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ज्योति मर्डर: प्रॉपर्टी डीलर की गवाही से नया मोड़

Tue, 22 Jul 2014 10:48 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला Updated Tue, 22 Jul 2014 10:48 AM IST
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Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

बहुचर्चित ज्योति हत्याकांड में सोमवार को एक नया मोड़ आ गया। बचाव पक्ष के एक गवाह प्रापर्टी डीलर ने कोर्ट में कहा कि वारदात वाले दिन रामकुमार चौधरी उसके साथ था।

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उसने एक जमीन का सौदा किया और बाद में विधायक को उसने ही घर छोड़ा था। खास बात यह है कि प्रापर्टी डीलर कोर्ट में वह समय नहीं बता सका, जब उसने विधायक को घर छोड़ा था।
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पुलिस के मुताबिक, वारदात वाले दिन पंचकूला में थे रामकुमार

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

पुलिस फोन रिकार्ड के मुताबिक कोर्ट में पहले ही दस्तावेज दे चुकी है कि रामकुमार चौधरी वारदात के वक्त पंचकूला में था। असली आईडी का फोन नंबर, फर्जी आईडी का फोन नंबर व ज्योति के नंबर के अलावा अन्य आरोपियों के नंबर भी साथ-साथ पंचकूला में चल रहे थे।

प्रापर्टी डीलर जसविंद्र के अलावा बचाव पक्ष से तीन अन्य लोगों ने भी अपने बयान दर्ज कराए। जसविंद्र ने कोर्ट में कहा कि वह रामकुमार चौधरी व बग्गा के साथ नालागढ़ में किसी जमीन के सौदे के लिए गया था।

वारदात वाले दिन ही उसने नालागढ़ में जमीन की रजिस्ट्री कराई थी। इसके बाद वह खुद विधायक को बद्दी में घर पर छोड़कर आया था।

ज्योति मर्डरः आरोपियों के बयान ने पलटा केस

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement
बहुचर्चित ज्योति हत्याकांड मामले में नया मोड़ आया है। आरोपियों ने कहा कि वे रामकुमार को नहीं जानते।
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7 आरोपियों के बयान दर्ज, खुद को बताया बेकसूर

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

बहुचर्चित ज्योति हत्याकांड में सोमवार को सात आरोपियों ने बयान दर्ज कराए और एयरटेल कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर, रिटेलर और मुख्य आरोपी रामकुमार चौधरी के भाई सहित सभी ने खुद को बेकसूर बताया।

विधायक राम कुमार चौधरी का भाई हरभजन चौधरी जहां रामकुमार को पनाह देने का आरोपी है, वहीं निर्मल सिंह, बलजीत सिंह व कमलजीत सिंह पर भी आरोपी परमजीत उर्फ पम्मा को छिपाने के आरोप हैं। अब इस केस में सभी आरोपियों के बयान दर्ज हो चुके हैं। अब बचाव पक्ष अपने गवाहों की सूची कोर्ट में देगा, फिर जिरह शुरू होगी।

रामकुमार को नहीं जानते, पनाह देने की बात गलत

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

सोमवार को अपने बचाव में रामकुमार के भाई हरभजन चौधरी ने कहा कि रामकुमार को पनाह देने की बात गलत है। इस मामले में वह बेकसूर है।

वहीं, आरोपी पंकज भंडारी ने कहा कि वह न तो रामकुमार चौधरी को जानता है और न ही बब्लू कम्यूनिकेशन का मालिक है। अगर सिम फर्जी पते पर बेचे गए हैं, तो कंपनी को उन्हें बंद करना चाहिए था। अभी तक नंबर बंद नहीं हुए हैं।

दुकान पर काम करने वाले आशीष ने कहा कि वह रामकुमार व उसके ड्राइवर सतपाल को नहीं जानता। उसने इस नंबर के सिम भी नहीं बेचे हैं।

उधर, एयरटेल कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर सतीश कौशल ने कहा कि उसे एयरटेल कंपनी ने नियुक्त किया था। उसने आगे किसी रिटलेर को नियुक्त नहीं किया है। बब्लू कम्यूनिकेशन को भी एयरटेल ने ही नियुक्त किया है।

ये थे मुख्य गवाह और पुख्ता सबूत

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

ज्योति की बहन और पिता बूटी राम। ज्योति की बहन कोर्ट में बयान दे चुकी है कि ज्योति ने उसे बताया था कि रामकुमार चौधरी के साथ उसके संबंध हैं और दोनों शादी करेंगे। वहीं, बूटी राम ने भी कोर्ट में ज्योति और रामकुमार के रिश्ते के बारे में बताया था।

