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दिव्यांग प्रमाणपत्र बनवाने के नाम पर मांगे 40 हजार, दो चिकित्सकों समेत तीन पर केस दर्ज

Sat, 02 Nov 2019 01:21 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सोनीपत (हरियाणा)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सोनीपत (हरियाणा) Published by: ajay kumar Updated Sat, 02 Nov 2019 01:21 AM IST
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Case has been registered against three including two doctors for demanding bribe
प्रतीकात्मक तस्वीर

सामान्य अस्पताल में दिव्यांग प्रमाणपत्र बनाने के नाम पर 40 हजार रुपये रिश्वत मांगने का मामला सामने आया है। पीड़ित ने मामले को लेकर एसपी को शिकायत दी थी, जिसकी जांच डीएसपी मुख्यालय को सौंपी गई। शिकायतकर्ता ने चतुर्थ श्रेणी कर्मी द्वारा दो चिकित्सकों के नाम पर रिश्वत मांगने का वीडियो भी डीएसपी को सौंपा था। जिस पर करीब चार माह बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। मामले में आरोपी एक चिकित्सक पहले ही कैंसर पीड़ितों के शव का पोस्टमार्टम करने के आरोप में जेल में बंद है। 

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गांव पिनाना निवासी राजसिंह ने एसपी कार्यालय में 1 जुलाई को शिकायत दी थी कि वह 26 जून को दिव्यांग पेंशन बनवाने के लिए सामान्य अस्पताल में प्रमाणपत्र बनवाने गया था। कमरा नंबर-8 में डॉ. शैलेंद्र राणा, डॉ. नितिन शर्मा और उनका सहायक राजकुमार मौजूद थे। उन्होंने प्रमाणपत्र बनाने के नाम पर 40 हजार रुपये की मांग की। 
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पीड़ित ने बताया कि पैसों की मांग चतुर्थ श्रेणी कर्मी राजकुमार ने की थी। उसने कहा था कि पेंशन के लिए 60 प्रतिशत दिव्यांगता का प्रमाणपत्र होना जरूरी है। उसने राजकुमार को कहा था कि वह महज 25 प्रतिशत का ही प्रमाणपत्र बनाकर देंगे। अगर रिश्वत की राशि दी गई तो वे 60 प्रतिशत का प्रमाणपत्र बनाकर दे देंगे, जिसकी शिकायत राज सिंह ने पुलिस को दी थी। बाद में मामले की जांच डीएसपी को सौंपी गई थी। 

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डीएसपी ने जांच के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए। जिस पर अब सिविल लाइन थाने में दो चिकित्सकों और एक चतुर्थ श्रेणी कर्मी के खिलाफ भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। 

डेढ़ साल पहले मांगे थे 25 हजार 
राज सिंह के बेटे ने बताया कि वह अपने पिता को डेढ़ साल पहले सामान्य अस्पताल में लेकर आया था। तब उसके पिता का 23 प्रतिशत दिव्यांग का प्रमाणपत्र बनाया था। उस समय 60 प्रतिशत का प्रमाणपत्र बनाने के नाम पर 25 हजार रुपये मांगे थे।

तब उन्होंने पैसे नहीं दिए थे। अब फिर राजकुमार से मिले तो उसने 40 हजार रुपये की मांग कर डाली। उसके पिता पैर से दिव्यांग होने के साथ ही उनके हाथ की दो अंगुलियां कटी हुई हैं, जिस पर 40 हजार रुपये मांगने के दौरान उन्होंने जेब में मोबाइल रखकर वीडियो बना लिया थी। 

एक आरोपी पहले ही दूसरे मामले में हो चुका है गिरफ्तार 

मामले में आरोपी डॉ. नितिन शर्मा पहले ही कैंसर पीड़ित की मौत के बाद पोस्टमार्टम कर हादसा दिखाने के मामले में गिरफ्तार हो चुका है। कैंसर पीड़ितों के पोस्टमार्टम करने के मामले में तीन चिकित्सकों पर आरोप लगा था। 

1 जुलाई को की थी शिकायत
राज सिंह ने दिव्यांग प्रमाणपत्र बनवाने के नाम पर रिश्वत मांगने की शिकायत 1 जुलाई को दी थी। उसके बाद फिर से सितंबर में शिकायत दी गई, जिस पर अब पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। 

जांच के बाद किया मामला दर्ज
दिव्यांग प्रमाणपत्र बनवाने के नाम पर चतुर्थ श्रेणी कर्मी द्वारा दो चिकित्सकों के नाम पर रिश्वत मांगने की शिकायत मिली थी। अधिकारियों के पास आई शिकायत की जांच के बाद मुकदमा दर्ज कर लिया है। जल्द मामले की जांच कर पटाक्षेप किया जाएगा। -सुखबीर सिंह, थाना प्रभारी सिविल लाइन सोनीपत।

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