पंजाब विधानसभा चुनाव: कांग्रेस ने टिकट आवेदन प्रक्रिया शुरू की, 10 हजार रुपये देना होगा शुल्क, 20 दिसंबर अंतिम तारीख
पंजाब कांग्रेस ने टिकट आवेदन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। टिकट पाने के इच्छुक दावेदार 20 दिसंबर तक आवेदन कर सकते हैं। कांग्रेस भवन में फार्म मिलेगा। दावेदार को 10 हजार रुपये का भुगतान भी करना होगा।
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पंजाब में कांग्रेस पूरी तरह से चुनावी मोड में आ गई है। पार्टी ने टिकट के दावेदारों के लिए आवेदन प्रक्रिया गुरुवार से शुरू कर दी है। टिकट के इच्छुक दावेदार 10 हजार रुपये आवेदन शुल्क देकर प्रक्रिया में शामिल हो सकते हैं। आवेदन की अंतिम तिथि 20 दिसंबर तय की गई है। उम्मीदवारों पर अंतिम फैसला कांग्रेस की स्क्रीनिंग कमेटी लेगी।
कांग्रेस महासचिव योगेंद्र पाल ढींगरा ने बताया कि सभी विधानसभा क्षेत्रों से आने वाले आवेदनों को सूबे की स्क्रीनिंग कमेटी के समक्ष रखा जाएगा। बाद में कमेटी के सदस्य इसमें योग्य उम्मीदवारों का चयन कर केंद्रीय स्क्रीनिंग कमेटी को भेजेंगे। जहां से दावेदारों के नामों पर अंतिम फैसला किया जाएगा। महासचिव ने बताया कि कांग्रेस उन्हीं दावेदारों को टिकट देगी, जिन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान जनता के बीच जाकर काम किया होगा।
उन्होंने कहा कि टिकट के इच्छुक दावेदार कांग्रेस भवन से फार्म लेकर भरकर जमा करवा सकते हैं। उन्होंने बताया कि कांग्रेस की गुरुवार को होने वाली स्क्रीनिंग कमेटी की बैठक को टाल दिया गया है। इसकी वजह मुख्यमंत्री चरणजीत चन्नी और पंजाब कांग्रेस प्रधान नवजोत सिद्धू का देरी से पहुंचना बताया गया है। अब यह बैठक शुक्रवार को सुबह 11 बजे होगी, कमेटी की बैठक तीन दिन तक आयोजित की जाएगी। जो भी आवेदनकर्ता हैं वह पंजाब भवन में होने वाली बैठक के दौरान स्क्रीनिंग कमेटी के सदस्यों से मुलाकात कर सकते हैं।
केंद्रीय स्क्रीनिंग कमेटी करेगी टिकटों पर अंतिम फैसला
कांग्रेस चुनाव समिति की पहली बैठक में टिकट वितरण के सभी अधिकार केंद्रीय स्क्रीनिंग कमेटी को दिए जने का फैसला लिया गया है। नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि टिकट उसी को मिलेगा, जो योग्य होगा। बैठक में मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और कैंपेन कमेटी के चेयरमैन सुनील जाखड़ भी मौजूद रहे।
चुनाव समिति की बैठक में टिकटों को लेकर चर्चा के साथ ही चुनाव की व्यापक रणनीति बनाई गई। सिद्धू ने बैठक के बाद कहा कि पंजाब में जुगाड़ नीति नहीं चलेगी, जो भी काम होगा नीतिबद्ध तरीके से किया जाएगा। उन्होंने किसान मजदूर और पल्लेदारों की समस्याओं को गंभीरता से पूरा करने की बात कही।
एमएसपी की सिद्धू ने वकालत
बैठक से पहले कांग्रेस प्रधान नवजोत सिंह सिद्धू ने ट्वीट कर फसलों पर दी जाने वाली एमएसपी की वकालत की। उन्होंने कहा कि पंजाब की अर्थव्यवस्था का उत्थान पंजाब की किसानी से ही संभव है। किसानों की आय बढ़ाने के वह हमेशा से ही पक्षधर रहे हैं। केंद्र सरकार को एमएसपी को वैध बनाना चाहिए।
कैप्टन के करीबी सोढ़ी रहे नदारद
पंजाब चुनाव समिति की इस अहम बैठक से कैप्टन के बेहद करीबी राणा सोढ़ी नदारद रहे। उनकी गैर मौजूदगी को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। यह भी कयास लगाए जा रहे हैं कि राणा सोढ़ी जल्द ही पंजाब चुनाव समिति से इस्तीफा दे सकते हैं।
चीमा के भी बिगड़े बोल
सुल्तानपुर से कांग्रेस विधायक नवतेज सिंह चीमा के भी बोल बिगड़ गए। उन्होंने टिकट आवंटन से पहले बयान देते हुए कहा कि पार्टी को काली भेड़ों की पहचान करनी होगी। पार्टी की पीठ में छुरा घोंपने वालों के लिए कांग्रेस में कोई जगह नहीं होनी चाहिए। चीमा ने कहा कि अब तक गंदी राजनीति करने वाले नेताओं के कारण ही पार्टी को नुकसान हो रहा था।