पुलवामा आतंकी हमले पर बोले नवजोत सिंह सिद्धू, कुछ लोगों के लिए पूरे देश को दोषी नहीं ठहरा सकते
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पुलवामा आतंकी हमले के बाद पूरे देश में रोष है। इस घटना से कैबिनेट मंत्री नवजोत सिद्धू की स्थिति अजीब हो गई। एक तरफ देश, तो दूसरी तरफ हमले के लिए जिम्मेदार पाक के पीएम और उनके दोस्त इमरान खान। सिद्धू ने हमले की कड़ी निंदा की, पर दोस्ती भी निभाई। किसी का नाम लिए बगैर उन्होंने कहा कि कुछ लोगों के लिए पूरे देश या व्यक्तियों को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता।
विधानसभा परिसर में मीडिया से बातचीत के दौरान सिद्धू ने कहा कि पुलवामा हमला एक निंदनीय और कायरतापूर्ण कार्य है। इसके लिए जो भी जिम्मेदार है, उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। कभी भी जान लेना कोई हल नहीं हो सकता। आतंकवाद का न कोई मजहब होता है, न कोई जात होती है, न ही कोई पार्टी, न देश। मैं इस घटना की कड़ी निंदा करता हूं। लेकिन उन्होंने इस सवाल का जवाब नहीं दिया कि क्या इस घटना का दोनों देशों के बीच चल रही शांति प्रक्रिया पर कोई असर पड़ेगा।
सीएम ने कमर बाजवा को दी चुनौती
उन्होंने कहा कि हर देश, संस्था में अच्छे और बुरे लोग होते हैं। बुरे लोगों को सजा दी जानी चाहिए। लेकिन कुछ लोगों के लिए किसी व्यक्तियों को दोष नहीं दिया जा सकता। सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने जहां खुल कर इमरान और पाक सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा पर हमला बोला। सिद्धू ने दोनों में से किसी का नाम नहीं लिया।
गौरतलब है कि इमरान खान के शपथ ग्रहण में गए सिद्धू की पाक सेना प्रमुख जनरल कमर जावेद बाजवा के साथ जफ्फी के चलते पंजाब से लेकर दिल्ली तक लोगों की भौंहें तन गई थीं। सीएम ने भी कह दिया था कि जिस बाजवा के इशारे पर रोज हमारे फौजी शहीद हो रहे हैं, सिद्धू को उससे गले नहीं मिलना चाहिए था। बाद में जब पाक ने करतारपुर कॉरिडोर खोलने का प्रस्ताव दिया और भारत सरकार ने भी हामी भरी, तब जाकर समीकरण बदले थे। लंबे समय तक लोगों के निशाने पर रहे सिद्धू को ही आखिर करतारपुर साहिब कॉरिडोर का क्रेडिट मिला।