फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Injustice with Para Athlete Suvarna Raj, Facing Problems due to Tweet to PM Modi

PM मोदी को ट्वीट करने वाली लड़की रोई, बोली- गलत क्या किया जो सजा दे रहे मुझे

Thu, 29 Mar 2018 10:06 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला Updated Thu, 29 Mar 2018 10:06 AM IST
विज्ञापन
Injustice with Para Athlete Suvarna Raj, Facing Problems due to Tweet to PM Modi
सुवर्णा राज
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ट्वीट करके 'सच का आईना' दिखाने वाली लड़की अब सजा भुगत रही है, जिससे आहत होकर वह रोने लगी। ‘अगर सिस्टम सही नहीं है तो क्या उसके लिए आवाज उठाना गलत है, लेकिन मेरे साथ ऐसा ही हुआ है। जब अपने और अपने जैसे दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए आवाज उठाई तो आवाज दबाने के लिए चैंपियनशिप से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया।’
विज्ञापन


ये बातें कहते हुए दिव्यांग खिलाड़ी सुवर्णा राज का गला भर आया। वह सोशल जस्टिस एंड इंपावरमेंट विभाग हरियाणा के कमिश्नर (डिसेबिलिटी) दिनेश शास्त्री से आपबीती साझा कर रही थीं। अमर उजाला में लगातार प्रमुखता से मुद्दा उठाए जाने के बाद सीएम के निर्देश पर दिनेश शास्त्री मंगलवार को पंचकूला के ताऊ देवी लाल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स पहुंचे थे। दिनेश शास्त्री ने दिव्यांग खिलाड़ियों से मिलकर उनकी परेशानियां जानीं। इसके बाद वह  सेक्टर-14 के किसान भवन में ठहरीं दिव्यांग खिलाड़ी सुवर्णा राज से मिले।
विज्ञापन


सुवर्णा को पता चला कि दिव्यांगों की समस्याओं के लिए कमिश्नर दिनेश शास्त्री आए हैं तो उनकी आंखें छलक उठीं। सुवर्णा ने कहा कि चलो कोई तो दिव्यांग खिलाड़ियों की मदद के लिए आगे आया। अमर उजाला की खबर का हवाला देते हुए सुवर्णा ने बताया कि यह समस्या सिर्फ उनकी नहीं थी, उन सैकड़ों दिव्यांग खिलाड़ियों की थी जो पंचकूला में खेलने पहुंचे हैं। सुवर्णा ने कहा कि मेरे आवाज उठाने के बाद अन्य दिव्यांगों ने भी अपनी समस्याओं को अमर उजाला के साथ साझा किया। इसके बाद कमिश्नर दिनेश शास्त्री ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है, उन्हें न्याय मिलेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


 

सुवर्णा ने कमिश्नर को हालातों से वाकिफ कराया

Injustice with Para Athlete Suvarna Raj, Facing Problems due to Tweet to PM Modi
सुवर्णा राज
सुवर्णा ने कमिश्नर दिनेश शास्त्री से कहा कि 24 मार्च को गेम के क्लासिफिकेशन के लिए उन्हें पंचकूला बुलाया गया था। ठहरने की व्यवस्था पंचकूला सेक्टर-तीन के ताऊ देवी लाल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स के मल्टीपर्पज हॉल में की गई थी। जहां करीब तीन सौ गद्दे जमीन पर पड़े थे। आयोजकों ने कहा यहीं आपको रुकना है। फिर पूछा कि बाथरूम कहां है, वहां जाकर देखा तो बाथरूम में व्हीलचेयर अंदर ही नहीं जा रही थी।

बाथरूम में पानी भरा हुआ था और बदबू बहुत ज्यादा थी। उसके बाद सुवर्णा ने बताया कि वह मल्टीपर्पज हॉल से बाहर आ गईं और खिलाड़ियों को दूसरी जगह शिफ्ट करने की मांग करने लगीं। सुवर्णा ने बताया कि बाथरूम कोई कितनी देर रोक सकता है। सुबह दस बजे निकली थीं और रात के साढ़े ग्यारह बज चुके थे। इसके बाद उन्हें किसान भवन में शिफ्ट कर दिया गया। सुवर्णा ने कहा कि दो बार पीएम को ट्वीट करने पर भी उन्हें कोई रिस्पांस नहीं मिला, जिसका उन्हें बेहद अफसोस है।

