चंडीगढ़: महिला कांस्टेबल और डॉक्टर समेत छह पॉजिटिव मिले, कोरोना को मात देकर दो मरीज घर लौटे
- महिला कांस्टेबल के संपर्क में आने वाली 12 कांस्टेबल क्वारंटीन, सैंपल भी लिए गए
- छह में से तीन संक्रमित बापूधाम के, चंडीगढ़ में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या- 187
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कोरोना वायरस अब पुलिस विभाग तक पहुंच गया है। मंगलवार को महिला कांस्टेबल और जीएमएसएच-16 के डॉक्टर समेत 6 लोग कोरोना से संक्रमित पाए गए। संक्रमित मिले छह लोगों में तीन अकेले बापूधाम के हैं, जबकि एक मरीज पुलिस लाइन, एक धनास और एक सेक्टर-16 का है। कांस्टेबल के संक्रमित होने से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। उसकी ड्यूटी सेक्टर-26 सब्जी मंडी में लगी हुई थी।
कोरोना पॉजिटिव महिला कांस्टेबल सेक्टर-26 पुलिस लाइन आरटीसी (रिक्रूटमेंट ट्रेनिंग सेंटर) में तैनात है। लेडी कांस्टेबल के संपर्क में आने वाली 12 अन्य महिला कांस्टेबलों को क्वारंटीन कर उनके सैंपल लिए गए हैं। मंगलवार को मिले मरीजों के बाद चंडीगढ़ में कुल पॉजिटिव मरीजों की संख्या 187 हो गई है।
इससे पहले सोमवार को महज दो केस आये थे। दोनों ही मामले बापूधाम से बाहर के थे। इस पर प्रशासन ने राहत की सांस ली थी लेकिन अगले ही दिन बापूधाम से फिर 3 नए मरीज मिलने से चिंता बढ़ गई है। बापूधाम में अब तक कुल 118 पॉजिटिव केस मिल चुके हैं। मंगलवार को सामने आए 6 मामले में से बापूधाम में जो तीन मरीज मिले हैं वो एक ही परिवार के हैं। उनमें 35 और 33 साल की दो महिलाएं जबकि साढ़े तीन साल की एक बच्ची शामिल है।
वहीं, सेक्टर-16 का 30 वर्षीय पॉजिटव मरीज जीएमएसएच-16 में डॉक्टर है। वह पिछले दिनों अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती हल्लोमाजरा निवासी कोरोना पॉजिटिव मरीज के संपर्क में आया था, जिसकी 6 मई को आईसीयू में इलाज के दौरान मौत हो गई थी।
वहीं, धनास कच्ची कॉलोनी के एक 44 साल के पुरुष में कोरोना की पुष्टि हुई है। शहर में अब तक कोरोना के 2276 संदिग्ध मरीज मिल चुके हैं। उनमें से 2069 की कोरोना टेस्ट निगेटिव आई है। कोरोना को मात देकर अब तक 30 मरीज घर जा चुके हैं। वहीं 3 कोरोना पॉजिटिव मरीजों की मौत हो चुकी है।
यूटी पुलिस में पहला केस, महिला कांस्टेबल के संपर्क में आने वालों की तलाश शुरू
यूटी पुलिस में पहला कोरोना पॉजिटिव मामला सामने आने पर महकमे में हड़कंप मच गया है। पुलिस जांच में सामने आया कि महिला कांस्टेबल की ड्यूटी सेक्टर-26 सब्जी मंडी में नगर निगम के एक्सईएन के साथ लगी हुई थी। टीम में अन्य 5 लोग और भी शामिल थे। हाल में हुई 520 नए पुलिस भर्ती में उक्त महिला कांस्टेबल की ज्वाइनिंग हुई थी। वह सेक्टर- 26 पुलिस लाइन में रहती है।
बीते रविवार को सर्दी जुकाम के लक्षण दिखने पर उसका कोरोना सैंपल लिया गया था। इसके बाद मंगलवार सुबह रिपोर्ट पॉजिटिव आ गई। वहीं पुलिस आला अधिकारियों का कहना है कि महिला कांस्टेबल के संपर्क में आने वाले लोगों की डिटेल खंगाली जा रही है। सेक्टर-26 पुलिस लाइन आरटीसी (रिक्यूरमेंट ट्रेनिंग सेंटर) की बैरक में करीब 250 पुलिसकर्मी रह रहे हैं।
पुलिस जांच में सामने आया कि बैरक के कमरा नंबर दो से 11 और एक अन्य महिला कांस्टेबल पॉजिटिव कांस्टेबल के संपर्क में थी। इसके बाद 12 महिला कांस्टेबलों का जीएमएसएच-16 में कोरोना सैंपल लेकर कर उन्हें क्वारंटीन कर दिया गया है।
उधर, आरटीसी में पहला मामला सामने आने पर पुलिस महकमा हरकत में आ गया और आनन-फानन में अलग-अलग बैरक व कमरों को सैनिटाइज किया गया। इसके अलावा सभी को दस्ताने और मास्क दिए गए। वहीं अब हर आने-जाने वाले पुलिकर्मी की स्क्रीनिंग की जा रही है।
पहले 5 पुलिसकर्मियों की रिपोर्ट आई थी निगेटिव
बता दें कि इससे पहले 5 पुलिस कर्मियों की कोरोना रिपोर्ट निगेटिव आई थी। वहीं शहर के अलग विंग के करीब 25 पुलिसकर्मियों को क्वारंटीन किया जा चुका है। पुलिस विभाग ने सारंगपुर आईआरबी में क्वारंटीन करने की पूरी व्यवस्था बनाई है। इसके अलावा पुलिसकर्मियों के शहर से बाहर जाने या छुट्टी के बाद ड्यूटी पर वापस लौटने पर भी क्वारंटीन किया जा रहा है।
