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चंडीगढ़ः खाली नहीं की सरकारी कोठी, हरियाणा के पूर्व चीफ सेक्रेटरी पर 3.43 लाख का जुर्माना

Tue, 03 Dec 2019 11:52 AM IST
खुशबू गोयल रिशु राज सिंह, अमर उजाला, चंडीगढ़
रिशु राज सिंह, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: खुशबू गोयल Updated Tue, 03 Dec 2019 11:52 AM IST
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Fine on former chief secretary of haryana for not leaving government house
सांकेतिक तस्वीर
हरियाणा के पूर्व चीफ सेक्रेटरी सीनियर आईएएस दीपेंद्र सिंह ढेसी पर यूटी प्रशासन के हाउस अलॉटमेंट विभाग ने जुर्माना लगाया है। तय अवधि से ज्यादा समय तक सेक्टर-7 की सरकारी कोठी को अपने पास रखने के लिए उन पर 3 लाख 43 हजार 319 रुपये का जुर्माना लगाया है। विभाग की तरफ से ब्याज सहित राशि को चुकाने के लिए कई नोटिस व रिमाइंडर भी जारी किए जा चुके हैं।
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सूत्रों के अनुसार मामला वर्ष 2010 से वर्ष 2011 के बीच का है। इस दौरान सीनियर आईएएस दीपेंद्र सिंह ढेसी का दिल्ली तबादला हो गया। उन्हें सेक्टर-7 की कोठी नंबर- 53 को कुछ महीनों के बाद खाली करना था, लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया। दीपेंद्र सिंह ढेसी ने 24 जून 2010 से 29 अप्रैल 2011 के बीच सेक्टर-7 की कोठी को गैरकानूनी तरीके से अपने पास रखा।
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इस बीच प्रशासन की तरफ से कोठी को खाली करने के लिए नोटिस भी भेजे गए, लेकिन उन्होंने खाली नहीं किया। हालांकि, यह मामला ढेसी के रिटायरमेंट के बाद सामने आया है। नाम न छापने की शर्त पर प्रशासन के एक अधिकारी ने बताया कि रिमाइंडर नोटिस भेजे गए हैं। उम्मीद है कि जल्द ही राशि जमा करा दी जाएगी।
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प्रिंसिपल अमांउट पर 8 साल का ब्याज भी चुकाना पड़ेगा

यूटी प्रशासन के हाउस अलॉटमेंट विभाग ने ढेसी को 3 लाख 43 हजार 319 रुपये चुकाने का नोटिस भेजा है। इसके अलावा प्रिंसिपल अमाउंट पर ढेसी को 12 प्रतिशत के हिसाब से प्रत्येक वर्ष (8 वर्ष) का ब्याज भी देना होगा। इस आधार पर दीपेंद्र सिंह ढेसी को काफी मोटी रकम चुकानी पड़ेगी। गौरतलब है कि अक्तूबर और नवंबर माह में भी बकाया राशि को चुकाने के लिए रिमाइंडर भेजा गया है। इस पूरे मामलेे पर दीपेंद्र सिंह ढेसी से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।

8 साल बाद ऐसे सामने आया मामला
यह पूरा मामला सीनियर आईएएस दीपेंद्र सिंह ढेसी के रिटायरमेंट के बाद सामने आया है। वह 30 जून को रिटायर हुए थे। दरअसल, किसी भी आईएएस के रिटायर होने के बाद सभी विभागों से नो ड्यूज सर्टिफिकेट लेना होता है। इसलिए हर विभाग को लेटर भेजा गया। इस तरह का ही एक लेटर हाउस अलॉटमेंट विभाग के पास भी आया। उन्होंने जब दीपेंद्र सिंह ढेसी के कार्यकाल और उनके द्वारा चुकाई गई राशि का मिलान किया तो उन्हें इस गड़बड़ी का पता चला।
 
30 जून को रिटायर हुए ढेसी, वर्तमान में एचईआरसी के चेयरमैन
हरियाणा के मुख्य सचिव की कुर्सी साढ़े चार साल तक संभालने के बाद सीनियर आईएएस दीपेंद्र सिंह ढेसी 30 जून 2019 को रिटायर हुए थे। इसके बाद 14 अगस्त को उन्होंने हरियाणा विद्युत विनियामक आयोग (एचईआरसी) के चेयरमैन का पदभार संभाला है। 1982 बैच के आईएएस अधिकारी रहे ढेसी मूलरूप से हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा के रहने वाले हैं और केंद्र सरकार में भी सेवाएं दे चुके हैं।
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