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मोहाली: एकम के अंतिम अरदास में पहुंचे नेता, दोस्त व रिश्तेदार

Sun, 26 Mar 2017 11:50 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली Updated Sun, 26 Mar 2017 11:50 PM IST
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Leaders, friends and relatives who reached the last Aradas of Ekam
एकम के अंतिम अरदास में पहुंचे नेता - फोटो : अमर उजाला
फेज-1 स्थित गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा में रविवार को एकम ढिल्लों की अंतिम अरदास हुई। इसमें पंजाब की सिख जत्थेबंदियों के सदस्य और ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्टों ने भी शिरकत की। साथ ही समागम में सभी ने एकम को श्रद्धांजलि दी। अरदास के बाद परिवार की ओर से लोगों का धन्यवाद वकील अमर सिंह चाहल ने किया।  इसके अलावा हरपाल सिंह चीमा और कुलबीर कौर धामी भी अंतिम अरदास में शामिल र्हुइं।
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एकम के अंतिम अरदास में पहुंचे नेता, दोस्त व रिश्तेदार
मोहाली। एकम ढिल्लों की अंतिम अरदास रविवार को गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा फेज-1 में हुई। इस दौरान एकम को श्रद्धांजलि देने के लिए शहर के नई नेता, रिश्तेदार और दोस्त शामिल हुए। अंतिम अरदास में शामिल होने वालों में विधायक बलबीर सिंह सिद्धू, अकाली नेता व पूर्व डीसी टीपीएस सिद्धू, आप नेता हिम्मत सिंह शेरगिल, अकाली पार्षद सतवीर धनोआ व परमजीत काहलों, ह्यूमन एक्टिविस्ट व वकील अमर सिंह चाहल, हरपाल सिंह चीमा, लखविंदर कौर गरचा, यूथ अकाली नेता सतिंदर गिल समेत शहर के कई नेता एकम को श्रद्धांजलि देने पहुंचे। उनके अलावा एकम के रिश्तेदार और दोस्त भी अंतिम अरदास में शामिल हुए। 
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गुमसुम दिखे गुरनिवास और हुमायरा
एकम के दो बच्चे हैं बेटा व बेटी। बेटा गुरनिवास और बेटी हुमायरा भी एकम की अंतिम अरदास में मौजूद थी। हुमायरा की उम्र कम होनेे के कारण शायद उसे इस बारे में कुछ पता नहीं था। वह पिता के रिश्तेदारों के पास बैठी दिखी। रिश्तेदार हुमायरा को गोद में उठाकर उसके साथ बातें कर रहे थे। वहीं बेटा गुरनिवास अपने दादा व एकम के पिता जसपाल सिंह के साथ खड़ा रहा। अंतिम अरदास में शामिल हुआ हर कोई रिश्तेदार व दोस्त, नेता बेटे गुरनिवास को दिलासा देना नहीं भूला।
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‘सास के इशारे पर हुआ एकम का कत्ल’

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एकम के अंतिम अरदास में पहुंचे नेता - फोटो : अमर उजाला
एकम सिंह ढिल्लों की हत्या को सात दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक तीनों आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। रविवार को एकम ढिल्लों की अंतिम अरदास के बाद पिता जसपाल सिंह ढिल्लों ने कहा कि इस हत्याकांड की मास्टर माइंड उनके हिसाब से एकम की सास जसविंदर कौर है। उन्हें लगता है कि जसविंदर के इशारे पर ही हत्या की कहानी रची गई। इस दौरान उन्होंने कहा कि उन्हें लग रहा है कि एकम का साला विनय प्रताप इसमें शामिल नहीं था। क्योंकि एकम और विनय के बीच लंबे समय से बोलचाल बंद थी। 

