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हरियाणा के पूर्व सीएम हुड्डा की मुश्किलें बढ़ीं, ईडी ने 30 करोड़ के 14 प्लॉट अटैच किए
Fri, 30 Aug 2019 12:24 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Fri, 30 Aug 2019 12:24 AM IST
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भूपेंद्र सिंह हुड्डा, पूर्व मुख्यमंत्री हरियाणा (फाइल फोटो)
- फोटो : amar ujala
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हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (हुडा) के पंचकूला में औद्योगिक प्लॉट आवंटन के मामले में ईडी का पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा पर शिकंजा कसता जा रहा है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने हुड्डा सरकार के समय आवंटित 14 प्लॉटों को अटैच कर दिया है जिनकी कीमत 30 करोड़ 34 लाख रुपये है।
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प्लॉट आवंटन घोटाले में यह ईडी की बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है। यह कार्रवाई मनी लांड्रिंग कानून के तहत की गई है। आरोप है कि हुड्डा के सीएम रहते साल 2011 यह प्लॉट उनके करीबियों को नियमों को ताक पर रखकर आवंटित किए गए। ईडी के मुताबिक उस वक्त संपत्ति के बाजार मूल्यों से काफी कम दाम पर प्लॉट दिए गए। जानकारी के मुताबिक प्लॉट आवंटन से जुड़े अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई हुई है।
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पहले से चुने आवेदकों को प्लॉट दिलाने के लिए मानकों में किया हेरफेर: ईडी
हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण में 2011 में आवंटन के लिए प्लॉट उपलब्ध थे। आवंटन का मूल्य बाजार दर से काफी कम रखा गया था। उस वक्त कलेक्टर दर आवंटन के लिए निर्धारित दर से चार-पांच गुना अधिक थी। पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा सरकार को निर्देश दिया था कि इस तरह के आवंटन के लिए निष्पक्ष एवं पारदर्शी मानक बनाए जाएं।
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ईडी के मुताबिक आवेदन की अंतिम तिथि बीत जाने के 18 दिन बाद आवंटन के मानक बदल दिए गए। ऐसा तब हुआ जब सभी आवेदकों के आंकड़े हुडा के पास थे। ईडी का आरोप है कि साक्षात्कार समिति के अधिकार बढ़ाकर पहले से चुने गए आवेदकों के पक्ष में मानकों में फेरबदल कर दिए गए।