फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Haryana Government will increase state electricity capacity by one thousand MW 

हरियाणा: बिजली क्षमता में एक हजार मेगावाट की होगी बढ़ोतरी, 84 हजार उपभोक्ताओं का इंतजार होगा खत्म

Thu, 22 Jul 2021 11:22 AM IST
निवेदिता वर्मा सोमदत्त शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़
सोमदत्त शर्मा, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Thu, 22 Jul 2021 11:22 AM IST
सार

दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के 60,585 और उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम के करीब 24,058 कनेक्शन लंबित हैं। करीब 40 हजार ट्यूबवेल कनेक्शनों के लिए भी किसान इंतजार कर रहे हैं।

विज्ञापन
Haryana Government will increase state electricity capacity by one thousand MW 
बिजली - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

बिजली कनेक्शन के लिए सालों से बाट जोह रहे हरियाणा के करीब 84 हजार उपभोक्ताओं का इंतजार जल्द खत्म होने वाला है। हरियाणा सरकार ने लगातार बढ़ती मांग को देखते हुए अपनी बिजली क्षमता में 1 हजार मेगावाट की बढ़ोतरी करने का निर्णय लिया है। अगले साल गर्मी से पहले इसे बढ़ा लिया जाएगा। इसके बाद से लंबित कनेक्शनों को भी जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। योजना के तहत या तो बाहर से बिजली खरीदी जाएगी या फिर खुद के ही बंद पड़े प्लांटों को चलाकर इसकी पूर्ति की जाएगी। 

विज्ञापन


इस समय हरियाणा की कुल बिजली क्षमता 12137 मेगावाट प्रतिदिन की है। इस बार 7 जुलाई को कुल क्षमता के बराबर ही मांग पहुंच गई थी। इसके बाद भी लगातार बिजली की मांग जारी रही। खपत ज्यादा होने के चलते कई जिलों में अघोषित कटों का सामना भी करना पड़ा।  
विज्ञापन



लंबित कनेक्शन को लेकर आयोग भी दे चुका है निर्देश
इस समय दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के 60,585 और उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम के करीब 24,058 कनेक्शन लंबित हैं। लंबित बिजली कनेक्शनों को लेकर हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग भी दोनों निगमों को प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश जारी कर चुका है। इसके अलावा, करीब 40 हजार ट्यूबवेल कनेक्शनों के लिए भी किसान इंतजार कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कहां कितनी है क्षमता
प्रदेश में कुल बिजली की क्षमता 12187 मेगावाट रोजाना की है। इनमें हरियाणा पावर जनरेशन कॉरपोरेशन की 2382, भाखड़ा बांध से 846, सेंट्रल पावर से 3022 और प्राइवेट क्षेत्र से 5700 मेगावाट बिजली मिलती है। प्रदेश सरकार का अडानी कंपनी के साथ 1424 मेगावाट बिजली खरीद का अनुबंध है। प्रदेश के थर्मल प्लांटों की बात करें तो पानीपत थर्मल प्लांट की यूनिट नंबर 6, 210, यूनिट 7 और 8 की क्षमता 250-250 मेगावाट है। दीन बंधू छोटूराम यमुनागर प्लांट की दो यूनिटों की क्षमता 300-300, खेदड़ की दोनों यूनिटों की 600-600 मेगावाट है। इंदिरा गांधी सुपर थर्मल पावर प्लांट की तीनों यूनिटों की क्षमता 500-500 मेगावाट है, यहां पर हरियाणा का शेयर 50 प्रतिशत है। इसी प्रकार महात्मा गांधी सुपर थर्मल प्लांट की दोनों यूनिट 600-600 मेगावाट की हैं। 

इस बार कुल क्षमता के मुकाबले बिजली की मांग पहुंच गई थी। इसी के चलते अगले सीजन को देखते हुए विभाग ने एक हजार मेगावाट की क्षमता बढ़ाने का निर्णय लिया है। आगामी सीजन से पहले यह क्षमता बढ़ जाएगी। इसके बाद लंबित चल रहे कनेक्शनों को देने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। - पीके दास, एसीएस, बिजली विभाग।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed