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चंडीगढ़ : चुनाव में बदली नेता जी की बोली, दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल ने पंजाबी में जारी किया वीडियो
Sat, 18 Dec 2021 01:45 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, चंडीगढ़
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 18 Dec 2021 01:45 AM IST
सार
चुनाव को लेकर अन्य दलों में भी शुरू हुआ पंजाबी का प्रचलन। राज्य में पंजाबी के प्रति लोगों के इस प्यार को देखते हुए अब सियासी दलों के पंजाब से बाहर के नेता पंजाबी भाषा सीख रहे हैं।
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अरविंद केजरीवाल, मुख्यमंत्री, दिल्ली
- फोटो : ANI
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विस्तार
पंजाब में होने वाले विधानसभा चुनाव में जीत सुनिश्चित करने के लिए राजनीतिक दलों के नेता जी ने अपनी भाषा-बोली बदलनी शुरू कर दी है। पंजाबी भाषा के प्रति राज्य के लोगों के प्यार को देखते हुए कई दलों में बातचीत के दौरान पंजाबी का प्रचलन शुरू हो गया है। आप के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री भी पंजाबी रट रहे हैं। मिशन पंजाब को लेकर आप की ओर से जारी किया गया उनका पंजाबी भाषा में वीडियो खूब वायरल हो रहा है।
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पंजाब के लोगों का अपनी भाषा पंजाब से विशेष प्रेम है। लोगों के इस प्रेम को देखते हुए चन्नी सरकार ने स्कूलों में पंजाबी भाषा को अनिवार्य कर दिया है। इन नियमों का उल्लंघन करने वाले स्कूलों के खिलाफ सरकार ने बड़ी राशि में जुर्माने का प्रावधान किया है। यहां तक कि सरकारी कामकाज भी पंजाबी में किए जाने के सरकार ने हाल ही में आदेश जारी किए हैं।
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राज्य में पंजाबी के प्रति लोगों के इस प्यार को देखते हुए अब सियासी दलों के पंजाब से बाहर के नेता पंजाबी भाषा सीख रहे हैं। पंजाब केमिशन 2022 के लिए हाल ही में जारी वीडियो में अरविंद केजरीवाल पंजाबी बोल रहे हैं।
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कुछ और राजनीतिक दलों में भी पंजाब के बाहर से ताल्लुक रखने वाले बड़े नेता गुरमुखी की वर्ण भाषा को रट रहे हैं। वह अपनी रोज की भाषा-बोली में पंजाब के प्रचलित शब्दों का भी प्रयोग कर रहे हैं। प्रचार-प्रसार में प्रयुक्त होने वाली सामग्री में भी सियासी दलों ने पंजाबी भाषा का प्रयोग शुरू कर दिया है। वक्ताओं को भी जोर देकर कहा जा रहा है कि वह अपनी भाषण में पंजाबी का अधिक प्रयोग करें।