फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Farmers of Punjab sitting at Shambhu and Khanauri border will no longer March to Delhi

Kisan Andolan: दिल्ली कूच नहीं करेंगे पंजाब के किसान, हरियाणा बॉर्डर पर ही डटेंगे, 10 को रोकेंगे ट्रेनें

Mon, 04 Mar 2024 08:09 AM IST
निवेदिता वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: निवेदिता वर्मा Updated Mon, 04 Mar 2024 08:09 AM IST
सार

अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पंजाब के किसान 13 फरवरी को दिल्ली कूच के लिए बढ़े थे। हरियाणा में शंभू समेत सभी बॉर्डरों पर पुलिस ने भारी बैरिकेडिंग कर उन्हें रोक लिया था। केंद्र के साथ वार्ता का कोई समाधान भी नहीं निकला। इसी बीच खनौरी बॉर्डर पर किसान शुभकरण की मौत के बाद किसान रणनीति पर मंथन में जुटे थे।

विज्ञापन
Farmers of Punjab sitting at Shambhu and Khanauri border will no longer March to Delhi
किसान आंदोलन। - फोटो : फाइल

विस्तार

एमएसपी की कानूनी गारंटी समेत अन्य मांगों को लेकर शंभू और खनौरी बॉर्डर पर बैठे पंजाब के किसान अब दिल्ली कूच नहीं करेंगे। वे हरियाणा के बॉर्डर पर ही डटे रहेंगे। हालांकि किसान संगठनों ने अन्य राज्यों के किसानों से छह मार्च को दिल्ली में जुटने की अपील की है। इसके साथ ही किसान 10 मार्च को देश भर में दोपहर 12 बजे से शाम चार बजे तक ट्रेनें भी रोकेंगे। 
विज्ञापन


रविवार को किसान नेताओं जगजीत सिंह डल्लेवाल व सरवण सिंह पंधेर ने कहा कि पंजाब के खनौरी व शंभू बॉर्डरों से किसानों को हरियाणा सरकार की तरफ से आगे बढ़ने नहीं दिया जा रहा है। इसलिए छह मार्च को देश के अन्य राज्यों से किसान दिल्ली के लिए बसों व ट्रेनों के जरिये कूच करेंगे। वहां जंतर-मंतर पर किसान अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ धरना-प्रदर्शन करेंगे, लेकिन पंजाब के किसान शंभू व खन्नौरी बॉर्डरों पर ही धरना देंगे और अपनी मांगों के लिए प्रदर्शन करेंगे। इसके साथ आंदोलन को मजबूत करने के लिए यहां पर किसानों की संख्या को बढ़ाया जाएगा।
विज्ञापन


पंधेर ने साफ किया कि बॉर्डरों पर आंदोलन जारी रहेगा, जब तक किसानों की जायज मांगों को पूरा नहीं किया जाता है। पंधेर ने केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा कि कहा जा रहा था कि किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ ही दिल्ली धरना-प्रदर्शन करने क्यों आना चाहते हैं। अब किसान छह मार्च को बिना ट्रैक्टर-ट्रालियों के ही दिल्ली जा रहे हैं। उम्मीद है कि इन किसानों को केंद्र सरकार रास्ते में नहीं रोकेगी। उन्हें शांतिपूर्ण ढंग से जंतर-मंतर पर धरना-प्रदर्शन करने दिया जाएगा। 
विज्ञापन
विज्ञापन


यह घोषणा खनौरी बॉर्डर पर हरियाणा पुलिस की गोली से जान गंवाने वाले शुभकरण सिंह की अंतिम अरदास के दौरान उनके पैतृक गांव बल्लो में हुई बैठक में की गई। इस मौके पर हरियाणा से किसान नेता गुरनाम सिंह चढूनी, उत्तर प्रदेश से राकेश टिकैत के बेटे गौरव टिकैत और भारतीय किसान यूनियन एकता उगराहां के अध्यक्ष जोगिंदर सिंह उगराहा के अलावा मनजीत सिंह धनेर, बुर्ज सिंह गिल मौजूद थे। संयुक्त किसान मोर्चा 14 मार्च को देशभर के किसानों के साथ मिलकर दिल्ली के राम लीला मैदान या फिर जंतर-मंतर पर महापंचायत का आयोजन करेंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed