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पूर्व मुख्यमंत्री के हत्यारोपी तारा को हाइकोर्ट से बड़ा झटका
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़।
Updated Wed, 16 Mar 2016 10:32 AM IST
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जगतार सिंह तारा
- फोटो : file
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पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह की हत्या और बुडै़ल जेल ब्रेक केस में आरोपी जगतार सिंह तारा को हाईकोर्ट ने तगड़ा झटका दिया है। हाइकोर्ट ने निचली अदालत के उस फैसले पर रोक लगा दी है जिसके तहत उसे परिजनों से फोन पर बात करने की छूट मिली थी। चंडीगढ़ प्रशासन ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर निचली अदालत के फैसले को चुनौती दी थी।
मामले में चंडीगढ़ प्रशासन की तरफ से एडवोकेट गौतम दत्त ने सोमवार को हाईकोर्ट के समक्ष दलील देते हुए कहा कि तारा को फोन पर बात करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। वह कई गंभीर मामलों में आरोपी है और ऐसे में उसे यह छूट देना प्रशासन के लिए परेशानी बन सकता है।
इस दौरान जगतार सिंह तारा का पत्र हाईकोर्ट में पहुंचा जिसमें तारा ने हाईकोर्ट से अपील की थी कि उसे उसका केस लडऩे के लिए कोई वकील नहीं चाहिए बल्कि वह अपना केस खुद लडऩा चाहता है। इस पर प्रशासन ने विरोध कर कहा कि तारा को जेल से बाहर नहीं आने दिया जा सकता। यह स्थिति खतरनाक हो सकती है। इसकी गंभीरता के मद्देनजर ही प्रशासन ने एक अधिसूचना जारी कर उसके जेल से बाहर निकलने पर रोक लगाई है। फिलहाल हाईकोर्ट ने इस पर कोई निर्णय नहीं लिया है और सुनवाई 6 अप्रैल तक के लिए टाल दी है।
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मामले में चंडीगढ़ प्रशासन की तरफ से एडवोकेट गौतम दत्त ने सोमवार को हाईकोर्ट के समक्ष दलील देते हुए कहा कि तारा को फोन पर बात करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। वह कई गंभीर मामलों में आरोपी है और ऐसे में उसे यह छूट देना प्रशासन के लिए परेशानी बन सकता है।
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इस दौरान जगतार सिंह तारा का पत्र हाईकोर्ट में पहुंचा जिसमें तारा ने हाईकोर्ट से अपील की थी कि उसे उसका केस लडऩे के लिए कोई वकील नहीं चाहिए बल्कि वह अपना केस खुद लडऩा चाहता है। इस पर प्रशासन ने विरोध कर कहा कि तारा को जेल से बाहर नहीं आने दिया जा सकता। यह स्थिति खतरनाक हो सकती है। इसकी गंभीरता के मद्देनजर ही प्रशासन ने एक अधिसूचना जारी कर उसके जेल से बाहर निकलने पर रोक लगाई है। फिलहाल हाईकोर्ट ने इस पर कोई निर्णय नहीं लिया है और सुनवाई 6 अप्रैल तक के लिए टाल दी है।
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