मेहरम मर्डरः पोस्टर ने कराई पुलिस की किरकिरी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेहरम हत्याकांड ने पुलिस के थिंक टैंक की बत्ती बुझा दी है। मंगलवार को जब इनाम राशि एक लाख से बढ़ाकर पांच लाख के पोस्टर शहर में लगाए। तो पुलिस ने कातिलों के स्केच की जगह मेहरम की फोटो छाप दी है। सारे शहर में मेहरम की फोटो व इनाम राशि वाले पोस्टर लगाए गए हैं। ऐसे में पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठना शुरू हो गए हैं।
वहीं, मेहरम के कातिलों का पता लगाने में जिला पुलिस पूरी तरफ से नाकाम रही है। अब पुलिस ने कातिलों की सूचना देने के लिए रखी एक लाख की इनाम राशि पांच लाख रुपये कर दी। वहीं, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जो भी व्यक्ति इस कातिलों के बारे में सूचना देगा उसका नाम पूरी तरह से गुप्त रखा जाएगा।
इन नंबरों पर दे पाएंगे सूचना
एसएसपी- 98147-77863, 0172-2270575-76
एसपी डी- 94650-00555, 0172-2270575-77
डीएसपी सिटी-2- 98031-31333
फेज-9 के हर घर की ली तलाशी
छह वर्षीय मेहरम के कातिलों की तलाश में जिला पुलिस की कई टीमों ने मंगलवार को एक बार फिर फेज-9 में दबिश दी। करीब पांच घंटे तक सर्च अभियान चला। इस दौरान आम से लेकर खास तक सबके घरों की चेकिंग की गई। चेकिंग टीम में महिला मुलाजिम सिविल ड्रेस में शामिल थीं। इस दौरान टीमों ने घरों के प्रत्येक कमरे, बाथरूम, गैराज व रसोई तक की चेकिंग की।
साथ ही घर के बाहर खड़ी गाड़ियों को भी जांचा गया। डीएसपी-2 नवरीत विर्क की अगुवाई में मंगलवार दोपहर डेढ़ बजे चार दर्जन पुलिस मुलाजिम फेज-9 स्थित मेरहम के घर के सामने स्थित पार्क में पहुंचे। इसमें कई मुलाजिम सिविल ड्रेस में थे। इसके बाद उन्हें विभिन्न टीमों में बांटा गया, जिसके बाद टीमों ने फेज-9 के प्रत्येक घर में जाकर सर्च अभियान चलाया।
इस दौरान टीमों ने जहां लोगों के घरों के बाहर रखे सामान को देखा, वहीं, छतों पर जाकर स्थिति का जायजा लिया। साथ ही प्रत्येक घर में जाकर रहने वाले लोगों का ब्योरा भी इकट्ठा किया। घर के बाहर बंद गैराज के ताले खुलवाए गए। जानकारों की मानना है कि बच्चे का कातिल कोई बाहर का नहीं है। बल्कि उसी सेक्टर का है। इसलिए टीम द्वारा विशेष जांच की गई।
डीएनए टेस्ट के लिए मां के सैंपल लिए
मेहरम की शिनाख्त की पुष्टि के लिए उसकी मां का डीएनए टेस्ट करवाने के लिए सैंपल लिए हैं। इसके लिए बच्चे की मां मंगलवार शाम सिविल अस्पताल पहुंची। पुलिस की मौजूदगी में सैंपल लेने की प्रक्रिया ली गई। इस दौरान खून व लार के सैंपल लिए गए, जिन्हें जांच के लिए हैदराबाद या किसी अन्य राज्य में जांच के लिए भेजा जाएगा।
गौरतलब है कि सात नवंबर को बच्चे का शव मिला था तो उसका चेहरा और धड़ केमिकल से जला हुआ था। इस दौरान घरवालों ने बच्चे के कपड़े, गात्रे और बूटों से उसकी पहचान की थी। हालांकि स्किन पूरी तरह काली पड़ी हुई थी। इस पर परिजनों ने ही बच्चे का डीएनए करवाने को कहा था।
इसके बाद डॉक्टरों ने बच्चे का एक दांत डीएनए के लिए रखा था। साथ ही डीएनए के लिए अदालत से मंजूरी तक ली गई थी। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि मामला काफी उलझा हुआ है, जिसे सुलझाने के लिए डीएनए टेस्ट करवाने का फैसला लिया गया।