{"_id":"57fa7a3e4f1c1b7c5228e117","slug":"mohali-punjab-dengue-capital-death-in-mohali","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"पंजाब का डेंगू कैपिटल बना मोहाली, मरीजों की संख्या चौंकाने वाली!","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजाब का डेंगू कैपिटल बना मोहाली, मरीजों की संख्या चौंकाने वाली!
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Sun, 09 Oct 2016 10:41 PM IST
विज्ञापन
अस्पताल के बाहर मरीज
- फोटो : File Photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वर्ल्ड क्लास सिटी मोहाली पंजाब की डेंगू कैपिटल बनकर उभरी है। राज्य में इस बार सबसे ज्यादा डेंगू के मरीज मोहाली जिले में सामने आए हैं। रविवार को डेंगू मरीजों का आंकड़ा 1304 पहुंच गया।
एक दिन में डेंगू के 41 नए मरीज सामने आए हैं। सेहत विभाग के रिकॉर्ड मुताबिक अब तक डेंगू के कारण छह लोगों की मौत हो चुकी है। सेहत विभाग के अधिकारियों का कहना है कि डेंगू से बचाव के लिए लगातार फॉगिंग करवाई जा रही है। वहीं, लोगों को शरीर को पूरी तरह से ढकने वाले कपड़े पहनने की सलाह दी गई है।
जानकारी के मुताबिक, राज्य सेहत विभाग ने शुरू में ही मोहाली को संवेदनशील घोषित कर दिया था। साथ ही डॉक्टरों की छुट्टियां रद्द कर दी थीं। इसके साथ ही लोगों को किसी भी प्रकार की समस्या न आए। इसलिए ओपीडी के समय में बदलाव किया गया था। अब लोग सुबह आठ से शाम आठ बजे तक ओपीडी की सेवाओं का लाभ उठा पाएंगे। वहीं, लोगों से कहा गया है कि वह डेंगू जैसे लक्षण दिखने पर सिविल अस्पताल जाएं। जहां उनका डेंगू व चिकनगुनिया का टेस्ट फ्री किया जा रहा है। इसके अलावा 104 नंबर पर फोन कर मेडिकल हेल्पलाइन पर जानकारी ली जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
एक दिन में डेंगू के 41 नए मरीज सामने आए हैं। सेहत विभाग के रिकॉर्ड मुताबिक अब तक डेंगू के कारण छह लोगों की मौत हो चुकी है। सेहत विभाग के अधिकारियों का कहना है कि डेंगू से बचाव के लिए लगातार फॉगिंग करवाई जा रही है। वहीं, लोगों को शरीर को पूरी तरह से ढकने वाले कपड़े पहनने की सलाह दी गई है।
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, राज्य सेहत विभाग ने शुरू में ही मोहाली को संवेदनशील घोषित कर दिया था। साथ ही डॉक्टरों की छुट्टियां रद्द कर दी थीं। इसके साथ ही लोगों को किसी भी प्रकार की समस्या न आए। इसलिए ओपीडी के समय में बदलाव किया गया था। अब लोग सुबह आठ से शाम आठ बजे तक ओपीडी की सेवाओं का लाभ उठा पाएंगे। वहीं, लोगों से कहा गया है कि वह डेंगू जैसे लक्षण दिखने पर सिविल अस्पताल जाएं। जहां उनका डेंगू व चिकनगुनिया का टेस्ट फ्री किया जा रहा है। इसके अलावा 104 नंबर पर फोन कर मेडिकल हेल्पलाइन पर जानकारी ली जा सकती है।
विज्ञापन
हैपेटाइटिस सी के मरीजों का इलाज होगा मुफ्त
Dengue
- फोटो : Demo Pic
लोगों को भगत पूरन सिंह सेहत बीमा योजना का पूरा लाभ उठाना चाहिए। जिले में स्कीम के तहत नवंबर 2015 से अगस्त 2016 तक 2214 लोगों ने एक करोड़ 58 लाख 310 रुपये का लाभ लिया है। यह जानकारी डीसी दलजीत सिंह मांगट ने दी।
उन्होंने बताया कि स्कीम के तहत 50 हजार रुपये तक की डॉक्टरी सहायता सरकार द्वारा निर्धारित अस्पतालों में दी जाती है। इसके अलावा अचानक होने वाली घटना में मौत के दौरान पांच लाख रुपये की बीमा राशि मुहैया करवाई जाती है। डीसी ने बताया कि जिले में सरकार की तरफ से सरकारी अस्पतालों और डिस्पेंसरियों में सेहत सुविधाओं के लिए बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है।
वहीं, राज्य में शुरू की गई मुख्यमंत्री पंजाब हैपेटाइटिस सी रिलीफ फंड स्कीम के अधीन भी बड़ी राहत दी गई है। अब हैपेटाइटिस सी का इलाज मरीज फ्री करवा सकता है। जिले में हैपेटाइटिस सी के 45 मरीज सामने आए हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीण एरिया के लोगों को बेहतर सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए मोबाइल मेडिकल यूनिट की सेवा शुरू की गई। इस मोबाइल यूनिट में ईसीजी, एक्सरे व लैब टेस्ट की सहूलियत दी जाती है। मरीजों को फ्री दवाएं दी जाती हैं।
उन्होंने बताया कि स्कीम के तहत 50 हजार रुपये तक की डॉक्टरी सहायता सरकार द्वारा निर्धारित अस्पतालों में दी जाती है। इसके अलावा अचानक होने वाली घटना में मौत के दौरान पांच लाख रुपये की बीमा राशि मुहैया करवाई जाती है। डीसी ने बताया कि जिले में सरकार की तरफ से सरकारी अस्पतालों और डिस्पेंसरियों में सेहत सुविधाओं के लिए बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है।
वहीं, राज्य में शुरू की गई मुख्यमंत्री पंजाब हैपेटाइटिस सी रिलीफ फंड स्कीम के अधीन भी बड़ी राहत दी गई है। अब हैपेटाइटिस सी का इलाज मरीज फ्री करवा सकता है। जिले में हैपेटाइटिस सी के 45 मरीज सामने आए हैं। उन्होंने बताया कि ग्रामीण एरिया के लोगों को बेहतर सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए मोबाइल मेडिकल यूनिट की सेवा शुरू की गई। इस मोबाइल यूनिट में ईसीजी, एक्सरे व लैब टेस्ट की सहूलियत दी जाती है। मरीजों को फ्री दवाएं दी जाती हैं।