{"_id":"5820a7bc4f1c1bf67eb37fd5","slug":"cm-parkash-singh-badal-on-syl-issue","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"SYL मामले पर फिर बोले सीएम, कहा- इंसाफ चाहिए, अहसान नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
SYL मामले पर फिर बोले सीएम, कहा- इंसाफ चाहिए, अहसान नहीं
ब्यूरो/अमर उजाला, फतेहगढ़ साहिब
Updated Mon, 07 Nov 2016 09:41 PM IST
विज्ञापन
मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल ने संगत दर्शन के पहले दिन जिले के गांव मुल्लेपुर, जखवाली, चनारथल कलां, संगतपुर सोढियां, सानीपुर में करीब 72 गांवों के लोगों की समस्याएं सुनीं और पंचायतों को चेक बांटे। गांव जख्वाली में पत्रकारों से बातचीत में सीएम ने कहा कि यदि पंजाब के दरियाओं का बाकी पानी भी पंजाब से छीन लिया गया तो यहां की जमीन तो बंजर होगी ही बल्कि किसानों और बाकी पंजाबियों को भयानक संकट का सामना भी करना पड़ेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दरियाई पानी के मुद्दे पर पंजाब किसी का अहसान नहीं मांगता। हम सभी इंसाफ चाहते हैं। ऐसे मामलों के फैसलों के लिए पुख्ता पैमाने मौजूद हैं। इस को रिपेरियन सिद्धांत के तौर पर जाना जाता है। इसके मुताबिक जिन मुल्कों या सूबों में से दरिया बहता हो, उस पानी पर सिर्फ उस सूबे या मुल्क का ही अधिकार होता है। हम भी यह मांग कर रहे हैं। बादल ने कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रवानित रिपेरियन सिद्धांत के अलावा पंजाब कुछ भी स्वीकृत नहीं करेगा।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री ने कहा कि दरियाई पानी के मुद्दे पर पंजाब किसी का अहसान नहीं मांगता। हम सभी इंसाफ चाहते हैं। ऐसे मामलों के फैसलों के लिए पुख्ता पैमाने मौजूद हैं। इस को रिपेरियन सिद्धांत के तौर पर जाना जाता है। इसके मुताबिक जिन मुल्कों या सूबों में से दरिया बहता हो, उस पानी पर सिर्फ उस सूबे या मुल्क का ही अधिकार होता है। हम भी यह मांग कर रहे हैं। बादल ने कहा कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रवानित रिपेरियन सिद्धांत के अलावा पंजाब कुछ भी स्वीकृत नहीं करेगा।
विज्ञापन
सरबत खालसा को पुलिस रोक रही है, सरकार नहीं : बादल
सीएम ने कहा कि सूबे में अमन-शांति कायम रखने के लिए सूबा सरकार वचनबद्ध है। 10 नवंबर को सिख जत्थेबंदियों द्वारा बुलाए जाने वाले सरबत खालसा पर बादल ने कहा कि सूबे में अमन-शांति और भाईचारक सांझ को कायम रखना सरकार की जिम्मेदारी है। सूबा सरकार सारी स्थिति पर सख्त नजर रखे है। वहीं उन्होंने कहा कि अगर कहीं सरबत खालसा को रोका जा रहा है तो उसे सरकार नहीं बल्कि पुलिस रोक रही है।
दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने के लिए पंजाब पर लगाए जा रहे आरोपों पर बादल ने कहा कि इससे पंजाब का कोई भी संबंध नहीं है। दिल्ली सरकार सभी मोर्चों पर बुरी तरह फेल हो गई है और वह अपनी, नाकामियों का ठीकरा दूसरों के सिर फोड़ना चाहती है। जो मुख्यमंत्री अपने राज्य की समस्याओं का निपटारा नहीं कर सकता, उसे सत्ता में बने रहने का कोई हक नहीं है।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को अपनी नाकामियों के लिए मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना चाहिए। इस मौके पर उनके साथ प्रमुख सचिव डॉ. एस करन राजू, डीसी कमलदीप सिंह संघा, जिला पुलिस प्रमुख हरचरन सिंह भुल्लर, हलका इंचार्ज दीदार सिंह भट्टी, अमलोह हलका इंचार्ज गुरप्रीत सिंह राजू खन्ना, शिअद वरिष्ठ उपाध्यक्ष स्वर्ण सिंह चनारथल, जिलाध्यक्ष रणजीत सिंह लिबड़ा, जत्थेदार करनैल सिंह पंजोली, जिला परिषद् चेयरमैन बलजीत सिंह भुट्टा, यूथ अकाली दल कोर कमेटी सदस्य गुरविन्दर सिंह भट्टी समेत कई पंच-सरपंच मौजूद थे।
दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने के लिए पंजाब पर लगाए जा रहे आरोपों पर बादल ने कहा कि इससे पंजाब का कोई भी संबंध नहीं है। दिल्ली सरकार सभी मोर्चों पर बुरी तरह फेल हो गई है और वह अपनी, नाकामियों का ठीकरा दूसरों के सिर फोड़ना चाहती है। जो मुख्यमंत्री अपने राज्य की समस्याओं का निपटारा नहीं कर सकता, उसे सत्ता में बने रहने का कोई हक नहीं है।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को अपनी नाकामियों के लिए मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देना चाहिए। इस मौके पर उनके साथ प्रमुख सचिव डॉ. एस करन राजू, डीसी कमलदीप सिंह संघा, जिला पुलिस प्रमुख हरचरन सिंह भुल्लर, हलका इंचार्ज दीदार सिंह भट्टी, अमलोह हलका इंचार्ज गुरप्रीत सिंह राजू खन्ना, शिअद वरिष्ठ उपाध्यक्ष स्वर्ण सिंह चनारथल, जिलाध्यक्ष रणजीत सिंह लिबड़ा, जत्थेदार करनैल सिंह पंजोली, जिला परिषद् चेयरमैन बलजीत सिंह भुट्टा, यूथ अकाली दल कोर कमेटी सदस्य गुरविन्दर सिंह भट्टी समेत कई पंच-सरपंच मौजूद थे।