फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Haryana Assembly Elections 2014 counting

त्रिशंकु रहा जनादेश तो सामने होंगे 3 विकल्प

Sun, 19 Oct 2014 08:01 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़/रोहतक
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़/रोहतक Updated Sun, 19 Oct 2014 08:01 AM IST
विज्ञापन
Haryana Assembly Elections 2014 counting

हरियाणा की राजनीति को आज नई दिशा और प्रदेश निवासियों को नई सरकार मिलेगी। दोपहर 12 बजे तक नई बनने वाली सरकार की स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।

विज्ञापन


किसी दल को स्पष्ट बहुमत न मिला तो दोपहर से जोड़-तोड़ की भी राजनीति भी शुरू हो जाएगी। चुनाव आयोग ने प्रदेश में मतगणना के लिए 57 केंद्र बनाए हैं।

इन केंद्रों की सुरक्षा के लिए 10 हजार पुलिस कर्मचारी तैनात किए गए हैं। इनके अलावा मतगणना के लिए 5 हजार कर्मचारी लगे हैं। इस बार विधानसभा के लिए 1351 उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ा है। इनकी हार और जीत उनकी राजनीति तय करेगी।
विज्ञापन

भाजपा-इनेलो दोनों रहें बहुमत से दूर लेकिन एकजुट हों तो बहुमत...

Haryana Assembly Elections 2014 counting

मतगणना के बाद यदि प्रदेश में ऐसी स्थिति बने कि भाजपा और इनेलो दोनों ही अपने-अपने दम पर 35 के आसपास के आंकड़े के करीब तो पहुंचें, लेकिन एक-दूसरे के बिना सरकार बनाने की स्थिति में न हों, तो संभव है कि दोनों दल साथ आने का प्रयास करें।

इस काम में पंजाब के मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल की भूमिका एक स्वाभाविक मध्यस्थ की हो सकती है। पंजाब में अकाली-भाजपा गठबंधन है और हरियाणा में अकाली दल इनेलो के साथ है। ऐसे में बादल भाजपा और इनेलो के बीच की तल्खी कम करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।

खास बात यह है कि मुख्यमंत्री बादल जहां भाजपा के साथ गठबंधन में सरकार चला रहे हैं वहीं उनके ओमप्रकाश चौटाला परिवार से गहरे पारिवारिक रिश्ते हैं। सभी जानते हैं कि मुख्यमंत्री बादल की बात चौटाला परिवार का कोई सदस्य नहीं टाल सकता।

यदि भाजपा बहुमत से पीछे रहे...

Haryana Assembly Elections 2014 counting

मोदी फैक्टर के सहारे आत्मविश्वास से भरी भाजपा अगर प्रदेश में बहुमत से मामूली अंतर से दूर रही तो सरकार बनाने के लिए पार्टी की नजर सबसे पहले निर्दलीय और छोटे दलों पर ही टिकेगी।

इनके बाद पार्टी के पास दूसरा विकल्प कुलदीप बिश्नोई की हजकां के रूप में होगा। सत्ता के लिए कुलदीप बिश्नोई को मनाना भाजपा को गवारा होगा।

विज्ञापन

यदि इनेलो बहुमत के करीब रहे तो...

Haryana Assembly Elections 2014 counting

इनेलो अगर बहुमत के करीब तक ही पहुंची तो संभव है कि वह निर्दलीयों के अलावा गोपाल कांडा की हलोपा और विनोद शर्मा की हजपा का समर्थन हासिल कर सरकार बनाना चाहेगी।

भाजपा की तरह इनेलो के लिए दूसरा विकल्प हजकां हो सकता है। लेकिन शनिवार को यह चर्चा भी रही कि इनेलो और कांग्रेस सहयोग की सूरत तलाश रहे हैं और आने वाले दिनों में इस काम में नीतिश, लालू और शरद यादव एक सीमित भूमिका निभा सकते हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed