{"_id":"61f018a009b5ce4e960dd87f","slug":"former-mla-sukhpal-singh-nannu-returns-to-bjp","type":"story","status":"publish","title_hn":"Punjab Election 2022: पूर्व विधायक सुखपाल सिंह नन्नू भाजपा में लौटे, पूर्व मंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी के बनेंगे सारथी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab Election 2022: पूर्व विधायक सुखपाल सिंह नन्नू भाजपा में लौटे, पूर्व मंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी के बनेंगे सारथी
Tue, 25 Jan 2022 09:10 PM IST
ajay kumar
अनिल कुमार, संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजपुर (पंजाब)
अनिल कुमार, संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजपुर (पंजाब)
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 25 Jan 2022 09:10 PM IST
विज्ञापन
सुखपाल सिंह नन्नू के कंधे पर हाथ रखकर खड़े भाजपा प्रत्याशी राणा सोढ़ी।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पंजाब के सियासी महासमर में हर राजनीतिक पार्टी अपनी जीत के लिए चक्रव्यूह रचने में जुटी है। फिरोजपुर शहर हलका हॉट सीट है। यहां से भाजपा प्रत्याशी राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी (पूर्व खेल मंत्री) ने अपनी ताकत बढ़ाने के लिए अपने सियासी रथ का सारथी सुखपाल सिंह नन्नू (पूर्व भाजपा विधायक) को बनाया है।
विज्ञापन
नन्नू ने तीन कृषि कानूनों के खिलाफ भाजपा से इस्तीफा दे दिया था, मंगलवार को अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ नन्नू फिर से भाजपा में शामिल हो गए हैं। बता दें कि इस्तीफे के बाद कांग्रेस, आप व शिअद (ब) ने भी नन्नू से हाथ मिलाना चाहा। सियासी जानकारों के मुताबिक सतलुज नदी पार सीमांत गांवों में नन्नू के बहुत से समर्थक हैं, क्योंकि कारगिल युद्ध के दौरान भारत-पाक सीमा पर तनाव की स्थिति या फिर बाढ़ से प्रभावित ग्रामीणों को अकेले नन्नू लंगर की सेवा देने पहुंचते थे।
विज्ञापन
यही कारण है कि सीमावर्ती ग्रामीण नन्नू के साथ हैं। ये बात भलीभांति राणा सोढ़ी जानते थे। जहां नन्नू को कांग्रेस, आप व शिअद (ब) अपने साथ लाने की कोशिश में थी, वहीं मौका देखते ही सोढ़ी ने नन्नू की हर शर्त मानकर दोबारा भाजपा में शामिल किया है। समारोह में भाजपा के नाराज कार्यकर्ता जिला भाजपा प्रधान सुरेंद्र सिंह बग्गेके पिपल से बहस करने लगे कि इन्होंने फिरोजपुर में भाजपा की छवि खराब की है।
विज्ञापन
ये अपने साथ किसी को लेकर नहीं चलते थे। तभी फिरोजपुर में भाजपा बिखरी पड़ी है। माहौल संभालते हुए सोढ़ी बोले कि जितने भी सियासी सरकारी ओहदे होंगे नन्नू से पूछकर ही कार्यकर्ताओं को दिए जाएंगे। आज से भाजपा का चुनाव कार्यालय नन्नू की कोठी होगी, जो भी कार्यक्रम होंगे और गांवों में जाना होगा नन्नू तय करेंगे। तब जाकर नाराज भाजपा कार्यकर्ता शांत हुए। सभी को सिरोपे भेंट कर सम्मानित किया गया।