सिद्धू की पत्नी बोलीं-बार-बार बिजली बिल बढ़ाना दुर्भाग्यपूर्ण, केजरीवाल से सीख लें पंजाब सरकार
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नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने पंजाब सरकार को आड़े हाथ लिया है। उन्होंने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह का नाम लिए बिना कहा कि इस बात से सीख लेनी चाहिए की दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल किस ढंग से बिजली का वितरण करते हैं। वह ढाई रुपये प्रति यूनिट बिजली कैसे दे रहे हैं। पंजाब में बिजली की दरों में बार-बार इजाफा दुर्भाग्यपूर्ण हैं।
तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने बिजली का उत्पादन करने वाली कंपनियों के साथ 25 वर्ष का एमओयू साइन किया हुआ। इस कारण प्रदेश में बिजली की दरें अधिक हैं। किसी भी राज्य का संचालन करने के साथ-साथ पूरे देश का दौरा भी किया जाना चाहिए ताकि इस बात की जानकारी मिल सके की कौन सा राज्य, कौन सा अच्छा काम कर रहा है।
दूसरे राज्यों की अच्छी योजनाओं को पंजाब में भी लागू करना चाहिए। डॉ. सिद्धू गुरुवार को पूर्वी विधानसभा में आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को दी जा रही शिक्षा के बारे में जानकारी लेने पहुंची थीं। डॉ. सिद्धू ने कहा की वह समाज सेवक हैं इसलिए किसी के काम का आंकलन नहीं कर सकती। उन्होंने एक बार फिर बिक्रम मजीठिया का नाम लिए बिना उनपर हमला करते हुए कहा कि गैंगस्टर उन्होंने ही बनाए थे। वही गैंगस्टर उनको धमकियां दे रहे हैं तो इस पर वह कुछ नहीं कहना चाहती। तब भी उन्होंने एक विधायक के नाते इस बात का विरोध किया था।
रेत बजरी के पैसे खजाने में होंगे जमा तो भरेगा खजाना
डॉ. सिद्धू ने कहा कि जब तक सरकार रेत बजरी के पैसे अपने खजाने में नहीं रखेगी तब तक पंजाब का खजाना नहीं भर सकता। सरकार शराब के ठेकों पर पैनी नजर नहीं रखेगी तो एक्साइज ड्यूटी चोरी होती रहेगी। सरकारी खजाना व्यक्तिगत जेबों में जाने के स्थान पर सरकारी खजाने में जमा होना चाहिए। सिद्धू परिवार कभी किसी से मांगने नहीं गया। उनके परिवार का काम करने का ढंग अलग है।