चंडीगढ़। शहर के हेरिटेज फर्नीचर की विदेशों में नीलामी जारी है। अब लंदन में नीलामी हुई हैं, जिसमें पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज (पेक) की दो विरासती कुर्सियां 28 अक्तूबर को 6.21 लाख रुपये में नीलाम हुई हैं। इस संबंध में शहर के वकील अजय जग्गा ने राज्यसभा के सेक्रेटरी जनरल को शिकायत भेजी है कि हेरिटेज फर्नीचर के संरक्षण के लिए प्रशासन को ठोस कदम उठाने होंगे।
उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी नीलामी को रोकने के लिए प्रयास किए जाने चाहिए और इन फर्नीचर की संभाल के लिए संसद को कोई फैसला लेना चाहिए। उन्होंने बताया कि हर साल ही करोड़ों रुपये का हेरिटेज फर्नीचर विदेशों में नीलाम हो रहा है और ऐसा तब हो रहा है, जब एमएचए ने हेरिटेज फर्नीचर की नीलामी पर रोक लगा रखी है। जग्गा ने कहा कि हेरिटेज फर्नीचर की संभाल न करने के चलते प्रशासन को राजस्व से हाथ धोना पड़ रहा है। हेरिटेज फर्नीचर की ऐसी सभी नीलामी को रोकने के साथ ही इस पूरे मामले की जांच होनी चाहिए कि आखिरकार देश से बाहर ये हेरिटेज फर्नीचर कैसे पहुंच रहा है। जो भी फर्नीचर की तस्करी में शामिल है उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। इसके अलावा यहां स्थानीय स्तर पर भी इसकी चोरी रोकने के लिए प्रयास किए जाने चाहिए। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र के समक्ष भी इस मुद्दे को उठाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इन आइटमों को देश से बाहर भेजने के लिए जो दस्तावेज इस्तेमाल किए गए उनकी जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले 15 साल से अवैध नियमित रूप से हेरिटेज फर्नीचर की नीलामी हो रही है।