पूर्व मुख्य सचिव डीएस ढेसी होंगे हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग के नए चेयरमैन
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हरियाणा के मुख्य सचिव की कुर्सी साढ़े चार साल तक संभाल चुके सेवानिवृत्त आईएएस डीएस ढेसी हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग के चेयरमैन होंगे। दीपेंद्र सिंह ढेसी को 16 अगस्त शाम पांच बजे आयोग के चेयरमैन के रूप में पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई जाएगी। मुख्यमंत्री मनोहर लाल हरियाणा निवास में उन्हें शपथ दिलाएंगे।
सरकार ने उनकी नियुक्ति को मंजूरी दे दी है। 1982 बैच के आईएएस अधिकारी रहे ढेसी मूल रूप से हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा के रहने वाले हैं। वह बीते तीस जून को ही हरियाणा के मुख्य सचिव के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। केंद्र में प्रतिनियुक्ति से लौटते ही उन्होंने मुख्य सचिव का पद संभाला था।
उनकी गिनती सीएम मनोहर लाल के विश्वासपात्रों में होती है। सेवानिवृत्ति के समय से ही अटकलें लगाई जा रही थीं कि सरकार उन्हें ऊंचे ओहदे से नवाजेगी। सरकार ने सीएम के करीबी ढेसी को विद्युत विनियामक आयोग में ऐडजस्ट किया है। वह पूर्व चेयरमैन जगजीत सिंह की जगह लेंगे। उनका कार्यकाल जुलाई महीने में पूरा हो चुका है।
आईएएस अशोक कुमार को निदेशक सेकेंडरी शिक्षा का जिम्मा
हरियाणा स्कूल शिक्षा विभाग में एक और बड़ा फेरबदल हुआ है। सरकार ने सेकेंडरी शिक्षा निदेशक आईएएस डॉ राकेश गुप्ता को बदल दिया है। अब आईएएस अशोक कुमार शर्मा सेकेंडरी शिक्षा निदेशक होंगे। तुरंत प्रभाव से दोनों आईएएस अधिकारियों के नियुक्ति एवं स्थानांतरण आदेश लागू हो गए हैं। डॉ राकेश गुप्ता को हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद का राज्य परियोजना निदेशक लगाया गया है।
इसके अलावा उनके पास मुख्यमंत्री सुशासन एसोसिएट्स कार्यक्रम के परियोजना निदेशक व बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम के नोडल अधिकारी का भी कार्यभार रहेगा। अशोक कुमार शर्मा अब तक राज्य परियोजना निदेशक, हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद के पद पर कार्यरत थे।
शिक्षा निदेशालय में यह चलन लंबे समय से चला आ रहा है कि निदेशक पद पर आईएएस अधिकारी लंबे समय तक नहीं टिकते। एक वर्ष के भीतर ही उन्हें बदल दिया जाता है। बीते पांच साल में सेकेंडरी शिक्षा विभाग व मौलिक शिक्षा विभाग का जिम्मा अनेक आईएएस ने संभाला, लेकिन कार्यप्रणाली समझने के साथ ही बदल दिए गए। डॉ. राकेश गुप्ता पीजीटी की रेशनेलाइजेशन को लेकर शिक्षक संगठनों के निशाने पर चल रहे थे।