{"_id":"62128571c44c0e2e797501f3","slug":"manifold-increase-in-development-fee-in-municipal-areas-of-haryana","type":"story","status":"publish","title_hn":"हरियाणा: नगर निकाय क्षेत्रों में विकास शुल्क में कई गुना बढ़ोतरी, अब देनी होगी कलेक्टर रेट पर 5 प्रतिशत राशि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हरियाणा: नगर निकाय क्षेत्रों में विकास शुल्क में कई गुना बढ़ोतरी, अब देनी होगी कलेक्टर रेट पर 5 प्रतिशत राशि
Sun, 20 Feb 2022 11:46 PM IST
भूपेंद्र सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, चंडीगढ़
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Sun, 20 Feb 2022 11:46 PM IST
सार
100 वर्ग मीटर प्लॉट का नक्शा पास कराने पर देने 2 लाख होंगे। शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने पत्र जारी किया है नई दरें तुरंत प्रभाव से लागू होंगी।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : iStock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा के नगर निकाय क्षेत्रों में रहे लोगों को अब विकास शुल्क के नाम भारी भरकम राशि देनी होगी। शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने विकास शुल्क को लेकर नया फैसला लिया है। इसके तहत अब संबंधित कॉलोनी या क्षेत्र के कलेक्टर रेट की 5 प्रतिशत राशि विकास शुल्क के रूप में देनी होगी। पहले की विकास शुल्क दरों के मुकाबले यह 10 गुना तक अधिक होगा।
विज्ञापन
बता दें कि पहले आवासीय क्षेत्र के लिए 120 रुपये प्रति स्क्वेयर मीटर और कमर्शियल के लिए 1000 रुपये प्रति स्क्वेयर मीटर दरें थी। अब 100 गज के प्लॉट का नक्शा पास कराने के लिए 2 लाख रुपये तक जमा कराने होंगे। जिस कॉलोनी में प्लाट होगा, उस कॉलोनी या क्षेत्र के कलेक्टर रेट के हिसाब से ही 5 प्रतिशत विकास शुल्क देना होगा। इसी प्रकार, कमर्शियल प्लाट के लिए भी लोगों को कई गुना अधिक राशि देनी होगी।
विज्ञापन
शहरी निकाय निकाय निदेशक की ओर से इससे संबंधित पत्र प्रदेश के सभी डीसी, निगम आयुक्तों, कार्यकारी अधिकारियों और सभी नगर नगर कमेटियों के सचिवों को भेजा है। पत्र में कहा है कि यह दरें तुरंत प्रभाव से लागू होगी। नए फैसले के अनुसार यह दरें कोर एरिया, ओल्ड एमसी की पुरानी सीमा, लाल डोरा और जितनी भी नियमित कॉलोनियां होंगी उनमें लागू होंगी।
विज्ञापन
इसके साथ ही पहले से जमा विकास शुल्क वाले खाली प्लॉटों पर भी निर्माण के पूर्व के अंतर की रकम देने के बाद ही निर्माण की अनुमति मिलेगी। भविष्य में जब नई दरों से विकास शुल्क जमा कराई जाएगी, उसके बाद ही अनुमति मिल सकेगी।
आवासीय, औद्योगिक और संस्थागत सभी के लिए होगा शुल्क
पत्र के अनुसार, नगर निगम गुरुग्राम, फरीदाबाद, अन्य नगर निगमों, आवासीय, औद्योगिक और संस्थागत उपयोग के लिए विकास शुल्क कलेक्टर रेट का 5 प्रतिशत होगा। इसी प्रकार, सभी निकाय संस्थाओं में कमर्शियल के लिए विकास शुल्क कलेक्टर रेट (कमर्शियलू) का 5 प्रतिशत होगा। हालांकि, निकाय संस्थाओं के नियंत्रित एरिया में यह दरें लागू नहीं होंगी।
जनविरोधी फैसला, तुरंत हो वापस : बुआनीवाला
कांग्रेस के पूर्व के पूर्व प्रवक्ता अशोक बुवानीवाला ने कहा कि राजधानी दिल्ली सहित अन्य पड़ोसी राज्यों में भी डेवलपमेंट चार्ज के नाम पर इतनी भारी भरकम वसूली नहीं की जा रही है। इससे आम व्यक्ति को 100 गज के प्लाट पर 2 लाख रुपये देने होंगे। पहले से जमा खाली प्लॉटों का भी नए रेट से भुगतान करना होगा और पुराने भवनों के पुनर्निर्माण पर भी बढ़ी दर से शुल्क देना होगा। सरकार इस फैसले को तुरंत वापस ले।