हरियाणा में 10 की 10 सीटों पर भाजपा का कब्जा, सीएम मनोहर लाल ने बताया जीत का 'फॉर्मूला'
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की जीत को ऐतिहासिक करार दिया है। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि जनता ने भाजपा के राष्ट्रवाद के सिद्धांत व विकास की नीतियों का साथ दिया है और वंशवाद की राजनीति को दरकिनार किया है।
इस प्रचंड बहुमत से यह साबित होता है कि जनता की पहली पसंद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं और वर्ष 1971 के बाद लगभग 50 साल बाद ऐसा हुआ है जब पूर्ण बहुमत के साथ केंद्र में लगातार दूसरी बार किसी सरकार की वापसी हुई है।
उन्होंने जीत का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को दिया। उन्होंने कहा कि जनता अब समझ रही है कि उनका हितैषी कौन है। हरियाणा में 10 की 10 सीटें जीती हैं, ये अपने आप में इतिहास है। उन्होंने कहा कि पार्टी की नीतियों व पारदर्शी कार्यप्रणाली के चलते जनता ने एंटी इंकबेंसी की बजाय प्रो-इंकबेंसी को चुना है।
उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास जनता के विकास का कोई विजन नहीं है। वर्ष 2014 के लोकसभा चुनावों में वंशवाद की हार हुई थी और अब फिर 2019 में जनता ने परिवारवाद को ठुकरा कर हमें स्वीकार किया है। हरियाणा में हमने वंशवाद के गढ़ को भी तोड़ा है।
प्रदेश की जनता ने समान विकास के नाते भाजपा के ‘हरियाणा एक-हरियाणवी एक’ के नारे का समर्थन किया है। उन्होंने प्रदेश के लोगों का आभार जताते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी पर जो विश्वास उन्होंने किया है वे उनका ऋण सूद समेत चुकता करेंगे।
आचार संहिता खत्म होने के बाद विधानसभा चुनाव का रोडमैप करेंगे तैयार
आदर्श आचार संहिता समाप्त होने के बाद वे हरियाणा विधानसभा चुनावों के लिए आगामी चार महीने के दौरान पार्टी का रोड मैप तैयार करने वाले हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि विधानसभा चुनाव समय पूर्व कराने की कोई संभावना नहीं है। केंद्रीय नेतृत्व को इस बारे निर्णय करना होता है, क्योंकि महाराष्ट्र, झारखंड राज्यों के विधानसभा चुनाव भी हरियाणा के साथ होने हैं।
मजबूत होनी चाहिए विपक्ष की भूमिका
मुख्यमंत्री ने कहा कि विपक्ष की भूमिका मजबूत होनी चाहिए, विपक्ष बिखरा हुआ नहीं होना चाहिए और लोकतंत्र में सरकार को सकारात्मक व रचनात्मक सुझाव देना ही विपक्ष की भूमिका होनी चाहिए। प्रदेश में पहले दो वर्षों में हमने प्रदेश की व्यवस्था को समझा और पुरानी व्यवस्था को ठीक करके पारदर्शी तरीके से आगे बढ़ते हुए हमने कार्य संस्कृति ठीक की।
अब प्रदेश में बिचौलियों व दलालों का कोई दखल नहीं है। पुलिस थानों में भी राजनीतिक दखलअंदाजी को खत्म किया है। पारदर्शी तरीके से भर्ती व ट्रांसफर नीति का प्रदेश के लोगों को पता चल गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का सिद्धांत है कि ‘देश पहले, मैं बाद में’ जबकि दूसरी पार्टियां ‘मैं, मेरा घर व मेरा परिवार’ के सिद्धांत पर चलती हैं।