{"_id":"5ef18f5d8ebc3e42b542a10e","slug":"haryana-cm-manohar-lal-launched-atamnirbhar-haryana-portal","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिना कोलेटरल ले सकेंगे लोन, दो प्रतिशत ब्याज सरकार करेगी वहन: मुख्यमंत्री मनोहर लाल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिना कोलेटरल ले सकेंगे लोन, दो प्रतिशत ब्याज सरकार करेगी वहन: मुख्यमंत्री मनोहर लाल
Tue, 23 Jun 2020 10:45 AM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Tue, 23 Jun 2020 10:45 AM IST
विज्ञापन
मुख्यमंत्री मनोहर लाल बैठक लेते हुए
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि हर जरूरमंद व्यक्ति की सहायता कर उसे आत्मनिर्भर बनाना कल्याणकारी राज्य की जिम्मेदारी होती है। सरकार अन्त्योदय की भावना से इस जिम्मेदारी को बखूबी निभा रही है। मुख्यमंत्री वित्त विभाग की ‘हरियाणा ब्याज छूट योजना’ के वेबपोर्टल https://atmanirbhar.haryana.gov.in के शुभारंभ अवसर पर बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि पोर्टल के माध्यम से लोग बिना किसी कोलेटरल के लोन ले सकेंगे। ब्याज की 2 प्रतिशत राशि सरकार वहन करेगी।
पोर्टल के माध्यम सें तीन प्रकार के लोन लिए जा सकेंगे, जिनमें डिफरेंशियल रेट ऑफ इंटरेस्ट लोन योजना (डीआरआई), शिशु लोन (मुद्रा योजना) और शिक्षा लोन शामिल हैं। डिफरेंशियल रेट ऑफ इंटरेस्ट लोन योजना (डीआरआई) के तहत ग्रामीण क्षेत्र के व्यक्तियों, जिनकी पारिवारिक आय 18,000 रुपये प्रतिमाह हो या शहरी व्यक्ति जिनकी पारिवारिक आय 24,000 रुपये प्रतिमाह हो को बिना किसी कोलेटरल के लोन दिया जाएगा।
परिवार पहचान पत्र के साथ आधार को जोड़कर पारिवारिक आय के प्रमाण पत्र की आवश्यकता को भी सरल बनाया गया है। यदि कोई व्यक्ति या व्यवसायी अपना नया काम-धंधा शुरू करना चाहता है या अपने कारोबार को बढाना चाहता है तो शिशु लोन (मुद्रा योजना) के तहत पोर्टल के माध्यम से उसे 50 हजार रुपये तक का लोन बिना किसी कोलेटरल के मिलेगा।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि हरियाणा के जिन बच्चों ने पहली जनवरी 2015 के बाद शिक्षा लोन लिए हैं, अप्रैल 2020 से जून 2020 तक उनके लोन के ब्याज की राशि सरकार वहन करेगी। इस योजना का उद्देश्य प्रदेश के गरीब से गरीब व्यक्ति को आत्मनिर्भर बनाने के लिए ऋण लेने व चुकाने की प्रक्रिया को आसान बनाना है। इससे लॉकडाउन के बाद प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में भी सहायता मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोरोना महामारी के बाद देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज का एलान किया है। हमें पैकेज का कम से कम 10 प्रतिशत का लाभ प्रदेश में लाना है। आगामी कुछ महीनों के अंदर हमें प्रदेश के हर व्यक्ति की संभाल करनी है। इस कार्य के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है।
इसके लिए सरकार एक सिस्टम तैयार कर रही है और सभी परिवारों के परिवार पहचान पत्र बनाए जा रहे हैं। मनोहर लाल ने कहा कि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सभी हरियाणावासियों का वित्तीय प्रबंध सही करने में उनकी मदद करनी है। सभी योजनाओं का लाभ ज़रूरतमंदों तक पहुंचाने के लिए बैंकों का सहयोग अपेक्षित है।
विज्ञापन
पोर्टल के माध्यम सें तीन प्रकार के लोन लिए जा सकेंगे, जिनमें डिफरेंशियल रेट ऑफ इंटरेस्ट लोन योजना (डीआरआई), शिशु लोन (मुद्रा योजना) और शिक्षा लोन शामिल हैं। डिफरेंशियल रेट ऑफ इंटरेस्ट लोन योजना (डीआरआई) के तहत ग्रामीण क्षेत्र के व्यक्तियों, जिनकी पारिवारिक आय 18,000 रुपये प्रतिमाह हो या शहरी व्यक्ति जिनकी पारिवारिक आय 24,000 रुपये प्रतिमाह हो को बिना किसी कोलेटरल के लोन दिया जाएगा।
विज्ञापन
परिवार पहचान पत्र के साथ आधार को जोड़कर पारिवारिक आय के प्रमाण पत्र की आवश्यकता को भी सरल बनाया गया है। यदि कोई व्यक्ति या व्यवसायी अपना नया काम-धंधा शुरू करना चाहता है या अपने कारोबार को बढाना चाहता है तो शिशु लोन (मुद्रा योजना) के तहत पोर्टल के माध्यम से उसे 50 हजार रुपये तक का लोन बिना किसी कोलेटरल के मिलेगा।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि हरियाणा के जिन बच्चों ने पहली जनवरी 2015 के बाद शिक्षा लोन लिए हैं, अप्रैल 2020 से जून 2020 तक उनके लोन के ब्याज की राशि सरकार वहन करेगी। इस योजना का उद्देश्य प्रदेश के गरीब से गरीब व्यक्ति को आत्मनिर्भर बनाने के लिए ऋण लेने व चुकाने की प्रक्रिया को आसान बनाना है। इससे लॉकडाउन के बाद प्रदेश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में भी सहायता मिलेगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कोरोना महामारी के बाद देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज का एलान किया है। हमें पैकेज का कम से कम 10 प्रतिशत का लाभ प्रदेश में लाना है। आगामी कुछ महीनों के अंदर हमें प्रदेश के हर व्यक्ति की संभाल करनी है। इस कार्य के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है।
इसके लिए सरकार एक सिस्टम तैयार कर रही है और सभी परिवारों के परिवार पहचान पत्र बनाए जा रहे हैं। मनोहर लाल ने कहा कि विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सभी हरियाणावासियों का वित्तीय प्रबंध सही करने में उनकी मदद करनी है। सभी योजनाओं का लाभ ज़रूरतमंदों तक पहुंचाने के लिए बैंकों का सहयोग अपेक्षित है।