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हिन्दी को लेकर बिश्नोई का अजीबोगरीब बयान

Sat, 30 Aug 2014 11:40 AM IST
विजय गुप्ता/अमर उजाला, चंडीगढ़
विजय गुप्ता/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Sat, 30 Aug 2014 11:40 AM IST
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Kuldeep Bishnoi about Hindi Language

चंडीगढ़ प्रेस क्लब में बिश्नोई ने जब अपनी पार्टी के चुनावी वादे अंग्रेजी में सामने रखे तो मीडियाकर्मी चकरा गए। घोषणा पत्र की हिंदी प्रतियां उपलब्ध नहीं थीं। सिर्फ अंग्रेजी की प्रतियां मीडिया को उपलब्ध कराई गईं।

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जब उनसे पूछा गया कि हिंदी भाषी राज्य और वह भी कृषि प्रधान राज्य के लिए घोषणा पत्र हिंदी में क्यों नहीं है तो उनकी दलील भी गजब की थीं।

पहले तो उन्होंने कहा कि हिंदी वाले घोषणा पत्र की प्रिंटिंग में खामियां हैं और इसे ई-मेल पर उपलब्ध करा दिया जाएगा। लेकिन जब उनसे पूछा गया कि उनके ज्यादातर वोटर किसान और गरीब हैं।
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उन्हें तो अंग्रेजी नहीं आती है। ऐसे में उन लाखों लोगो को पार्टी के घोषणा पत्र की जानकारी कैसे होगी? इस पर बिश्नोई का जवाब था कि वे राजनीति जनता की करते हैं, हिंदी की नहीं।

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‘पढ़े-लिखे लोगों को बेइज्जत न करें’

Kuldeep Bishnoi about Hindi Language

बिश्नोई से जब पूछा गया कि हरियाणा में कितने लोग अंग्रेजी में उनकी बात समझेंगे तो उन्होंने कहा कि यह हरियाणा के पढ़े-लिखे नौजवानों की बेइज्जती है क्योंकि वे बेहतर अंग्रेजी जानते हैं।

हालांकि बाद में उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें हिंदी ठीक से पढ़नी नहीं आती है। इसके अलावा उन्होंने साफ कर दिया कि घोषणा पत्र पर एक भी सवाल-जवाब नहीं होगा।

दरअसल भाजपा से गठबंधन टूटने के बाद उनको आशंका थी कि यह प्रेस कांफ्रेंस उसी मुद्दे पर केंद्रित हो जाएगी और चुनाव घोषणा पत्र का मामला हाशिए पर चला जाएगा।

अंग्रेजी में मेनीफेस्टो पढ़ने पर पत्रकारों ने घेरा

Kuldeep Bishnoi about Hindi Language

किसानों की बात हिंदी के बजाए अंग्रेजी में करने पर हजकां सुप्रीमो कुलदीप बिश्नोई शुक्रवार को घिरते नजर आए। मौका था विधानसभा चुनाव के लिए पार्टी का घोषणा पत्र जारी करने का।

बिश्नोई ने घोषणा पत्र को अंग्रेजी में जारी किया। यही नहीं उन्होंने उसे पढ़ा भी अंग्रेजी में। जब उनसे घोषणा पत्र की हिंदी प्रतियां मांगी गई तो वे बगलें झांकने लगे।

तमाम दलीलें देने के बावजूद अंतत: पार्टी के वरिष्ठ नेता धर्मपाल मलिक को हिंदी वाला घोषणा पत्र पढ़ना पड़ा। भाजपा से गठबंधन तोड़ने के अगले दिन ही बिश्नोई ने अपनी पार्टी का चुनावी घोषणा पत्र जारी कर दिया। साफ है कि वे पहले से ही इसकी तैयारी कर रहे थे।

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