मोबाइल की लोकेशन
ज्योति, रामकुमार व अन्य आरोपियों के मोबाइल वारदात वाले दिन साथ चल रहे थे। टावर लोकेशन के डिकोडेड डाटा में भी साफ हो गया है कि चंडीगढ़ से पंचकूला तक किस-किस टावर पर कैसे-कैसे नंबर एक साथ चले। कौन किस टावर से कहां तक पहुंचा।

चंडीमंदिर टोल प्लाजा की डिटेल्स

इसमें स्पष्ट है कि वारदात वाली रात वह ट्रक पंचकूला में आया था, जिससे ज्योति का सिर कुचला गया था।  

चौधरी के हस्ताक्षर
ज्योति का गर्भपात कराने के लिए मंजूरी फार्म पर साइन किए गए थे। ये साइन रामकुमार चौधरी के साइन थे, जो मैच हो चुके हैं।

ज्योति की कॉल डिटेल्स
हत्या के बाद डाटा डिलीट कर ज्योति के मोबाइल को फेंक दिया गया था। घग्गर नदी से मोबाइल रिकवर होने के बाद डाटा को रिट्राइव कराने पर पाया गया कि रामकुमार ने एक बार दो दिन में ज्योति को 40 फोन किए थे। ज्योति के मोबाइल से रामकुमार और उनकी पत्नी व एक जन्मदिन पार्टी की तस्वीरें भी रिट्राइव हो चुकी है।

एसएमएस
ज्योति के फोन से पुलिस को उसके नजदीकी दोस्त सिमी का पता चला। सिमी ने ज्योति को काफी एसएमएस कर रखे हैं। इनमें कुछ ऐसे एसएमएस हैं, जिनमें जिक्र है कि वह किसी और के लिए उसे छोड़ रही है। सिमी ने कोर्ट में बयान दिए हैं कि ज्योति ने उसे कहा था कि वह चौधरी के साथ है, जो उसकी काफी मदद करता है।

विधायक चौधरी के खिलाफ अब तक के अहम सबूत

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

- ज्योति, रामकुमार व कई अन्य आरोपियों के मोबाइल की लोकेशन वारदात वाले दिन साथ थी।
- चंडीमंदिर टोल प्लाजा की डिटेल्स में साफ है कि वारदात वाली रात ट्रक पंचकूला आया, जिससे ज्योति का सिर कुचला गया।
- ज्योति का गर्भपात कराने के समय भरे गए फार्म पर रामकुमार चौधरी के साइन मैच हो चुके हैं। हालांकि इन साइन को काटकर दूसरे साइन किए गए थे, लेकिन फार्म पर पहले किए साइन से चौधरी के साइन मैच हैं।

- ज्योति की बहन ने कोर्ट में कहा था कि ज्योति ने बताया था कि रामकुमार के साथ उसके संबंध हैं और दोनों शादी करेंगे।
- ज्योति की बहन की शादी में रामकुमार चौधरी की तस्वीर भी साबित करती है कि ज्योति और रामकुमार एक साथ रहे हैं।
- ज्योति के पिता बूटी राम ने भी कोर्ट में ज्योति और रामकुमार के रिश्ते के बारे में बताया था।

- ज्योति की हत्या के बाद के डाटा डिलीट करके घग्गर नदी में मोबाइल फेंक दिया गया था। मोबाइल रिकवर होने के बाद जो डाटा रीट्राइव हुआ, उसमें पाया गया कि रामकुमार ने एक बार दो दिन में ज्योति को 40 फोन कॉल्स की थी।
- ज्योति के मोबाइल से रामकुमार व उसकी पत्नी व एक जन्मदिन पार्टी की तस्वीरें भी मिली थीं।

केस में अब तक ये हुआ

Jyoti Murder Case Court Hearing, Property Dealer Statement

- 22 नवंबर 2012 को सेक्टर-21 में ज्योति का मिला था शव
- सेक्टर-5 थाने में अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज हुआ
- हिमाचल के कांग्रेसी नेता रामकुमार चौधरी का नाम केस में आया
- पुलिस ने कई बार रेड की, लेकिन चौधरी नदारद
- 8 जनवरी को चौधरी ने कोर्ट में सरेंडर किया, पुलिस ने लिया हिरासत में
- इसके बाद अन्य आरोपियों की गिरफ्तारियां हुई
- पुलिस ने चार्जशीट तैयार की, जिस पर 37 आब्जेक्शन लगे
- जांच अधिकारी को हटाकर तत्कालीन डीसीपी अश्विन शेणवी की अगुवाई में एसआईटी बनी
- फिर कोर्ट में नया चालान आया और ट्रायल शुरू हुआ। इस दौरान सप्लीमेंटरी चालान भी आते रहे।

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