{"_id":"574c647d4f1c1b7c281097c3","slug":"jat-andolan-jat-reservation-bsf-para-military-force-flag-march-sonipat-jind-rohtak-haryana","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आरक्षण की आग: BSF के हवाले 7 जिले, सोनीपत-जींद में धारा 144","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरक्षण की आग: BSF के हवाले 7 जिले, सोनीपत-जींद में धारा 144
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक।
Updated Tue, 31 May 2016 11:41 AM IST
विज्ञापन
जींद में भी 144 लगाई, रोहतक और भिवानी में सुरक्षा बलों ने किया फ्लैग मार्च
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदेश में पांच जून से जाट आरक्षण आंदोलन की दोबारा आहट से पुलिस और प्रशासन बेहद सतर्क है और सोनीपत के बाद सोमवार को जींद में भी अगले दो माह के लिए धारा 144 लगा दी गई। सुरक्षा बलों ने सोमवार को रोहतक और भिवानी में प्रमुख मार्गों पर फ्लैग मार्च निकाला।
उधर सोनीपत में दो और कंपनियां पहुंची चुकी है। इनके सहित अब वहां अर्द्धसैनिक बलों की पांच कंपनियां तैनात हो चुकी हैं। रोहतक, हिसार, कैथल, भिवानी, जींद और झज्जर में भी पैरामिलीट्री फोर्स की कंपनियां मोर्चा संभाले हुए हैं और नाकों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। रोहतक, जींद, सोनीपत में उपद्रवियों की निशानदेही की जा रही है।
जींद में प्रशासन ने फरवरी माह में जिले में हुई हिंसक घटनाओं व भड़काऊ भाषण देने के आरोप में 29 लोगों को नोटिस जारी किए हैं, वहीं रोहतक पुलिस आंदोलन की अगुवाई करने वालों और असामाजिक तत्वों को नोटिस भेजने की तैयारी कर रही है, ताकि आंदोलन होने पर किसी भी तरह के नुकसान की भरपाई इनसे की जा सके।
विज्ञापन
रोहतक शहर में दो बार फ्लैग मार्च निकाला गया। पहला फ्लैग मार्च एएसपी हिमांशु गर्ग के नेतृत्व में निकाला गया तो दूसरा फ्लैग डीएसपी वीर सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों इलाकों से निकाला गया। शहर में अवांछित तत्वों का प्रवेश रोकने के लिए बीएसएफ ने नौ जगहों पर नाकेबंदी की है।
संभावित आंदोलन से निपटने की रणनीति बनाने के लिए पुलिस और जिला प्रशासन ने कई बार बैठक की। एसपी शशांक आनंद का कहना है कि जिलेवासियों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है और हिंसा करने की कोशिश करने वाले को बख्शा नहीं जाएगा। कैथल में डीसी ने प्रशसनिक अधिकारियों के साथ जिले में हालात को लेकर समीक्षा की, वहीं एसपी सुमित कुमार ने भी सेना के अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा संबंधी उपायों पर विचार-विमर्श किया।
विज्ञापन
उधर सोनीपत में दो और कंपनियां पहुंची चुकी है। इनके सहित अब वहां अर्द्धसैनिक बलों की पांच कंपनियां तैनात हो चुकी हैं। रोहतक, हिसार, कैथल, भिवानी, जींद और झज्जर में भी पैरामिलीट्री फोर्स की कंपनियां मोर्चा संभाले हुए हैं और नाकों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। रोहतक, जींद, सोनीपत में उपद्रवियों की निशानदेही की जा रही है।
विज्ञापन
जींद में प्रशासन ने फरवरी माह में जिले में हुई हिंसक घटनाओं व भड़काऊ भाषण देने के आरोप में 29 लोगों को नोटिस जारी किए हैं, वहीं रोहतक पुलिस आंदोलन की अगुवाई करने वालों और असामाजिक तत्वों को नोटिस भेजने की तैयारी कर रही है, ताकि आंदोलन होने पर किसी भी तरह के नुकसान की भरपाई इनसे की जा सके।
विज्ञापन
रोहतक शहर में दो बार फ्लैग मार्च निकाला गया। पहला फ्लैग मार्च एएसपी हिमांशु गर्ग के नेतृत्व में निकाला गया तो दूसरा फ्लैग डीएसपी वीर सिंह के नेतृत्व में ग्रामीणों इलाकों से निकाला गया। शहर में अवांछित तत्वों का प्रवेश रोकने के लिए बीएसएफ ने नौ जगहों पर नाकेबंदी की है।
