फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Farmer died During Protests In Charkhi Dadri

31 दिनों से धरना दे रहे किसान की मौत, मांगें नहीं हुई पूरी तो बाधित कर सकते हैं रेल ट्रैक

Sun, 04 Aug 2019 09:38 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चरखी दादरी (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चरखी दादरी (हरियाणा) Published by: ajay kumar Updated Sun, 04 Aug 2019 09:38 AM IST
विज्ञापन
Farmer died During Protests In Charkhi Dadri
किसानों के साथ चली अधिकारियों की कई दौर की बातचीत

एनएच-152 डी के निर्माण के लिए अधिग्रहीत की गई जमीन की मुआवजा राशि बढ़ाने के लिए चार जुलाई से ढाणी फौगाट के समीप चल रहे धरने पर शनिवार सुबह किसान रामअवतार की मौत हो गई।

विज्ञापन


धरना संयोजक समिति का कहना है कि जमीन का कम मुआवजा तय होने से रामअवतार तनाव में था। वहीं, परिजनों और समिति ने सरकार से एक करोड़ रुपये मुआवजा और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की है। 
विज्ञापन


इनका कहना है कि जब तक मांगें पूरी नहीं होंगी तब तक किसान का दाह संस्कार नहीं किया जाएगा। देर शाम तक मांगों पर स्थिति स्पष्ट नहीं होने पर किसानों ने रविवार को कड़े कदम उठाने की चेतावनी दी है। सुबह तक मांगें पूरी न होने पर रेलवे ट्रैक भी जाम कर सकते हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


बता दें कि नारनौल के गंगहेडी से लेकर कुरुक्षेत्र के इस्माइलाबाद तक एनएच-152 डी का निर्माण होना है। इसके लिए चरखी दादरी जिले के 17 गांवों के किसानों की जमीन अधिग्रहीत की जानी है।

किसान जमीन की मुआवजा राशि में बढ़ोतरी की मांग कर रहे हैं। इसके लिए 26 फरवरी से धरना दे रहे हैं। करीब एक माह पहले जिला प्रशासन ने संशोधित रेट तय किए थे।

Farmer died During Protests In Charkhi Dadri
ट्रैक के पास तैनात पुलिस बल

इनमें ढाणी फौगाट और कपूरी गांव की मुआवजा राशि पहले से कम हो गई। वहीं, संशोधन रेट में 15 गांवों की मुआवजा राशि दोगुना हो गई थी। ढाणी फौगाट निवासी किसान राम अवतार (55) की करीब दो एकड़ जमीन भी अधिग्रहीत की जानी थी।

इसी वजह से वह तनाव में था और एक माह से धरने में रोज शामिल हो रहा था। किसान रामअवतार की मौत होने की सूचना पाकर विभिन्न राजनीतिक पार्टियां, किसान संगठन, सांगवान व फौगाट खाप के पदाधिकारी धरनास्थल पर पहुंचे। 

रामअवतार की अचानक तबीयत बिगड़ी और मौत हो गई 

किसान नेता अनूप फौगाट, विनोद मौड़ी, रामनगर सरपंच राजीव यादव, ढाणी फौगाट सरपंच मनदीप फौगाट ने बताया कि रामअवतार जमीन की कम मुआवजा राशि मिलने से तनाव में था। इसी के चलते उसकी मौत हुई है। धरनास्थल पर दोपहर करीब एक बजे पहुंचे एसडीएम संदीप अग्रवाल के सामने किसान नेताओं ने दो मांगें रखीं।

किसानों ने चेतावनी दी है कि अगर रविवार सुबह दस बजे तक मांगें नहीं मानी गईं तो कड़ा कदम उठा सकते हैं। वहीं, किसानों ने रामअवतार की मौत के साढ़े छह घंटे बाद एसडीएम के मौके पर पहुंचने पर भी नाराजगी जताई। देर शाम तक किसान का शव धरनास्थल पर ही रखा था।

एनएच मामले में दो किसान पहले कर चुके हैं आत्महत्या

किसान नेता विनोद मौड़ी व अनूप फौगाट ने बताया कि उचित मुआवजा राशि न मिलने पर जिले के गांव खातीवास निवासी किसान जगदीश करीब दो माह पहले आत्महत्या कर चुका है। 

कम मुआवजा राशि मिलने से अब ढाणी फौगाट निवासी किसान रामअवतार की मौत हो गई है। उन्होंने बताया कि जींद के जुलाना निवासी एक किसान ने एनएच के लिए चिन्ह्ति भूमि पर आत्महत्या कर ली थी। अब तक जींद और चरखी दादरी के तीन किसानों की मौत हो चुकी है। 

मैंने किसानों को उनकी मांगें उच्चाधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया है। किसानों ने एक करोड़ रुपये मुआवजा और मृतक के एक बेटे को सरकारी नौकरी देने की मांग की है। - संदीप अग्रवाल, एसडीएम

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed