पठानकोटः गुवाहाटी से जम्मूतवी जा रही एक्सप्रेस ट्रेन पटरी से उतरी, यात्रियों में मची अफरातफरी
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गुवाहाटी से जम्मूतवी जाने वाली लोहित एक्सप्रेस (15651) का एसएलआर बुधवार सुबह पठानकोट कैंट रेलवे स्टेशन से 300 मीटर दूर आउटर सिग्नल पर पटरी से उतर गया। हादसे में किसी यात्री को चोट नहीं आई।
बताया जा रहा है कि स्टेशन करीब होने के चलते ट्रेन की स्पीड 15 से 20 किमी प्रति घंटा के करीब थी। पहला कोच बेपटरी होने के चलते ट्रेन रुक गई। हादसे के चलते तीन घंटे बाधित रहा दिल्ली-कटरा रूट पर ट्रेनों का संचालन बाधित रहा।
जानकारी के मुताबिक सुबह 10:18 मिनट पर ट्रेन जैसे ही कैंट स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 2 पर आने लगी तो कुछ दूरी पर इंजन के साथ वाला पहला एसएलआर कोच (गार्ड कम दिव्यांग बोगी) पटरी से उतर गया। चालक ने ब्रेक लगाई लेकिन तब तक कोच घसीटते हुए लगभग 60 से 70 मीटर तक आगे चला गया।
अचानक बेपटरी हुए कोच से यात्रियों में अफरातफरी मच गई और गाड़ी रुकते ही आनन-फानन में सभी यात्री नीचे उतर गए। हादसे की सूचना पाकर रेलवे अधिकारियों, जीआरपी व आरपीएफ के अधिकारी मौके पर पहुंचे और यात्रियों को शांत किया। कड़ी मशक्कत के बाद लगभग 3 घंटे बाद ट्रेन को जम्मूतवी के लिए रवाना किया गया।
कटिहार से वैष्णो देवी कटरा जा रहे लल्लन श्रीवास्तव, शम्भू पंडित और सोबन शाह, गोरखपुर निवासी डॉ. रजत जयसवाल ने बताया कि अचानक चलती ट्रेन में जोरदार झटके लगे, जिसके चलते यात्रियों में हड़कंप मच गया। कई झटकों के बाद ट्रेन रुक गई। उन्होंने नीचे आकर देखा तो सारी स्थिति का पता चला।
कंदरोड़ी से डीजल इंजन मंगवा ट्रेन को भेजा जम्मू
हादसे के बाद रेलवे अधिकारियों ने रेलगाड़ी की इलेक्ट्रिक पावर को अलग किया और दुर्घटना रिलीफ ट्रेन को मौके पर बुलाकर डिरेल हुई बोगी को पटरी पर लाने का कार्य शुरू किया। कंदरोड़ी से इंजन को मंगवाकर पहले हादसाग्रस्त गाड़ी की शेष सभी बोगियों को एसएलआर कोच से अलग किया गया। करीब 3 घंटे के बाद बोगी को पटरी पर चढ़ाकर और स्टेशन पर लाया गया।
वंदे भारत समेत 4 ट्रेनें लेट, 1 निरस्त
लोहित एक्सप्रेस की बोगी के पटरी से उतरने के बाद नई दिल्ली से चलकर पवित्र धाम माता वैष्णो देवी को जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस को भी इसकी मार झेलनी पड़ी और वह अपने निर्धारित समय 11 बजे की बजाए 2.30 बजे गंतव्य को रवाना हुई। वहीं 12477 जामनगर-माता वैष्णो देवी सुपरफास्ट को मुकेरियां रेलवे स्टेशन, 12919 इंदौर-माता वैष्णो देवी मालवा सुपरफास्ट को दसुहा रेलवे स्टेशन पर रोके रखा गया। समाचार लिखे जाने तक वह पठानकोट कैंट रेलवे स्टेशन पर नहीं पहुंच पाई थी। इसके अलावा पठानकोट से वेरका जाने वाली डीएमयू को रद्द कर दिया गया।
ट्रैक से गुजर रहे श्रमिक ने ड्राइवर को दी जानकारी
हादसे के समय उक्त ट्रैक के पास से निकल रहे श्रमिक महेश पासवान ने बताया कि जब वह ट्रैक के समीप से गुजर रहा था तो उसने देखा कि उक्त ट्रेन का एक डिब्बा ट्रैक से उतर कर जमीन पर घसीटता जा रहा है तो उसने दौड़कर चालक को इसकी जानकारी दी। जिसके चलते ड्राइवर ने तुरंत ट्रेन को रोक दिया। जिससे एक बड़ा हादसा घटित होने से बच गया।
प्रथम दृष्टि से ऐसा लग रहा है कि जो एसएलआर कोच ट्रैक से नीचे उतरा है उसमें टेक्निकल प्रॉब्लम है, जिसकी जांच की जा रही है। मामला डीआरएम के ध्यान में है, वह अपनी रिपोर्ट तैयार कर हेड ऑफिस को भेजेंगे। बाकी जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही दी जा सकती है।- विपुल गोयल, असिस्टेंट डिवीजनल मेकेनिकल इंजीनियर।
जांच टीम गठित
पठानकोट के पास बेपटरी हुई हुई गुवाहाटी-जम्मूतवी एक्सप्रेस (15651) ट्रेन की जांच के लिए तीन अधिकारियों की टीम गठित की गई है। इनमें सीनियर डीएमई (कैरिज एंड वैगन), सीनियर डीईएन-टू और सीनियर डीटीएम (जम्मूतवी) शामिल हैं। इस घटना के चलते चार ट्रेनें प्रभावित हुई हैं। यह जानकारी रेल डिवीजन फिरोजपुर के रेल मंडल प्रबंधक राजेश अग्रवाल ने दी।
रेल अधिकारियों के मुताबिक पटरी से उतरने के कुछ देर बाद ही घटनास्थल का निरीक्षण करने के लिए एडीआरएम, डीएसओ, सीनियर डीएमई (कैरिज एंड वैगन), सीनियर डीईएन-टू, सीनियर डीटीएम जम्मू, एडीएमई पठानकोट, एडीईएन पठानकोट व एडीएसटीई अमृतसर को भेजा गया है जो डिरेलमेंट का कारण देखकर रिपोर्ट करेंगे।