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IT सिटी बसने से पहले ही लगा झटका
ब्यूरो/अमर उजाला, मोहाली
Updated Fri, 30 May 2014 01:56 PM IST
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एक तरफ राज्य सरकार शहर को आईटी सिटी के रूप में बसाने की तैयारी में जुटी हुई है। दूसरी तरफ नामी इंटरनेशनल कंपनियां सरकार की नीतियों से परेशान होकर शहर को अलविदा कह रही हैं।
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इससे जहां कई लोगों के सामने रोजगार की समस्या खड़ी हो गई है। वहीं, शहर की विकास पर असर पड़ेगा। वहीं, आईटी कंपनियों के मालिकों की माने तो इसके लिए मुख्य रूप से सरकार जिम्मेदार है।
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जानकारी के मुताबिक, राज्य सरकार ने राज्य में आईटी को प्रमोट करने के लिए पंजाब इंफोटेक नाम से एक एजेंसी गठित की है। लेकिन एजेंसी पिछले पांच सालों में आईटी सेक्टर के लिए कुछ नहीं कर पा रही है। इतना ही नहीं दो साल में एजेंसी के पांच बार तो एमडी तक बदले जा चुके हैं।
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वहीं, माहिरों की माने तो इंफोटेक आईटी को प्रमोट करने की बजाय अपने घाटे को सुधारने में जुटी है। लंबोदरा इंफोटेक के एमडी संजीव शर्मा बताते है कि जब तक पंजाब इंफोटेक ने निवेशकों को शहर में लाने के लिए कोई कोशिश नहीं की।
इसके अलावा सरकार की विभिन्न एजेंसियों में आपस में तालमेल की कमी है। इसके चलते भी कंपनियों को परेशानी उठानी पड़ रही है। ऐसे में उनके पास दूसरी जगह जाने के सिवाए कोई विकल्प नहीं रह जाता है।
डेल में फरवरी से ही मुलाजिमों पर गिर रही थी गाज
डेल की मोहाली यूनिट में फरवरी से लोगों को निकालने का सिलसिला शुरू हो गया था। कंपनी के सूत्रों के मुताबिक, इस दौरान कंपनी ने अपने मुलाजिमों को दो हिस्सों में बांट दिया था। इनमें एक परफार्मर व एक नॉन परफार्मर थे। इस दौरान जिन मुलाजिमों को दो साल काम करते हुए थे।
उन्हें कुछ महीनों की सेलरी देकर नौकरी छोड़ने के लिए कहा गया था। जबकि जो पांच साल से अधिक समय से काम कर रहे थे। उन्हें दस माह की सेलरी देकर नौकरी से निकाला गया था। जिक्रयोग है कि डेल 2005 में शुरू हुई थी। यहां से यूरोप, लैटिन अमेरिका, अफ्रीका और फिलिपींस कस्टमर केयर सेवाएं दी जाती थी।
आईटी सिटी में अभी नहीं शुरू हो पाया काम
गमाडा द्वारा एयरोसिटी के साथ लगते तीन सेक्टरों में 1685 एकड़ में बसाई जा रही आईटी सिटी में अभी तक विकास का काम शुरू नहीं हो पाया है। हालांकि, अभी वहां पर सड़क काम का काम चल रहा है।
वैसे यह काम अप्रैल 2014 में पूरा होना था। लेकिन तय टाइम को पूरा हुए एक महीना बीत चुका है। अभी तक भी काम पूरा नहीं हो पाया है। वहीं, आईटी सिटी में इंफोसिज समेत 26 कंपनियों को प्लॉट अलॉट किए हैं।