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हरियाणा: मेवात मॉडल स्कूलों का शिक्षा विभाग में समायोजन का इंतजार, बजट जारी न होने से स्टाफ के सामने रोजी–रोटी का संकट

Tue, 12 Oct 2021 01:53 AM IST
Trainee Trainee न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: Trainee Trainee Updated Tue, 12 Oct 2021 01:53 AM IST
सार

मेवात विकास बोर्ड ने अप्रैल 2021 से ही शिक्षक व गैर-शिक्षक स्टाफ का वेतन रोक दिया है। सर्व कर्मचारी संघ ने इस पर नाराजगी जताई है। प्रदेशाध्यक्ष सुभाष लांबा व महासचिव सतीश सेठी मंगलवार को यह मामला मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव अमित अग्रवाल के समक्ष उठाएंगे।

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Mewat model schools did not adjust in the education department
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

हरियाणा सरकार के आदेश के बावजूद मेवात मॉडल स्कूलों का समायोजन स्कूल शिक्षा विभाग में नहीं हो रहा है। अप्रैल 2021 से इन्हें समायोजित किया जाना था। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने 12 नवंबर 2020 को मेवात विकास बोर्ड की बैठक में स्कूलों का समायोजन करने की घोषणा की थी।
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सरकार के आदेश लागू न होने से स्कूलों के स्टाफ को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। मेवात विकास बोर्ड ने अप्रैल 2021 से ही शिक्षक व गैर-शिक्षक स्टाफ का वेतन रोक दिया है। सर्व कर्मचारी संघ ने इस पर नाराजगी जताई है। प्रदेशाध्यक्ष सुभाष लांबा व महासचिव सतीश सेठी मंगलवार को यह मामला मुख्यमंत्री के अतिरिक्त प्रधान सचिव अमित अग्रवाल के समक्ष उठाएंगे। बैठक में स्कूलों के जल्द समायोजन व बकाया वेतन का भुगतान करने की मांग की जाएगी।
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लांबा, सेठी, मेवात मॉडल स्कूल्स एसोसिएशन के राज्य प्रधान सतीश खटाना व महासचिव निसार अहमद ने बताया कि स्कूलों को शिक्षा विभाग में समायोजित करने के आदेश जारी होने के बाद स्टाफ के वेतन का बजट ही जारी नहीं किया। मेवात के विभिन्न खंडों में स्थापित 8 मेवात मॉडल स्कूलों में कार्यरत स्टाफ के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। ईद, रक्षा बंधन जैसे त्योहार बिना वेतन के गुजर गए और अब दिवाली भी फीकी बीतने के आसार हैं। अप्रैल, मई में इन स्कूलों में कार्यरत दो कर्मचारियों की मौत हो चुकी है। उनके आश्रितों को एक्सग्रेसिया नीति के तहत नौकरी देना तो दूर वेतन व अन्य बकाया लाभ भी परिवार को अब तक नहीं मिले हैं।
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