फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   crime

बीते 18 दिसंबर को हुए दौहरे हत्याकांड का खुलासा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 31 Dec 2019 12:27 AM IST
विज्ञापन
crime
बीते 18 दिसंबर को सेक्टर-15डी में हिंदुस्तान स्टूडेंट एसोसिएशन (एचएसए) से जुड़े दो छात्रों अजय और विनीत की ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर हत्या करने के मामले में क्राइम ब्रांच ने तीन हत्यारोपियों को किशनगढ़ से गिरफ्तार कर मामले का खुलासा कर दिया है। तीनों आरोपी गैंगस्टर लारेंस बिश्नोई और राजू बिसोदिया गैंग से ताल्लुक रखते हैं। आरोपियों की पहचान सोनीपत के गांव कथूरा निवासी 18 वर्षीय अंकित नरवाल (मुख्य आरोपी), पानीपत के गांव डाहर निवासी सुनील उर्फ सिल्लू नंदल (21) और जींद के गांव लुधाना निवासी विक्की उर्फ कालिया (19) के रूप में हुई है। आरोपियों के कब्जे से दो पासपोर्ट, दो तमंचे, चार कारतूस और कार बरामद हुई है। पुलिस ने हत्यारोपियों को उस समय दबोचा जब जब वे आशू नैन को दोबारा मारने आ रहे थे। टीम मंगलवार को जिला अदालत में पेश कर इनका रिमांड हासिल करेगी।
विज्ञापन

क्राइम ब्रांच एसपी मनोज कुमार मीणा ने बताया कि उक्त दोहरे हत्याकांड के बाद डीएसपी क्राइम राजीव अंबास्ता, इंस्पेक्टर रंजीत सिंह की अगुवाई में टीम का गठन किया गया। टीम में सब इंस्पेक्टर अशोक कुमार, सब इंस्पेक्टर सतविन्द्र सिंह समेत अन्य पुलिस टीम को शामिल किया गया। आरोपियों को दबोचने के लिए टीम ने मुंबई, महाराष्ट्र, उत्तराखंड, गुजरात, यूपी, राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा के कई हिस्सों में छापामारी कर आरोपियों बारे अहम जानकारियां जुटाई। सोमवार दोपहर करीब 1.30 बजे टीम को गुप्त सूचना मिली कि पांचों हत्यारों में से तीन आशु नैन की हत्या करने दोबारा चंडीगढ़ आ रहे हैं। सूचना के आधार पर डीटी मॉल चौक के पास नाका लगाया गया। इस दौरान टीम ने पोलो कार नंबर (एचआर-70बी-8075) को रुकने का इशारा किया लेकिन कार चालक सिल्लू नंदल ने कार की स्पीड बढ़ा दी। इसके बाद पुलिस टीम ने कुछ दूरी तक पीछा कर तीनों को किशनगढ़ चौक के पास से धर दबोचा। पूछताछ में सामने आया कि वारदात को अंजाम देने के बाद वह विदेश भागने के फिराक में थे।
विज्ञापन

लॉरेंस गैंग मुहैया कराई थी पिस्टल
टीम की प्राथमिक जांच में सामने आया कि बरामद हुए दो तमंचे हत्या वारदात में इस्तेमाल नहीं हुए हैं। आरोपियों ने जिस पिस्टल से फायरिंग की थी, उसे लारेंस बिश्नोई और राजू बिसोदिया की गैंग ने मुहैया कराई थी। एसपी का कहना है कि पकड़े गए तीनों की गैंगस्टर बिश्नोई और बिसोदिया गैंग से ताल्लुक रखते हैं। साथ ही बरामद विक्की का पासपोर्ट सिंगापुर से बना हुआ है। अंकित और विक्की दोनों कई बार विदेश जा भी चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

अंकित के सिर पर फोड़ी थी बियर की बोतल... इसी की थी रंजिश
एसपी ने बताया कि वारदात को पांच लोगों ने अंजाम दिया है। हत्यारों से पूछताछ में अब तक सामने आया कि बीते 16 दिसंबर को अंकित नरवाल और आशू नैन के बीच किसी बात को लेकर झगड़ा हो गया था। इस दौरान आशू नैन ने अंकित के सिर पर बियर की बोतल फोड़ दी। इसके अलावा मारे गए दो छात्र अजय और विनीत भी लड़ाई-झगड़े में शामिल थे। इसी बात को लेकर इनमें रंजिश चल रही थी। इसके बाद पांच लोगों ने मिलकर दोनों को गोलियों से भून दिया। वारदात के बाद सभी मुंबई, अहमदाबाद, राजस्थान, समेत अन्य राज्यों में छिपते रह्रे जबकि पुलिस अभी दो हत्यारों की तलाश में जुटी हुई है।

पीयू में दाखिला लेने वाला था अंकित
पुलिस जांच में सामने आया कि अंकित नरवाल हाल ही में बारहवीं की परीक्षा पास की है और वह पंजाब यूनिवर्सिटी में दाखिला लेने वाला था। जबकि सुनील पानीपत से बीए कर चुका है। वहीं विक्की उर्फ कालिया दसवीं पास है और वह पानीपत पुलिस का आर्म्स एक्ट केस में भगोड़ा घोषित है। पुलिस जांच में बरामद कार अंबाला निवासी मेवा लाल के नाम रजिस्टर्ड है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed