Haryana Weather: करनाल में रिकॉर्ड 107 एमएम बारिश, आज सात जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
- सीजन की आधी बारिश तक पहुंचा आंकड़ा
- करनाल में वर्षा जनित हादसों में पांच साल की बच्ची और बुजुर्ग की मौत
- प्रदेश में लंबे समय बाद फिर सक्रिय हुआ मानसून, पारे में 4.4 डिग्री की गिरावट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हरियाणा में लंबे समय बाद एक बार फिर मानसून सक्रिय हुआ है। गुरुवार को सिरसा, फतेहाबाद को छोड़कर सभी जिलों में हल्की से भारी बारिश दर्ज की गई। करनाल में सर्वाधिक 107 एमएम बारिश हुई। वहीं करनाल के कैरवाली गांव में भारी बारिश के चलते मकान गिरने से एक बच्ची की मौत हो गई। वहीं शहर के एक घर में पानी घुसने के बाद इन्वर्टर बंद करने गया 65 वर्षीय व्यक्ति की करंट लगने से मौत हो गई।
मौसम विभाग के अनुसार शुक्रवार को भी प्रदेश में अच्छी बारिश की संभावना है। करनाल, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, रोहतक, सोनीपत और पानीपत में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। हालांकि दो अगस्त तक मानसून सक्रिय रहेगा। गुरुवार को प्रदेश में 8 फीसदी औसत बारिश हुई। प्रदेश में एक जून से 30 जुलाई तक 202.3 एमएम बारिश हो चुकी है, जो सीजन की सामान्य बारिश के आधे के पास पहुंच चुकी है। प्रदेश में मानसून सीजन में 410 एमएम औसत बारिश होती है। बारिश के चलते लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली है। हिसार में पारा 4.4 डिग्री गिरकर 33.6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
मानसूनी हवाएं कमजोर होने के कारण अच्छी बारिश नहीं हो पाई लेकिन अब मानसून धीरे-धीरे सक्रिय होगा। दो अगस्त तक प्रदेश में अधिकांश स्थानों पर अच्छी बारिश के आसार बने हुए हैं। - डॉ. मदन खिचड़, अध्यक्ष, कृषि मौसम विभाग, चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार
विज्ञापन विज्ञापन
गोहाना, खरखौदा और गन्नौर में हजारों एकड़ में खड़ी फसलें डूबीं
गोहाना में रिकॉर्ड 105 एमएम बारिश के साथ गन्नौर व खरखौदा में भी झमाझम बारिश हुई। बारिश से सड़कों पर और ग्रामीण क्षेत्र में खेतों में पानी भर गया। सामान्य अस्पताल के शवगृह समेत कई सरकारी व निजी भवनों में पानी भर गया। क्षेत्र के विभिन्न गांवों में जलभराव होने से फसलें डूब गईं।
करनाल: मकान की छत गिरने से पांच वर्षीय बच्ची की मौत, 4 परिजन घायल
तेज बारिश के कारण कैरवाली गांव में एक मकान की छत ढहने से परिवार के पांच सदस्य मलबे में दब गए। इस दर्दनाक हादसे में एक पांच साल की बच्ची आशू ने मौके पर ही दम तोड़ दिया और परिवार के चार सदस्य घायल हो गए। शहर के माडल टाउन स्थित बाल्मीकि बस्ती में पानी घुस गया। एक घर में पानी घुसने के बाद इन्वर्टर बंद करने गया 65 वर्षीय व्यक्ति की करंट लगने से मौत हो गयी।
करनाल में सर्वाधिक और रोहतक में सबसे कम बारिश
प्रदेश में छितराई और असमान बारिश हो रही है। एक जून से 30 जुलाई तक करनाल में सर्वाधिक 440.7 एमएम बारिश हुई है। जबकि रोहतक में महज 107.8 एमएम ही बारिश हुई है। असमान बारिश होने के कारण प्रदेश के 12 जिलों में सामान्य से बहुत कम बारिश हुई है। हालांकि प्रदेश में अब तक 3 फीसदी अधिक बारिश चल रही है।
कहां कितनी बारिश (एमएम)
- जिला बारिश
- करनाल 107
- अलेवा 106
- गोहाना 105
- पानीपत 72
- कैथल 69
- जुलाना 55
- खरखौदा 51
- महेंद्रगढ़ 50.5
- गन्नौर 49
- सफीदों 45
- जींद 36
- नरवाना 37
- उचाना 35
- पिल्लूखेड़ा 30
- कुरुक्षेत्र 39
- भिवानी 24.2
- खानपुर 21
- सोनीपत 19
- अंबाला 12
- यमुनानगर 10
- झज्जर 10