बिल्डर ने पत्नी, बेटे-बहू और पोते को काट डाला, भागते वक्त कार में आग लगी, तब भी बच निकला
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लुधियाना के मयूर विहार निवासी बिल्डर राजीव सुंडा ने मंगलवार सुबह अपनी पत्नी, बेटे, बहू और 13 वर्ष के पोते को कुल्हाड़ी से काटकर मार डाला। वारदात को अंजाम देने के बाद भागते समय उसकी कार कैनाल रोड पर पेड़ जा टकराई। इससे कार में आग लग गई, लेकिन आरोपी वहां से फरार हो गया। मौके से पुलिस को एक नोट मिला है जिसमें उसने बहू पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया है। इसमें लिखा है कि इसी कारण से वह पूरे परिवार की हत्या कर आत्महत्या करने जा रहा है।
पुलिस के मुताबिक, करीब 12 वर्ष से मयूर विहार में रहा रहा राजीव सुंडा (62) कोठियां बनाकर बेचने का काम करता है। परिवार में पत्नी सुनीता (60), बेटा आशीष (35), बहू गरिमा और पोता सुचेत उर्फ बबला (13) थे। बेटा आशीष शेयर खरीदने-बेचने का काम करता था। पड़ोस के लोगों का कहना है कि करीब चार दिन पहले उन्होंने राजीव के घर में झगड़ा होने का शोर सुना था।
मंगलवार सुबह छह बजे एक बार फिर झगड़ा होने की आवाजें सुनीं। लेकिन कोई भी उनके घर में नहीं गया क्योंकि वे किसी से ज्यादा बातचीत नहीं करते थे। पुलिस के मुताबिक झगड़ा इतना बढ़ गया कि राजीव कुमार ने कुल्हाड़ी उठाकर एक के बाद एक को मारना शुरू कर दिया।
13 साल के बच्चे ने मामा को किया फोन
आरोपी के पोते बबला ने मरने से पहले अपने मामा गौरव गुलाटी को फोन कर बताया कि दादा और पापा मिलकर उसकी मां को मार रहे है। दादा उसकी भी हत्या कर सकते हैं। डर लग रहा है, जल्दी आ जाओ। हैबोवाल में रहने वाले मामा गौरव गुलाटी तुरंत अपनी कार लेकर निकले। लगभग 10 मिनट बाद वह राजीव के घर पहुंचे।
उन्होंने घर की बेल बजाई, उस समय राजीव अंदर ही था। उसने दरवाजा खोला और अपनी कार लेकर फरार हो गया। पुलिस के मुताबिक रास्ते में उसने स्कूटर सवार को टक्कर मारी। इसके बाद वह कैनाल रोड की तरफ निकल गया।
रास्ते में कार का टायर पंचर हो गया और कार एक पेड़ से जा टकराई। इससे कार में आग लग गई। आरोपी कार से निकल कर फरार हो गया। घटना के खबर लगते ही आरोपी राजीव कुमार की बहनें मौके पर आईं। लेकिन वे यह कहते लौट गई कि उनका तो भाई के साथ बीते 10 साल से कोई लेना-देना नहीं है।
10 मिनट में परिवार खत्म
पुलिस कमिश्नर राकेश अग्रवाल ने बताया कि पीएयू थाने के प्रभारी परमदीप सिंह के बयान पर राजीव के खिलाफ आईपीसी की धारा 302 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। मात्र 10 मिनट में आरोपी ने पूरे परिवार को खत्म कर दिया।
नोट में लिखा : बहू कहती थी- पैसे दो नहीं तो पूरे परिवार पर मामला दर्ज करवा दूंगी
पुलिस को घर से एक नोट मिला। इसमें राजीव ने लिखा है कि वह अपने बेटे के ससुराल वालों से काफी परेशान था। उसने बेटे के ससुर और साले को दो साल पहले चार लाख रुपये दिए थे, जो उन्होंने वापस नहीं दिए। इसके बाद तीन लाख दोबारा दिए, वह भी वापस नहीं मिले। अब बेटे का ससुर और साला दस लाख रुपये की मांग कर रहे थे। वह पैसे देने से इनकार कर रहा था।
इस कारण बहू ने घर में झगड़ा कर रखा था। बहू ब्लैकमेल कर रही थी कि वह उन पर झूठा मामला दर्ज कराएगी। परिवार वालों पर मामला दर्ज होने और समाज में नाम खराब होने के डर से वह (राजीव) काफी परेशान है। इस कारण वह अपने पूरे परिवार की हत्या करने के बाद आत्महत्या कर रहा है। इसके जिम्मेदार बेटे का ससुर और साला है।