बता दें कि बापूधाम को कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है, बावजूद इसके कुछ दिन पहले कई पुलिसकर्मी बिना सुरक्षा उपकरण के कालोनी में पहुंचे हुए थे। पुलिसकर्मी के पास न तो दस्ताने थे और न ही उन्होंने पीपीई किट पहन रखी थी। मामला संज्ञान में आने के बाद एक महिला पुलिसकर्मी को क्वारंटीन भी किया गया था।
कोरोना पॉजिटिव आने पर पुलिस लाइन में पहले से भी ज्यादा सावधानी बरती जा रही है। आरटीसी के सभी हिस्सों को सैनिटाइज भी किया गया है। इसके अलावा कांस्टेबल के संपर्क में आने वाली अन्य महिला कांस्टेबल का भी कोरोना सैंपल लेकर क्वारंटीन किया गया है।
- मनोज कुमार मीणा, एसपी हेडक्वार्टर चंडीगढ़
कोरोना को मात देकर और दो मरीज लौटे घर
बापूधाम निवासी नर्सिंग स्टाफ के संपर्क में आने से मौलीजागरां निवासी युवक 25 अप्रैल को संक्रमित हुआ था। वहीं, महिला डॉक्टर भी अस्पताल में ही 28 अप्रैल को संक्रमित हुई थी। इन दो मरीजों के ठीक होने के साथ ही अब शहर में ठीक होकर घर जाने वालों की संख्या 30 हो गई है। सोमवार को भी चार मरीज ठीक होकर घर लौटे थे।
कोरोना पर जीत दर्ज करने वाले इन दोनों मरीजों का कहना है कि संक्रमण के दौरान मानसिक तनाव पर नियंत्रण रखना ज्यादा जरूरी है, क्योंकि उस वक्त शारीरिक पीड़ा से ज्यादा मानसिक तनाव कष्टकारी होता है। डिस्चार्ज के दौरान मरीजों को पीजीआई के अधिकारियों ने गुलदस्ता भेंट कर शुभकामनाएं दीं।
आईएसबीटी-17 में शिफ्ट अस्थाई सब्जी मंडी में पहले ही दिन मिला कोरोना सदिग्ध
सेक्टर-17 स्थित आईएसबीटी (अंतरराज्यीय बस टर्मिनल) में शिफ्ट अस्थाई सब्जी मंडी में पहले ही दिन एक कोरोना संदिग्ध के मिलने से हड़कंप मच गया। मेडिकल जांच में उक्त व्यक्ति का तापमान 103 डिग्री दर्ज किया गया। इसके बाद आनन-फानन में मेडिकल टीम और पुलिस ने एंबुलेंस के जरिए कोरोना संदिग्ध को सेक्टर-16 स्थित जीएमएसएच अस्पताल पहुंचाया।
उधर, मार्केट कमेटी के कर्मचारियों और आढ़तियों में दहशत पैदा हो गई। पूरे दिन मंडी में इसी मुद्दे को लेकर चर्चा होती रही। बता दें कि बापूधाम में बढ़ते कोरोना संक्रमण पर काबू पाने के लिए यूटी प्रशासन ने सेक्टर-26 से सब्जी मंडी को सेक्टर-17 स्थित आईएसबीटी में शिफ्ट कर दिया है। मंगलवार को आईएसबीटी में मंडी का पहला दिन था। इसी बीच मंडी में मौजूद एक व्यक्ति की तबीयत बिगड़ गई।
आढ़तियों की सूचना पर मेडिकल टीम और चंडीगढ़ पुलिस के जवान मौके पर पहुंचे और संदिग्ध को बाकी लोगों से दूर कर अपनी सुरक्षा में ले लिया। मेडिकल टीम ने जब व्यक्ति का तापमान जांचा तो उसे 103 मिलने पर मंडी में हड़कंप मच गया। उच्चाधिकारियों को सूचना देने के बाद एंबुलेंस मंगाकर संदिग्ध को सेक्टर-16 अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसे भर्ती कर लिया गया है। हालांकि सूचना के बावजूद एंबुलेंस एक घंटे की देरी से पहुंची।
अधिकारियों ने बताया कि मंडी परिसर में तीन बजे के बाद किसी वाहन की एंट्री नहीं होगी। इसके बाद पूरे परिसर को सैनिटाइज किया जाएगा। मार्केट कमेटी के सचिव जरनैल सिंह मावी ने बताया कि तड़के तीन बजे तक काम के बाद नई अस्थायी मंडी में किसी भी वाहन की एंट्री नहीं की जाएगी। इसके बाद पूरे मंडी परिसर को सैनिटाइज किया जाएगा। सभी गेटों पर मंडी में प्रवेश करने वाले लोगों का तापमान चेक करने के बाद ही एंट्री दी जाएगी।
संदिग्ध मंडी में करता है चाय की सप्लाई
संदिग्ध मंडी में बैठने वाले चाय वाले के पास काम करता था। जहां से वह आधी मंडी में चाय की सप्लाई करता है। कभी-कभी वह लेबर के रूप में भी काम करता है। लोगों ने बताया कि पिछले पांच साल से वह सेक्टर-26 की मंडी में रह रहा है, मंडी शिफ्ट होने के साथ ही वह भी आईएसबीटी मंडी में पहुंच गया। व्यक्ति में कोरोना के लक्षण मिलने के बाद चंडीगढ़ पुलिस ने चाय वाले को नई अस्थायी मंडी से भगा दिया है। हालांकि कुछ आढ़तियों ने इसका विरोध किया कि चाय वाले का भी परीक्षण किया जाना चाहिए।