{"_id":"5b691f854f1c1b07788b8041","slug":"haryana-roadways-on-strike","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आज हरियाणा रोडवेज का चक्का जाम, मोटर व्हीकल संशोधन एक्ट-2017 का विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आज हरियाणा रोडवेज का चक्का जाम, मोटर व्हीकल संशोधन एक्ट-2017 का विरोध
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Tue, 07 Aug 2018 12:10 PM IST
विज्ञापन
रोडवेज की हड़ताल
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा रोडवेज कर्मचारियों ने आज चक्का जाम किया हुआ है। इसलिए किसी भी सफर पर निकलने की न सोचें, वरना परेशानी झेलेंगे। रोडवेज कर्मचारियों की आठ यूनियनें सोमवार रात बारह बजे से मंगलवार रात बारह बजे तक हड़ताल पर हैं।
इस दौरान रोडवेज की चार हजार से अधिक बसों का चक्का जाम रहेगा। रोडवेज की अन्य पांच यूनियनों ने भी हड़ताल को नैतिक समर्थन दे दिया है। हालांकि, इन यूनियनों के जुड़े कर्मचारी चक्का जाम में शामिल नहीं होंगे। वे दफ्तर में हाजिरी लगाने के बाद डिपो में ही मौजूद रहेंगे।
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति यह चक्का जाम केंद्रीय फेडरेशनों के आह्वान पर मोटर व्हीकल संशोधन एक्ट-2017 के विरोध में कर रही है। समिति संशोधन एक्ट को रद कराने के साथ ही हरियाणा के कर्मचारियों से जुड़े मुद्दे भी इस दौरान उठाएगी।
विज्ञापन
इसमें किलोमीटर स्कीम के तहत सात सौ बसों को ठेके पर लेने का मुद्दा भी प्रमुख है। इसके अलावा कर्मचारियों की आधा दर्जन और भी मांगें हैं। साथ ही कर्मचारी यूनियनें पूर्व में सरकार के साथ हुए समझौतों को भी जल्दी लागू करने की मांग उठाएगी।
विज्ञापन
इस दौरान रोडवेज की चार हजार से अधिक बसों का चक्का जाम रहेगा। रोडवेज की अन्य पांच यूनियनों ने भी हड़ताल को नैतिक समर्थन दे दिया है। हालांकि, इन यूनियनों के जुड़े कर्मचारी चक्का जाम में शामिल नहीं होंगे। वे दफ्तर में हाजिरी लगाने के बाद डिपो में ही मौजूद रहेंगे।
विज्ञापन
हरियाणा रोडवेज कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति यह चक्का जाम केंद्रीय फेडरेशनों के आह्वान पर मोटर व्हीकल संशोधन एक्ट-2017 के विरोध में कर रही है। समिति संशोधन एक्ट को रद कराने के साथ ही हरियाणा के कर्मचारियों से जुड़े मुद्दे भी इस दौरान उठाएगी।
विज्ञापन
इसमें किलोमीटर स्कीम के तहत सात सौ बसों को ठेके पर लेने का मुद्दा भी प्रमुख है। इसके अलावा कर्मचारियों की आधा दर्जन और भी मांगें हैं। साथ ही कर्मचारी यूनियनें पूर्व में सरकार के साथ हुए समझौतों को भी जल्दी लागू करने की मांग उठाएगी।
Haryana Roadways State Transport is observing a one-day strike today against the proposed Road Safety and Transport Bill and the state govt's decision to include private buses in its fleet. Visuals from Panchkula bus stand. pic.twitter.com/KIBUxytczJ
— ANI (@ANI) August 7, 2018
निजी बसें करेंगी सहयोग
रोडवेज की हड़ताल
वहीं, सरकार और पुलिस प्रशासन रोडवेज यूनियनों के चक्का जाम पर सरकार भी पूरी तरह से नजर रखे हुए है। डिपुओं के आसपास सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता कर दी गई है। सरकार किसी भी सूरत में कर्मचारियों के साथ टकराव नहीं चाहती।
निजी बस आपरेटरों से भी संपर्क साधा गया है और उन्हें सभी रूट पर सुचारू रूप से बसें चलाने के निर्देश परिवहन विभाग के अधिकारियों ने दिए हैं। बता दें कि चौबीस घंटे की हड़ताल से रोडवेज को लगभग चार करोड़ रुपये का नुकसान होगा। वहीं आठ राज्यों में रोडवेज की सेवाएं बाधित रहेंगी।
संयुक्त संघर्ष समिति के नेता इंद्र सिंह बधाना व सरबत सिंह पूनिया ने कहा कि सोमवार रात जो बसें रूट पर रवाना होंगी, उन्हें गंतव्य स्थल पर पहुंचने के बाद रोक दिया गया, जबकि डिपो में खड़ी बसें रूट पर नहीं चलेंगी। केंद्र व प्रदेश सरकार की हठधर्मिता के चलते रोडवेज कर्मियों को चक्का जाम करना पड़ रहा है।
निजी बस आपरेटरों से भी संपर्क साधा गया है और उन्हें सभी रूट पर सुचारू रूप से बसें चलाने के निर्देश परिवहन विभाग के अधिकारियों ने दिए हैं। बता दें कि चौबीस घंटे की हड़ताल से रोडवेज को लगभग चार करोड़ रुपये का नुकसान होगा। वहीं आठ राज्यों में रोडवेज की सेवाएं बाधित रहेंगी।
संयुक्त संघर्ष समिति के नेता इंद्र सिंह बधाना व सरबत सिंह पूनिया ने कहा कि सोमवार रात जो बसें रूट पर रवाना होंगी, उन्हें गंतव्य स्थल पर पहुंचने के बाद रोक दिया गया, जबकि डिपो में खड़ी बसें रूट पर नहीं चलेंगी। केंद्र व प्रदेश सरकार की हठधर्मिता के चलते रोडवेज कर्मियों को चक्का जाम करना पड़ रहा है।