{"_id":"62a8aafba07bbc56d72281aa","slug":"economic-policy-and-planning-board-replaced-the-planning-board-in-punjab","type":"story","status":"publish","title_hn":"Punjab News: योजना बोर्ड की जगह बनाया इकनॉमिक पालिसी एंड प्लानिंग बोर्ड, सीएम भगवंत मान होंगे चेयरमैन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab News: योजना बोर्ड की जगह बनाया इकनॉमिक पालिसी एंड प्लानिंग बोर्ड, सीएम भगवंत मान होंगे चेयरमैन
Tue, 14 Jun 2022 09:06 PM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Tue, 14 Jun 2022 09:06 PM IST
सार
नया बोर्ड प्रदेश की वित्त व्यवस्था के लिए सरकार को समय-समय पर विभिन्न मुद्दों पर सुझाव भी देगा। उल्लेखनीय है कि पंजाब इस समय तीन लाख करोड़ रुपये के कर्ज में डूबा है।
विज्ञापन
भगवंत मान और अरविंद केजरीवाल।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी (फाइल फोटो)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कर्ज में डूबे पंजाब को वित्तीय संकट से उबारने के लिए आम आदमी पार्टी (आप) सरकार ने नए योजना बोर्ड का गठन किया है। इकनॉमिक पालिसी एंड प्लानिंग बोर्ड के नाम से गठित यह नया बोर्ड पंजाब राज्य योजना बोर्ड की जगह लेगा। यह घोषणा मंगलवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने की। मान सरकार ने इससे पहले अप्रैल के अंत में राज्य के योजना बोर्ड को भंग कर दिया था, जिसके चेयरमैन पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और वाइस चेयरमैन पूर्व मुख्यमंत्री राजिंदर कौर भट्ठल थीं।
विज्ञापन
पिछली सरकार ने योजना बोर्ड की वाइस चेयरमैन को कैबिनेट रैंक दिया था। मुख्यमंत्री भगवंत मान खुद इन नए बोर्ड के चेयरमैन होंगे, जबकि राज्य के वित्त मंत्री इसके वाइस चेयरमैन होंगे। वहीं राज्य से सभी कैबिनेट मंत्री और सांसद इस बोर्ड के सदस्य होंगे। इनके अलावा राज्य के मुख्य सचिव, वित्त विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी और प्रिंसिपल सेक्रेटरी टू सीएम को भी नए बोर्ड का सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन
नए बोर्ड में तीन वाइस चेयरमैन भी नियुक्त किए जाएंगे, जिनमें गैर सरकारी वाइस चेयरमैन व सदस्यों का कार्यकाल तीन साल का होगा। नया बोर्ड राज्य के आर्थिक विकास के लिए नई नीतियां तैयार करते हुए उनके लिए वित्त व्यवस्था करेगा। साथ ही बोर्ड को पुरानी नीतियों में संशोधन का अधिकार भी होगा।
विज्ञापन
नया बोर्ड प्रदेश की वित्त व्यवस्था के लिए सरकार को समय-समय पर विभिन्न मुद्दों पर सुझाव भी देगा। उल्लेखनीय है कि पंजाब इस समय तीन लाख करोड़ रुपये के कर्ज में डूबा है। भगवंत मान ने पद संभालने के तुरंत बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात कर पंजाब के लिए एक लाख करोड़ का विशेष पैकेज देने की मांग भी उठाई थी। इधर, पंजाब सरकार 27 जून को विधानसभा में 2022-23 के लिए बजट भी पेश करने वाली है, जिसमें सरकार की ओर से घोषित की जाने वाली आर्थिक नीति प्रदेश की दशा-दिशा तय करेगी।