्याएं

Wed, 21 Jul 2021 12:46 PM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Wed, 21 Jul 2021 12:46 PM IST
सार

ज्यादातर शव सेक्टर-42, सेक्टर-56, सेक्टर-53, रायपुरकलां, मक्खनमाजरा, हल्लोमाजरा, सेक्टर-36, धनास समेत अन्य जंगल क्षेत्र से मिले हैं। इन जगहों पर ज्यादातर देखरेख के लिए सुरक्षाकर्मी तो तैनात हैं, लेकिन रात में देखभाल के लिए कोई नहीं होता है।

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Number of Dead Bodies found are increasing in Forests of Chandigarh
चंडीगढ़ के जंगल - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

चंडीगढ़ के जंगल अब हरियाली की वजह से कम और लाश मिलने की वजह से ज्यादा चर्चा में रहते हैं। शहर के जंगलों में कभी पेड़ से लटकता शव मिलता है तो कभी बोरे में बंधी सड़ी-गली लाश। देखरेख और सुरक्षा न होने से अक्सर अपराध की घटनाएं भी जंगलों में होती रहती हैं। 

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बीते सात महीनों में दस से ज्यादा शव शहर के जंगल से मिले हैं। पुलिस के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2021 से अब तक शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्र के अंतर्गत 72 लोगों ने खुदकुशी की है, जिनमें महिलाएं, बच्चे और पुरुष शामिल हैं। इनमें से 10 आत्महत्याएं शहर के जंगल क्षेत्र में हुई हैं। वन विभाग भी जंगलों के प्रति गंभीर नहीं है। इन जंगलों की देखरेख नहीं हो रही। जंगल से लगातार पेड़ों की संख्या कम होती जा रही है। यदि जल्द ही इन जंगलों को संवारने और उनकी सुरक्षा के बारे में ध्यान न दिया गया तो धीरे-धीरे ये अपराध के अड्डे में बदल जाएंगे।
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ज्यादातर शव सेक्टर-42, सेक्टर-56, सेक्टर-53, रायपुरकलां, मक्खनमाजरा, हल्लोमाजरा, सेक्टर-36, धनास समेत अन्य जंगल क्षेत्र से मिले हैं। इन जगहों पर ज्यादातर देखरेख के लिए सुरक्षाकर्मी तो तैनात हैं, लेकिन रात में देखभाल के लिए कोई नहीं होता है, जबकि कुछ क्षेत्रों में किसी की भी तैनाती नहीं है। जंगल के सुरक्षाकर्मी ने बताया कि तीन शिफ्टों में ड्यूटी लगाई जाती है, लेकिन काम सिर्फ एक शिफ्ट का होता है। साथ ही जंगल क्षेत्र की सुरक्षा के लिए तार नहीं लगाए गए हैं। चारों तरफ से जंगल खुले हैं। सुरक्षा के लिहाज से भी ये ठीक नहीं है।
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कब कब मिले शव

  • 11 जुलाई 2021 को सेक्टर-42 के जंगल में पेड़ से लटका कंकाल मिला।
  • 12 जुलाई 2021 को सेक्टर-42 में व्यक्ति का पेड़ पर लटका शव मिला।
  • 16 जून को रेलवे स्टेशन के पास जंगल में व्यक्ति का शव मिला।
  • 19 अप्रैल 2021 को सेक्टर-36 के जंगल में 19 वर्षीय किशोरी का शव मिला
  • 10 अप्रैल 2021 को सेक्टर-56 के जंगल में 40 वर्षीय व्यक्ति का शव मिला
  • 4 अप्रैल 2021 को रायपुरकलां- मक्खनमाजरा के जंगल में पेड़ से लटका युवक का शव मिला
  • 11 मार्च 2021 को सेक्टर-47 में केंद्रीय विद्यालय के पास जंगल में नग्न अवस्था में एक पुरुष का शव मिला
  • 6 मार्च 2021 को हल्लोमाजरा के जंगल में खून से लथपथ छह वर्षीय बच्ची का शव मिला
  • 17 अगस्त 2020 को धनास के जंगल में एक युवक का अधजला शव मिला था


सुसाइड करने के वाले लोग अक्सर एकांत वाले जगह का चुनाव करते हैं, ताकि उनके बीच कोई और न आ सके। इसी के चलते जंगल क्षेत्र में सुसाइड के मामले लगातार सामने आते हैं। -डा. सुबोध, मनोचिकित्सक, पीजीआई


वन विभाग की ओर से विभिन्न जंगलों में सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है। सभी जगहों को बंद करना संभव नहीं होता है, फिर भी प्रयास रहता है कि जंगलों के अंदर घूमने वाले लोगों पर नजर रखी जाए। -देवेंद्र दलाई, मुख्य वन संरक्षक पर्यावरण विभाग चंडीगढ़ 

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