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ई-वॉलेट होने के बावजूद कारोबार फीका और घट गई सेल, जानिए क्यों?
ब्यूरो/अमर उजाला, लुधियाना(पंजाब)
Updated Fri, 02 Dec 2016 05:15 PM IST
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नोटबंदी का असर तो पड़ा ही, ई-वॉलेट ने भी कारोबार को फीका कर दिया है। सेल में लगातार गिरावट हो रही है। बड़े कारोबारी तो स्वैप मशीन और ई-वॉलेट अपना रहे हैं लेकिन कई छोटे कारोबारी ई-वॉलेट होने के बावजूद मंदी की मार झेल रहा है।
घुमारमंडी में मेहंदी लगाने वाले मनोज कुमार मोनू ने बताया कि वह पिछले दस साल से मेहंदी लगाने का काम कर रहा है। ई-वॉलेट लगाने वाले कुछ लोग आए थे, तो उनके कहने पर यह लगवा लिया।
उन्होंने करवा चौथ के दौरान ई-वॉलेट लगवाया था। इस समय उनके पास दो ई-वॉलेट है, लेकिन अभी तक ई-वॉलेट के जरिए एक भी सेल नहीं हुई है। ई-वॉलेट का इतने दिनों से उन्हें कोई फायदा नहीं हुआ है।
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घुमारमंडी में मेहंदी लगाने वाले मनोज कुमार मोनू ने बताया कि वह पिछले दस साल से मेहंदी लगाने का काम कर रहा है। ई-वॉलेट लगाने वाले कुछ लोग आए थे, तो उनके कहने पर यह लगवा लिया।
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उन्होंने करवा चौथ के दौरान ई-वॉलेट लगवाया था। इस समय उनके पास दो ई-वॉलेट है, लेकिन अभी तक ई-वॉलेट के जरिए एक भी सेल नहीं हुई है। ई-वॉलेट का इतने दिनों से उन्हें कोई फायदा नहीं हुआ है।
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जो काम दो हजार में होता, वो 7-8 सौ में करना पड़ता
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जो लोग दो हजार का काम करवाने आते थे, वह सात-आठ सौ में ही काम करवा कर चले जाते हैं। एडवांस में आठ दिसंबर की बुकिंग आई है। उन्होंने फोन कर कहा है कि वह ई-वॉलेट से ही पेमेंट करेंगे।
वहीं फिरोजगांधी मार्केट के नजदीक चाय बेचने वाला सोनू भी ई-वॉलेट की सुविधा ले रहा है, लेकिन उसे इसका कोई लाभ नहीं हो रहा। सोनू ने बताया कि करीब पंद्रह दिन पहले ही ई-वॉलेट लगवाया है। उनके पास एक कस्टमर चाय पीने आता था तो उसने ई-वॉलेट लगाने की राय दी।
नोटबंदी के तीन दिन बाद से पुराने नोट लेना बंद कर दिया। सोचा ई-वॉलेट से कुछ लाभ होगा, लेकिन रिजल्ट खास नहीं रहा। 15 दिन में मुश्किल से करीब एक हजार रुपये ही ई-वोलेट में आए हैं। रोजाना की दो हजार की सेल होती थी जो अब घट कर एक हजार से 1200 रुपये के करीब हो गई है।
वहीं फिरोजगांधी मार्केट के नजदीक चाय बेचने वाला सोनू भी ई-वॉलेट की सुविधा ले रहा है, लेकिन उसे इसका कोई लाभ नहीं हो रहा। सोनू ने बताया कि करीब पंद्रह दिन पहले ही ई-वॉलेट लगवाया है। उनके पास एक कस्टमर चाय पीने आता था तो उसने ई-वॉलेट लगाने की राय दी।
नोटबंदी के तीन दिन बाद से पुराने नोट लेना बंद कर दिया। सोचा ई-वॉलेट से कुछ लाभ होगा, लेकिन रिजल्ट खास नहीं रहा। 15 दिन में मुश्किल से करीब एक हजार रुपये ही ई-वोलेट में आए हैं। रोजाना की दो हजार की सेल होती थी जो अब घट कर एक हजार से 1200 रुपये के करीब हो गई है।