फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   haryana government decision to extend one year time period of army iti

हरियाणा में बंद नहीं होगी सात सैनिक आईटीआई, एक साल और मिलेगा अनुदान, सरकार रखेगी नजर

Wed, 31 Jul 2019 09:44 AM IST
खुशबू गोयल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: खुशबू गोयल Updated Wed, 31 Jul 2019 09:44 AM IST
विज्ञापन
haryana government decision to extend one year time period of army iti
सीएम मनोहर लाल खट्टर - फोटो : फाइल फोटो
हरियाणा की सात सैनिक आईटीआई अब बंद नहीं होंगी। सरकार ने इन्हें एक साल तक और सहायता अनुदान देने का फैसला किया है। सरकार के पूर्व फैसले अनुसार इसी 31 जुलाई को सैनिक परिवार भवन की ओर से चलाई जा रही आईटीआई बंद होनी थी। अब सरकार इन्हें बंद न कर 31 जुलाई 2020 के बाद अपने अधीन ले लेगी। सैनिक परिवार भवन संस्था एक साल तक ही इन आईटीआई को चला सकती है। इसी शर्त पर सरकार ने सहायता अनुदान देने का निर्णय लिया है। अन्य खर्चों के लिए सरकार कोई राशि नहीं देगी।
विज्ञापन


सात सैनिक आईटीआई के 31 जुलाई 2019 से बंद होने पर स्टाफ के सामने नौकरी का संकट खड़ा हो गया था। जिसे देखते हुए अमर उजाला ने इस मुद्दे को लगातार प्रमुखता से प्रकाशित किया। उसके बाद प्रदेश सरकार को सैनिक आईटीआई बंद करने का अपना फैसला बदलना पड़ा। सरकार ने इन आईटीआई को स्किल डेवलपमेंट एंड इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग विभाग में मर्ज करना था, जो कार्य सिरे नहीं चढ़ पाया। सीएम मनोहर लाल ने इसके आदेश जारी किए थे।
विज्ञापन


मर्जर के बाद सात सैनिक आईटीआई के भवनों को राज्य सैनिक अर्धसैनिक कल्याण विभाग, स्किल डेवलपमेंट एंड इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग व अन्य विभागों के कार्य के लिए टेक ओवर किया जाना था। सरकार के ताजा आदेशानुसार सैनिक परिवार भवन को सातों आईटीआई में सभी कोर्स स्किल डेवलपमेंट एंड इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग के नॉर्म्स अनुसार चलाने होंगे। 31 जुलाई 2020 के बाद सरकार की देखरेख में ये कोर्स चलेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed