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पंचायतों हरियाणा सरकार का तोहफा, देखिए कैबिनेट के बड़े फैसले
यशपाल शर्मा/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Wed, 04 Jan 2017 10:23 AM IST
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हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक
- फोटो : File Photo
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हरियाणा की खट्टर सरकार ने पंचायतों के सशक्तीकरण के लिए अहम फैसला लिया है। प्रदेश के सरकारी विभागों के पास सरप्लस पड़ी पंचायती भूमि की अदला-बदली विभाग आपस में अब नहीं कर सकेंगे। विभागों को ये भूमि विकास कार्यों के लिए पंचायतों को लौटानी होगी। सरकार ने मंत्रिमंडल बैठक में विभागों की सरप्लस जमीनों को मात्र एक रुपये के टोकन मूल्य पर पंचायतों को वापस हस्तांतरित करने का फैसला लिया है।
सिंचाई विभाग की ओर से कैबिनेट में जिला फतेहाबाद के गांव जमालपुर में 26 कनाल 19 मरला भूमि को पंचायती राज विभाग को व्यायामशाला व योगशाला बनाने के लिए हस्तांतरित करने का प्रस्ताव लाया गया था, जिसे मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद मंत्रिमंडल ने खारिज कर दिया। सीएम मनोहर लाल ने इस पर ये कहते हुए आपत्ति जताई कि इस प्रस्ताव को मंजूरी देना शोभनीय नहीं है, चूंकि ये जमीन पंचायत से ही सिंचाई विभाग को मिली है, इसलिए इसे पंचायती राज विभाग को सर्किल रेट के आधार पर नहीं दिया जाना चाहिए।
इस तरह के अन्य मामलों में भी सरकारी विभाग विकास कार्यों के लिए अपने पास सरप्लस पड़ी भूमि को पंचायतों को ही लौटाएंगे। गांव जमालपुर की 26 कनाल 19 मरला भूमि पंचायत को एक रुपये मूल्य लागत पर मिलने के बाद अब पंचायत ही योगशाला एवं व्यायामशाला बनाएगी। सीएम के प्रधान सचिव आरके खुल्लर ने कैबिनेट में यह निर्णय लिए जाने की पुष्टि की है।
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सिंचाई विभाग की ओर से कैबिनेट में जिला फतेहाबाद के गांव जमालपुर में 26 कनाल 19 मरला भूमि को पंचायती राज विभाग को व्यायामशाला व योगशाला बनाने के लिए हस्तांतरित करने का प्रस्ताव लाया गया था, जिसे मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप के बाद मंत्रिमंडल ने खारिज कर दिया। सीएम मनोहर लाल ने इस पर ये कहते हुए आपत्ति जताई कि इस प्रस्ताव को मंजूरी देना शोभनीय नहीं है, चूंकि ये जमीन पंचायत से ही सिंचाई विभाग को मिली है, इसलिए इसे पंचायती राज विभाग को सर्किल रेट के आधार पर नहीं दिया जाना चाहिए।
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इस तरह के अन्य मामलों में भी सरकारी विभाग विकास कार्यों के लिए अपने पास सरप्लस पड़ी भूमि को पंचायतों को ही लौटाएंगे। गांव जमालपुर की 26 कनाल 19 मरला भूमि पंचायत को एक रुपये मूल्य लागत पर मिलने के बाद अब पंचायत ही योगशाला एवं व्यायामशाला बनाएगी। सीएम के प्रधान सचिव आरके खुल्लर ने कैबिनेट में यह निर्णय लिए जाने की पुष्टि की है।
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मंत्रिमंडल बैठक के अन्य निर्णय
हरियाणा मंत्रिमंडल की बैठक
- फोटो : File Photo
मंत्रिमंडल बैठक के अन्य निर्णय
. हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की लगभग तीन एकड़ दो कनाल चार मरला भूमि वैकल्पिक सड़क निर्माण के लिए लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) की पांच एकड़ सात मरला भूमि के साथ बदली
. लोक निर्माण विभाग की गन्नौर बेगा से घसौली सड़क गन्नौर अंतरराष्ट्रीय बागवानी मंडी की भूमि को नहीं करेगी विभाजित। मंडी की चहारदीवारी की बाहरी परिधि में होगी स्थानांतरित। हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड करेगा सात मीटर मेटल सड़क का निर्माण
. सिंचाई व जल संसाधन विभाग की 10.03 एकड़ सरप्लस भूमि हरियाणा भंडारण निगम को गांव डडौली, जिला नूंह में 15,000 मीट्रिक टन क्षमता के गोदाम के निर्माण के लिए हस्तांतरित। 25 लाख रुपये प्रति एकड़ रहेगा कलेक्टर रेट
. अंबाला के गांव सैनमाजरा में 30 कनाल 18 मरला भूमि और गांव शहजादपुर में 6 कनाल पांच मरला भूमि खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग को गोदामों के निर्माण के लिए हस्तांतरित
. हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड की लगभग तीन एकड़ दो कनाल चार मरला भूमि वैकल्पिक सड़क निर्माण के लिए लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) की पांच एकड़ सात मरला भूमि के साथ बदली
. लोक निर्माण विभाग की गन्नौर बेगा से घसौली सड़क गन्नौर अंतरराष्ट्रीय बागवानी मंडी की भूमि को नहीं करेगी विभाजित। मंडी की चहारदीवारी की बाहरी परिधि में होगी स्थानांतरित। हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड करेगा सात मीटर मेटल सड़क का निर्माण
. सिंचाई व जल संसाधन विभाग की 10.03 एकड़ सरप्लस भूमि हरियाणा भंडारण निगम को गांव डडौली, जिला नूंह में 15,000 मीट्रिक टन क्षमता के गोदाम के निर्माण के लिए हस्तांतरित। 25 लाख रुपये प्रति एकड़ रहेगा कलेक्टर रेट
. अंबाला के गांव सैनमाजरा में 30 कनाल 18 मरला भूमि और गांव शहजादपुर में 6 कनाल पांच मरला भूमि खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग को गोदामों के निर्माण के लिए हस्तांतरित