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चंडीगढ़ में देर रात तक चलने वालीं डिस्को पार्टी पर बैन
ब्यूरो, चंडीगढ़
Updated Tue, 12 Apr 2016 11:42 AM IST
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देर रात तक सड़क किनारे अपना ढाबा-रेस्टोरेंट, डिस्को और क्लब चलाने वालों की अब खैर नहीं। साथ ही सड़क किनारे सार्वजनिक स्थल पर बैठकर रेहड़ी-फड़ी लगाने वालों के खिलाफ भी प्रशासन ने मोर्चा खोलने की सोच ली है। डीसी अजीत बालाजी जोशी ने इस तरह के सख्त आदेश जारी कर दिए हैं। दो महीने तक यह आदेश लागू रहेंगे। डिस्को-क्लब, ढाबा-रेस्टोरेंट को रात 12 बजे से सुबह साढ़े 4 बजे तक खोलने पर मनाही रहेगी। देर रात तक इनकाखुलना सार्वजनिक शांति और सौहार्द को खतरा है।
साइबर कैफे और इमिग्रेशन कंपनियों को भी चेताया
डीसी ने शहर के सभी साइबर कैफे और इमिग्रेशन कंपनियों के संचालकों को भी चेताया है। डीसी ने अपने आदेशों में कहा है कि बिना जान पहचान के किसी भी व्यक्ति को कैफे इस्तेमाल को देने पर कानूनी कार्रवाई होगी। कैफे संचालक को यूजर की पहचान रजिस्टर में दर्ज करनी होगी। यूजर को अपने हाथों से अपना नाम, पता, फोन नंबर और आईडी प्रूफ रजिस्टर में दर्ज करना होगा। कंप्यूटर पर देखे गए डाटा का रिकॉर्ड भी रखना होगा।
अगर यूजर पर जरा भी किसी बात को लेकर शक होता है तो जानकारी पुलिस को देनी होगी। इसके अलावा कंसल्टेंसी केनाम पर बिना लाइसेंस इमिग्रेशन का काम करने वालों पर भी कार्रवाई होगी। कंसल्टेंसी शुरू करने से पहले संचालक को सात दिन केअंदर पुलिस को सूचना देनी होगी।
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साइबर कैफे और इमिग्रेशन कंपनियों को भी चेताया
डीसी ने शहर के सभी साइबर कैफे और इमिग्रेशन कंपनियों के संचालकों को भी चेताया है। डीसी ने अपने आदेशों में कहा है कि बिना जान पहचान के किसी भी व्यक्ति को कैफे इस्तेमाल को देने पर कानूनी कार्रवाई होगी। कैफे संचालक को यूजर की पहचान रजिस्टर में दर्ज करनी होगी। यूजर को अपने हाथों से अपना नाम, पता, फोन नंबर और आईडी प्रूफ रजिस्टर में दर्ज करना होगा। कंप्यूटर पर देखे गए डाटा का रिकॉर्ड भी रखना होगा।
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अगर यूजर पर जरा भी किसी बात को लेकर शक होता है तो जानकारी पुलिस को देनी होगी। इसके अलावा कंसल्टेंसी केनाम पर बिना लाइसेंस इमिग्रेशन का काम करने वालों पर भी कार्रवाई होगी। कंसल्टेंसी शुरू करने से पहले संचालक को सात दिन केअंदर पुलिस को सूचना देनी होगी।
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