उन्होंने बताया कि कुछ समय पहले एकम का साला जब बीमार हुआ था, तब वह चंडीगढ़ के एक अस्पताल में भर्ती था। उस समय सीरत एकम को साथ लेकर विनय का हालचाल जानने के लिए अस्पताल गई थी। इस दौरान जब नर्स किसी काम से बाहर गई तो उसने सीरत से कहा कि वह विनय को दवा पिला दे जी। जब सीरत विनय को दवा देने लगी तो उसने पीने से इंकार कर दिया था। साथ ही उसे वहां से हटने को कहा था। ऐसे में वह एकम की हत्या में सीरत का साथ कभी नहीं दे सकता है। वहीं, उन्होंने बताया कि जब एकम व विनय का चंडीगढ़ में बिजनेस फ्लॉप हुआ था। उसके बाद से दोनों में बोलचाल बंद थी।

हत्या में छह से सात लोग शामिल
जसपाल सिंह ने कहा कि केस की धीमी गति से हो रही जांच से वह खुश नहीं हैं। जब तक सीरत की मां जसविंदर कौर, भाई विनय प्रताप और जगत पकड़े नहीं जाते हैं, तब तक इस हत्याकांड से पर्दा नहीं उठेगा। हालांकि उनका कहना है कि जगत उम्र में काफी छोटा है, ऐसे में उन्हें संशय है कि जगत मर्डर में शामिल है। वहीं उन्होंने कहा कि एकम की हत्या में छह से सात लोग शामिल थे। मर्डर के समय सभी एकम के कमरे में मौजूद थे। उनका कहना है कि एकम करीब छह फुट तीन इंच का था। उसका शरीर काफी सुडौल और ताकतवर था। ऐसे में उसे कोई अकेले नहीं मार सकता था। 

जिस हथियार से गोली चली, वह अब तक नहीं मिला

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Mohali murder - फोटो : अमर उजाला
मकान मालिक से हो पूछताछ
जसपाल सिंह ने बताया कि उन्हें पता चला है कि जिस फ्लोर पर एकम रहता था, उसी मंजिल पर एकम का मकान मालिक एक अलग कमरे में रहता था। ऐसे में उसने गोली चलने और मारपीट की आवाज सुनी होगी। इस बारे में पुलिस को उससे पूछताछ करनी चाहिए। ताकि एकम हत्याकांड में सच्चाई को सामने लाया जा सके।  

तीनों आरोपी के अब तक फोन नहीं हुए ऑन
एकम मर्डर मामले के तीनों आरोपी के फोन अब तक बंद पड़े हैं। इन्हें गिरफ्तार करने के लिए पुलिस की ओर से लगातार छापामारी की जा रही है। पुलिस के अनुसार अभी तक तीनों के मोबाइल फोन ऑन नहीं हुए हैं। 

जिस हथियार से गोली चली, वह अब तक नहीं मिला
एकम को जिस हथियार से गोली मारी गई थी, पुलिस उसे अब तक ढूंढ नहीं पाई है। एकम के पिता जसपाल सिंह ने बताया कि उनके बेटे को जिस हथियार से गोली मारी गई थी, उसे पुलिस सीरत के रिमांड पर होने के बावजूद नहीं ढूंढ पाई है। जो हथियार पुलिस ने एकम के घर से बरामद किया था, उससेे गोली नहीं चली है और वह सीरत के नाम पर है। जसपाल सिंह ने बताया कि उनको पुलिस अधिकारियों से पता चला है कि जो हथियार एकम के घर से बरामद किया गया था, उससे गोली नहीं चली है बल्कि हत्या में किसी अन्य हथियार का इस्तेमाल किया गया। इसका खुलासा फोरेंसिक लैब से हुआ है। 

कार्रवाई न हुई तो निकालेंगे कैंडल मार्च
एकम के पिता जसपाल ने बताया कि अगर पुलिस ने ढीली कार्रवाई जारी रखी तो वह परिवार के साथ कैंडल मार्च निकालेगे। वह बेटे को इंसाफ दिलवाने के लिए कातिलों को सजा दिलवाने को हर तरह की लड़ाई लड़ने को तैयार हैं।
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