दांतों को चमकाने हैं तो सात मिनट तक करें ब्रश, ये रही वजह
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यदि आप टूथब्रश करते समय मात्र दो से तीन मिनट का वक्त लगाते हैं तो इसका मतलब यही है कि दांतों की सफाई सही तरह से नहीं हो रही। दांतों को अच्छी तरह से साफ करने में कम से कम सात से आठ मिनट का समय लगता है।
दांतों को साफ करने का एक तरीका भी है। ब्रश को ऊपर -नीचे दांतों में धीरे-धीरे राउंड-राउंड घुमाना है। पहले क्लाक वाइज, फिर एंटीक्लाक वाइज। इस तरह से सभी दांतों को कवर करना है। यह कहना है पीजीआई के ओरल हेल्थ साइंस के एचओडी प्रोफेसर के गाबा का।
कोलगेट और इंडियन डेंटल एसोसिएशन (आईडीए) के ओरल हेल्थ मंथ 2016 की घोषणा के मौके पर उन्होंने बताया कि आइडल स्थिति तो यही है कि कुछ भी खाएं तो ब्रश जरूर करें।
क्योंकि खाने से मुंह में तेजाब बनता है और वह दांतों का नुकसान पहुंचाता है। खाने के बाद ही मुंह का पीएच वैल्यू भी नीचे आने लगता है। जैसे ही ब्रश करेंगे पीएच वैल्यू बढ़ने लगेगा।
पीजीआई के प्रोफेसर ने दी जानकारी
उन्होंने बताया कि दिन में पांच बार से ज्यादा नहीं खाना चाहिए। यानी सुबह से लेकर रात तक सिर्फ पांच बार मील लें। इसके अलावा तीन बार से ज्यादा मीठी चीज नहीं खानी चाहिए।
उन्होंने उस भ्रांति को भी दूर किया, जिसके बारे में अक्सर सुना जाता है कि बार-बार ब्रश करने से दांत घिसते हैं। यदि मुलायम ब्रश से दांतों को हल्के-हल्के रगड़ते हैं तो कोई दिक्कत नहीं आता।
हार्ड ब्रश से दिक्कत आ सकती है। कौन सा टूथपेस्ट अच्छा होता है तो उसके बारे में कहा कि किसी भी कंपनी का करो, लेकिन उसमें फ्लोराइड जरूर होना चाहिए।
फ्लोराइड दांतों को एसिड अटैक से बचाता है। उन्होंने बताया कि ओरल हेल्थ मंथ की ओर से देश के 1200 से अधिक शहरों में मुफ्त दंत चिकित्सा और जांच प्रदान की जा रही है।