इंटरनेशनल महिला खिलाड़ी अकेले खेल सकती हैं तो मैं क्यों नहीं
एक इंटरनेशनल महिला खिलाड़ी यह कैसे कह सकती है कि ‘वीमेन व्हीलचेयर रेस कैन बी कनडक्टेड, बट विथ नो मेडल’ जबकि उसी महिला खिलाड़ी का पिछले बीस सालों का नेशनल रिकार्ड खंगाला जाए तो वह अकेली जेवलिन डिस्कस थ्रो में खेलकर गोल्ड मेडल लेती आईं हैं। फिर मेरे लिए नियम कैसे बदल गए। यह कहना है दिव्यांग खिलाड़ी सुवर्णा राज का। सुवर्णा ने नाम नहीं लेते हुए एक इंटरनेशनल खिलाड़ी पर यह आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब एक इंटरनेशनल खिलाड़ी अकेले खेल सकती है तो वह क्यों नहीं।  व्हीलचेयर रेस में पूरे देश में सिर्फ चार खिलाड़ी खेलते हैं तो इसमें उनकी क्या गलती है।

पीएम को ट्वीट करना पड़ा भारी, गेम से कर दिया गया बाहर

Injustice with Para Athlete Suvarna Raj, Facing Problems due to Tweet to PM Modi
सुवर्णा राज
सुवर्णा ने कमिश्नर से कहा कि प्रधानमंत्री को अपनी समस्याओं के संबंध में ट्वीट करना उन्हें इतना भारी पड़ जाएगा, इसका अंदाजा उन्हें नहीं था। प्रधानमंत्री को समस्याओं संबंधी ट्वीट करने पर आयोजकों ने क्लासिफिकेशन का तर्क देकर उन्हें प्रतियोगिता से बाहर का रास्ता दिखा दिया। सुवर्णा ने बताया कि उन्हें चैंपियनशिप से निकालने के संबंध में ऐसा तर्क दिया गया है जो समझ से परे है।

सुवर्णा से जब कमिश्नर ने पूछा कि उन्हें किस बेस पर निकाला गया है तो सुवर्णा ने कहा कि स्टेट से क्वालिफाई कर वह नेशनल चैंपियनशिप में आई हैं। लिस्ट में उनका नाम भी है। प्रतियोगिता शुरू होने से पहले उन्हें बाकायदा चेस्ट नंबर भी दिया गया था। सुवर्णा ने सवाल किया कि अचानक पीएम को ट्वीट करने के बाद मेरा क्लासिफिकेशन कैसे बदल गया। उन्होंने कहा मान लेने हैं कि क्लासिफिकेशन बदल गया तो इंटरनेशनल नियम के मुताबिक किसी एथलिट को खेलने से कैसे रोका जा सकता है जबकि उसे स्टेट क्वालिफाइंग राउंड में 54 नंबर देकर नेशनल में खेलने के लिए भेजा गया है।  

आत्मदाह करने का मैसेज देकर खुद को कमजोर साबित न करें
बता दें कि सुवर्णा ने न्याय न मिलने की स्थिति में आत्मदाह करने संबंधी मैसेजे सोशल मीडिया पर डाला था। इस पर कमिश्नर दिनेश शास्त्री ने उनसे कहा कि उन जैसी मजबूत खिलाड़ी आत्मदाह जैसे कमजोर शब्दावली का प्रयोग न करें। इससे दूसरे दिव्यांगों का मॉरल डाउन होगा और देश का नुकसान होगा। कमिश्नर ने कहा कि आप देश के लिए एक रोल मॉडल हैं, सोशल मीडिया से आत्मदाह का मैसेज तुरंत हटा लें।  उन्होंने सुवर्णा को भरोसा दिलाया कि उनकी सारी समस्याएं विभाग के चीफ कमिश्नर को दिल्ली में लिखकर भेजी जाएंगी और पूरा इंसाफ मिलेगा।

महिला आयोग की चेयरपर्सन ने कहा होगी कार्रवाई
सुवर्णा ने बताया कि उनके पास महिला आयोग की चेयरपर्सन रेखा शर्मा का भी कॉल आया था, उन्होंने ने भी आश्वासन दिया है, उन्हें इंसाफ मिलेगा और गलत पाए जाने पर जिम्मेदार अफसरों के खिलाफ कार्रवाई भी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed