{"_id":"a9177a441b021570a993a628505290d3","slug":"computer-teacher-written-blood-letter-to-chief-minister-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कंप्यूटर शिक्षकों ने खून से लिखे मुख्यमंत्री को पत्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कंप्यूटर शिक्षकों ने खून से लिखे मुख्यमंत्री को पत्र
ब्यूरो/अमर उजाला, पंचकूला।
Updated Fri, 31 Jul 2015 12:21 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंचकूला सेक्टर-5 स्थित धरना स्थल पर लंबे समय से आंदोलनरत कंप्यूटर शिक्षकों ने अपनी मांगें पूरी न होने पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को इच्छा मृत्यु के लिए अपने खून से पत्र लिखा है।
विज्ञापन
अनशन पर बैठे शिक्षकों का कहना है कि जब सरकार पढ़े लिखे युवाओं को रोजगार नहीं दे सकती तो इच्छा मृत्यु के लिए स्वीकृति दे। अपने खून से शिक्षक जब पत्र लिख रहे थे, सभी की आंखें नम थीं।
विज्ञापन
वहीं, वीरवार शाम पांच बजे सीएम के ओएसडी जवाहर यादव ने बातचीत के लिए कंप्यूटर शिक्षकों के प्रतिनिधिमंडल को बुलाया। प्रधान बलराम धीमान ने बताया कि बैठक करीब दो घंटे तक चली जिसमें विस्तार से बात की गई, जो कुछ हद तक सकारात्मक रही। मगर पूरी तरह से सहमती नहीं बन पाई है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि सरकार की तरफ से शिक्षकों को शिक्षा विभाग के माध्यम से रखा जाएगा या फिर डीसी रेट पर भी टीचर्स की भर्ती हो सकती है। मगर यह आदेश कब तक जारी होंगे, इस बारे में सहमती नहीं बन पाई है। शुक्रवार को फिर बातचीत के लिए बुलाया गया है। तब तक अनशन और धरना जारी रहेगा।
कंप्यूटर शिक्षक अपनी मांगों को लेकर पिछले 15 दिनों से सेक्टर-5 में अनशन पर बैठे हैं। अपनी जान को जोखिम में डाले रजिया सुलतान ने नम आंखों से कहा कि कभी सोचा न था कि सरकार इतनी अमानवीय हो सकती है। उसने कहा कि जनहित के नाम पर नारे लगाने वाली सरकार युवाओं की जिंदगी के साथ खेल रही है। शिक्षकों की लगातार गिरती सेहत को लेकर शिक्षकों और पुलिस प्रशासन में पिछले दो दिन से काफी तनातनी का माहौल दिखा। धरने के आसपास भारी मात्रा में पुलिस बल तैनात किया गया।