संभावित आंदोलन से निपटने की रणनीति बनाने के लिए पुलिस और जिला प्रशासन ने कई बार बैठक की। एसपी शशांक आनंद का कहना है कि जिलेवासियों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है और हिंसा करने की कोशिश करने वाले को बख्शा नहीं जाएगा। कैथल में डीसी ने प्रशसनिक अधिकारियों के साथ जिले में हालात को लेकर समीक्षा की, वहीं एसपी सुमित कुमार ने भी सेना के अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा संबंधी उपायों पर विचार-विमर्श किया।
भड़काऊ भाषणबाजी पर 29 को नोटिस
जाट आंदोलन: पैरामिलिट्री फोर्स तैनात
- फोटो : amar ujala
जींद के डीसी विनय सिंह ने जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान फरवरी माह में हुई हिंसक घटनाओं व भड़काऊ भाषण देने के आरोप में 29 लोगों को नोटिस जारी किया है।
इनमें नैन खाप के प्रधान ईश्वर नैन, अखिल भारतीय आदर्श जाट महासभा के राष्ट्रीय प्रधान पवनजीत बनवाला समेत कई जाट नेताओं के नाम शामिल हैं। डीसी ने तहसीलदार व बैंक अधिकारियों को सूची में शामिल सभी व्यक्तियों की चल व अचल संपत्ति का ब्यौरा उपलब्ध करवाने के आदेश दिए हैं।
दंगाइयों से सख्ती से निपटने के निर्देश
नारनौल में दंगाइयों से निपटने के लिए पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन में जिले के डीएसपी, एसएचओ, चौकी इंचार्ज की बैठक ली। इस दौरान कानून व्यवस्था को बिगाड़ने वालों के साथ सख्ती से निपटने के लिए रणनीति बनाई गई। एसएचओ को कहा गया कि आंदोलनकारियों को किसी भी सूरत में सड़क व रेलवे ट्रक पर बैठने न दिया जाए। गोहाना में जहां अधिकारी गांव-गांव जाकर लोगों को शांति बनाने की अपील कर रहे हैं। वहीं पुलिस प्रशासन ने भी हर हालात से निपटने के लिए होमवर्क करना शुरू कर दिया है। प्रशासन ने पैरामिलिट्री की छह कंपनियों की मांग की है।
दंगो से निपटने के लिए पुलिस ट्रेनिंग लेने में जुटी
कुरुक्षेत्र प्रशासन ने सुरक्षा तंत्र से लेकर खुफिया तंत्र को भी सर्तक कर दिया है। पुलिस को न केवल दंगों से निपटने के लिए ट्रेनिंग दी जा रही है बल्कि निगरानी बनाए रखने के लिए तीन डीएसपी के नेतृत्व में अलग-अलग टीमें भी बनाई गई हैं।
इनमें नैन खाप के प्रधान ईश्वर नैन, अखिल भारतीय आदर्श जाट महासभा के राष्ट्रीय प्रधान पवनजीत बनवाला समेत कई जाट नेताओं के नाम शामिल हैं। डीसी ने तहसीलदार व बैंक अधिकारियों को सूची में शामिल सभी व्यक्तियों की चल व अचल संपत्ति का ब्यौरा उपलब्ध करवाने के आदेश दिए हैं।
दंगाइयों से सख्ती से निपटने के निर्देश
नारनौल में दंगाइयों से निपटने के लिए पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन में जिले के डीएसपी, एसएचओ, चौकी इंचार्ज की बैठक ली। इस दौरान कानून व्यवस्था को बिगाड़ने वालों के साथ सख्ती से निपटने के लिए रणनीति बनाई गई। एसएचओ को कहा गया कि आंदोलनकारियों को किसी भी सूरत में सड़क व रेलवे ट्रक पर बैठने न दिया जाए। गोहाना में जहां अधिकारी गांव-गांव जाकर लोगों को शांति बनाने की अपील कर रहे हैं। वहीं पुलिस प्रशासन ने भी हर हालात से निपटने के लिए होमवर्क करना शुरू कर दिया है। प्रशासन ने पैरामिलिट्री की छह कंपनियों की मांग की है।
दंगो से निपटने के लिए पुलिस ट्रेनिंग लेने में जुटी
कुरुक्षेत्र प्रशासन ने सुरक्षा तंत्र से लेकर खुफिया तंत्र को भी सर्तक कर दिया है। पुलिस को न केवल दंगों से निपटने के लिए ट्रेनिंग दी जा रही है बल्कि निगरानी बनाए रखने के लिए तीन डीएसपी के नेतृत्व में अलग-अलग टीमें भी बनाई गई हैं।